Homeदेश-समाजरिक्शा खरीदने के लिए सास-ससुर ने नहीं दिए ₹40,000, बीवी को दिया तीन तलाक

रिक्शा खरीदने के लिए सास-ससुर ने नहीं दिए ₹40,000, बीवी को दिया तीन तलाक

तीन तलाक का यह मामला इस पर रोक से जुड़ा बिल लोकसभा में पास होने के अगले ही दिन सामने आया है।

गुजरात के सूरत में दहेज़ में 40,000 रुपए नहीं मिलने पर एक व्यक्ति ने अपनी बीवी को तीन तलाक़ दे दिया। पीड़ित मुस्लिम महिला के मुताबिक उसका पति रिक्शा खरीदने के लिए उसके मॉं-बाप से 40 हजार रुपए मॉंग रहा था। मॉं-बाप पैसे नहीं दे पाए तो पति ने उसे तीन तलाक दे दिया।

रिपोर्टों के मुताबिक पीड़िता को तलाक़ उस दिन दिया गया जिस दिन उसकी माँ को गुजरे 40 दिन पूरे हुए। महिला ने बताया कि परिवार के सामने ही पति ने उसे तीन तलाक दिया।

वरिष्ठ पुलिस अधिकारी पीएल चौधरी ने बताया कि पीड़िता ने चौक बाजार थाने में शिकायत दर्ज कराई है।उन्होंने बताया, “महिला के मुताबिक ससुराल वाले उसे शारीरिक और मानसिक रूप से प्रताड़ित करते थे। पति ने रिक्शा खरीदने के लिए 40 हजार रुपए दहेज में लाने को कहा था। पैसा नहीं मिलने पर पति ने जान से मारने की धमकी दी और तीन तलाक देकर उसे घर से निकाल दिया।”

तीन तलाक का यह मामला इस पर रोक से जुड़ा बिल लोकसभा में पास होने के अगले ही दिन सामने आया है। विपक्ष के विरोध के बावजूद गुरुवार (25 जुलाई) को लोकसभा में तीन तलाक़ बिल पास हुआ था। बिल के पक्ष में 303, जबकि विरोध में 82 वोट पड़े थे।

Join OpIndia's official WhatsApp channel

  सहयोग करें  

'द वायर' जैसे राष्ट्रवादी विचारधारा के विरोधी वेबसाइट्स को कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

40 दिनों में 70 बार राम मंदिर चढ़ावे की चोरी, CCTV कैमरों में रिकॉर्ड: जानिए SIT ने अपनी रिपोर्ट में क्या क्या बताया, OpIndia...

अयोध्या राम मंदिर चढ़ावा मामले में SIT की रिपोर्ट में चोरी, लापरवाही और FIR की सिफारिश का खुलासा, जबकि दान गायब होने के दावे झूठे पाए गए।

इंडोनेशिया के प्रम्बानन मंदिर के संरक्षण में मदद करेगी भारत सरकार, कई देशों के हिंदू मंदिरों को देती रही है मदद: समझिए इन सभी...

इंडोनेशिया के प्रम्बानन से कंबोडिया, वियतनाम, लाओस, बांग्लादेश, श्रीलंका और बहरीन तक भारत हिंदू मंदिरों को सहेजने में अहम भूमिका निभा रहा है।
- विज्ञापन -