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‘न मुस्लिमों के लिए कुछ किया न हिन्दुओं के लिए करूँगा’, PM मोदी ने ऐसा क्यों कहा?

पीएम मोदी ने अपने साक्षात्कार में यह संदेश देने की पूरी कोशिश की है कि वो कभी हिन्दू और दूसरे समुदाय में कोई भेद नहीं रखते और शासन का यह काम बिल्कुल नहीं होना चाहिए कि वो देश को जाति और वर्ग में बाँटे। केंद्र सरकार अपने मूल मंत्र सबका साथ, सबका विकास के तहत काम कर रही है और आगे भी करती रहेगी।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एबीपी को दिए एक्सक्लूसिव इंटरव्यू में कई महत्वपूर्ण बातें की इसमें उन्होंने हिन्दुस्तान के मुस्लिमो से अपने रिश्ते के एक सवाल के जवाब में कहा कि केंद्र की जितनी भी लाभकारी योजनाएँ चल रही हैं वो सभी सबका साथ, सबका विकास के मंत्र पर चल रही हैं।

ख़बर के अनुसार, पीएम मोदी ने कहा कि मुस्लिमों की स्थिति के आकलन के लिए सच्चर कमेटी गठित की गई थी, उस वक़्त वे गुजरात के मुख्यमंत्री थे, इसके बाद जब सच्चर कमेटी गुजरात पहुँची तो पीएम मोदी से सवाल पूछा गया कि उन्होंने उस समय मुस्लिमों के लिए क्या किया? इसके जवाब में पीएम मोदी ने स्पष्ट तौर पर कहा कि गुजरात के मुस्लिमों के लिए कुछ नहीं किया और न ही कुछ करेंगे, इसके साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि उन्होंने हिन्दुओं के लिए भी कुछ नहीं किया और न ही कुछ करेंगे।

अपनी इस बात पर प्रधानमंत्री मोदी ने आगे कहा कि उनके द्वारा सच्चर कमेटी को बताया गया कि उनकी सरकार का लक्ष्य गुजरात के एक-एक परिवार के लिए योजना बनाना है। एक-एक परिवार का विकास करने के लिए उनकी सरकार योजनाएँ बनाती है। उन्होंने इस बात पर भी ज़ोर दिया कि कोई भी योजना किसी जाति विशेष के लिए नहीं बननी चाहिए।

पीएम मोदी ने अपने साक्षात्कार में यह संदेश देने की पूरी कोशिश की है कि वो कभी हिन्दू और दूसरे समुदाय में कोई भेद नहीं रखते और शासन का यह काम बिल्कुल नहीं होना चाहिए कि वो देश को जाति और वर्ग में बाँटे। इसीलिए केंद्र सरकार अपने मूल मंत्र सबका साथ, सबका विकास के तहत काम कर रही है और आगे भी करती रहेगी।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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