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हुबली हिंसा: एक और AIMIM नेता चढ़ा कर्नाटक पुलिस के हत्थे, अब तक 138 आरोपित गिरफ्तार

इससे पहले शनिवार को हुबली-धरवाड़ नगर निगम पार्षद नजीर अहमद को कर्नाटक पुलिस ने पकड़ा था। वह भी AIMIM पार्टी नेता है जिसके तार 16 अप्रैल 2022 को पुलिस थाने पर हुई पत्थरबाजी से जुड़े मिले हैं।

कर्नाटक के हुबली में हुई पिछले दिनों हुई हिंसा के बाद अब राज्य पुलिस ने इस केस में असदुद्दीन ओवैसी की पार्टी AIMIM के एक और नेता दादापीर बेटगेरी को गिरफ्तार किया है। ये हिंसा पुरानी हुबली पुलिस थाने पर हुई पत्थरबाजी के बाद शुरू हुई थी। पुलिस ने अब तक इस केस में 138 लोगों को गिरफ्तार कर लिया है।

बता दें कि इससे पहले शनिवार को हुबली-धारवाड़ नगर निगम पार्षद नजीर अहमद को कर्नाटक पुलिस ने पकड़ा था। वह भी AIMIM पार्टी नेता है जिसके तार 16 अप्रैल 2022 को पुलिस थाने पर हुई पत्थरबाजी से जुड़े मिले हैं। उससे पहले इसी पार्टी के एक और पार्षद हुसैनबी नलवतवाड़ के पति इरफान को पकड़ा गया था। इनके अलावा इस केस की जाँच के दौरान रजा अकादमी का भी नाम सामने आया है। संदेह है कि 16 अप्रैल को जो हिंसा भड़की उसमें इस संगठन की भूमिका हो सकती है।

उल्लेखनीय है कि 16 अप्रैल 2022 को एक व्हाट्सएप स्टेटस को लेकर 200 इस्लामियों ने पुराने हुबली पुलिस स्टेशन पर हमला कर दिया था। साथ ही उसी से लगे अस्पताल और पथराव किया गया था। जिसके बाद पुलिस निरीक्षक जगदीश की शिकायत पर मुस्लिम भीड़ के खिलाफ केस दर्ज हुआ था। पूरे मामले में अब तक 138 लोगों को गिरफ्तार किया जा चुका है।

रिपोर्ट्स के मुताबिक, दादापीर और नजीम अहमद के अलावा इस केस में एक और AIMIM नेता का नाम है। ये नाम मौलाना वसीम का है। आरोप है कि वसीम ने पहले हुबली की एक दरगाह पर उन्मादी भाषण दिया और इसके बाद उसने पुलिस स्टेशन के बाहर भी यही किया।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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