Homeदेश-समाजअखिलेश यादव की सरकार में मंत्री रहे गायत्री प्रजापति को गैंगरेप में उम्रकैद, ₹2...

अखिलेश यादव की सरकार में मंत्री रहे गायत्री प्रजापति को गैंगरेप में उम्रकैद, ₹2 लाख जुर्माना

गायत्री प्रजापति के साथ मामले के अन्य दोषी आशीष शुक्ला और अशोक तिवारी को भी उम्रकैद की सजा दी गई है। तीनों दोषियों पर 2-2 लाख रुपए का आर्थिक जुर्माना भी लगाया गया है।

समाजवादी पार्टी की सरकार में परिवहन, खनन और सिंचाई जैसे महत्वपूर्ण विभागों में मंत्री का दायित्व संभालने वाले गायत्री प्रसाद प्रजापति को चित्रकूट के चर्चित गैंगरेप मामले में एमपी एमएलए स्पेशल कोर्ट ने उम्रकैद की सजा सुनाई है। प्रजापति के साथ मामले के अन्य दोषी आशीष शुक्ला और अशोक तिवारी को भी उम्रकैद की सजा दी गई है। तीनों दोषियों पर 2-2 लाख रुपए का आर्थिक जुर्माना भी लगाया गया है।

इससे पहले पूर्व मंत्री को लखनऊ की एक अदालत ने 10 नवंबर को सामूहिक बलात्कार का दोषी करार दिया था। चित्रकूट की एक महिला से गैंगरेप के मामले में लखनऊ के एमपी एमएलए स्पेशल कोर्ट ने उन्हें दोषी पाया था। उनके साथ साथी अशोक तिवारी और आशीष शुक्ला को भी इस मामले में दोषी पाए गए थे। वहीं दूसरी तरफ विकास वर्मा, रूपेश्वर, अमरेंद्र सिंह, पिंटू और चंद्रपाल को कोर्ट ने बरी कर दिया था।

बता दें कि गायत्री प्रसाद प्रजापति पर एक महिला ने आरोप लगाया था कि जब वो पूर्व मंत्री से उनके आपस पर मिलने पहुँची थीं तो नशा देकर उनकी नाबालिग बेटी के साथ गैंगरेप किया गया। साथ ही किसी को बताने पर जान से मरने की धमकी भी दी। पॉक्सो एक्ट के तहत केस दर्ज हुआ और 824 पन्नों की चार्जशीट दायर की गई थी। बाद में कोर्ट की सुनवाई के समय 17 गवाह और पुलिस की चार्जशीट के आधार पर गायत्री प्रजापति को दोषी पाया गया

Join OpIndia's official WhatsApp channel

  सहयोग करें  

'द वायर' जैसे राष्ट्रवादी विचारधारा के विरोधी वेबसाइट्स को कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

12 वर्ष पहले गोरखनाथ पीठ के पीठाधीश्वर, फिर देश के सबसे बड़े सूबे के CM: जनता तक पहुँच और समस्याओं पर तत्काल प्रतिक्रिया –...

योगी आदित्यनाथ की गोरखनाथ पीठाधीश्वर से उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री तक की यात्रा, विरासत को आगे बढ़ाने से लेकर विकसित होते UP की पूरी कहानी।

अखिलेश सरकार में हुए 62+ हत्याओं को याद करा रहा ‘न भूले थे, न भूले हैं, न भूलेंगे’ पोस्टर: मुजफ्फरनगर दंगों की बरसी पर...

मुजफ्फरनगर दंगों की बरसी पर उत्तर प्रदेश के कई शहरों में ‘न भूले थे, न भूले हैं, न भूलेंगे’ लिखे पोस्टर लगा गए हैं। इन पोस्टर्स ने 2013 की उस भयावह हिंसा की याद फिर ताजा कर दी है।
- विज्ञापन -