केरल राज्य फिल्म पुरस्कारों की 55वीं घोषणा सोमवार (3 नवंबर 2025) को हुई, जिसमें रैपर हीरंदास मुरली ‘वेदन’ को सर्वश्रेष्ठ गीतकार (Best Lyricist) का पुरस्कार दिया गया। इस फैसले का सोशल मीडिया पर विरोध तेज हो गया है।
इस पुरस्कार का चयन जिस ज्यूरी ने किया, उसकी अध्यक्षता विवादित और हिंदू-विरोधी बयानों के लिए चर्चित अभिनेता प्रकाश राज ने की। वेदन को यह सम्मान फिल्म ‘मंजुम्मेल बॉयज’ के गीत ‘कुथंत्रम’ के लिए मिला है।
लेकिन उस पर बलात्कार और यौन शोषण के कई गंभीर आरोप हैं। मेडिकल छात्रा रही पीड़िता ने आरोप लगाया कि वेदन ने वित्तीय शोषण किया और कोच्चि व कोझिकोड में उसके साथ कई बार दुष्कर्म किया।
इन आरोपों के चलते अब लोगों ने पुरस्कार की नैतिकता और वैधता पर सवाल उठाए हैं, खासकर इसलिए क्योंकि पहले ऐसे मामलों में आरोपित कलाकारों को चयन प्रक्रिया से बाहर रखा जाता था।
प्रकाश राज ने इस फैसले का बचाव करते हुए कहा कि समिति वेदन के गीतों में झलकती ऊर्जा और संघर्ष को अनदेखा नहीं कर सकती थी। उन्होंने कहा, “वेदन का संगीत आज की पीढ़ी की आवाज है। रैप विद्रोह और जज़्बे की आधुनिक अभिव्यक्ति है और उसे पहचान मिलनी चाहिए।”
इस बार की ज्यूरी में निर्देशक रंजन प्रमोद, जिबू जैकब, स्क्रीनराइटर संतोष एचिक्कनम, साउंड डिजाइनर नितिन लूकोस, प्लेबैक सिंगर गायत्री अशोकन और एक्ट्रेस व डबिंग आर्टिस्ट भाग्यलक्ष्मी शामिल थीं।
इस फैसले के बाद सोशल मीडिया पर लोगों का गुस्सा फूट पड़ा। कई यूजर्स ने राज्य सरकार और प्रकाश राज दोनों पर सवाल उठाते हुए नाराजगी जताई। लोगों ने पूछा कि जब राज्य की नीति के अनुसार किसी भी आपराधिक आरोप वाले व्यक्ति को पुरस्कार की दौड़ से बाहर रखा जाता है, तो फिर वेदन को नामांकित ही क्यों किया गया? नेटिजन्स ने इस निर्णय को पक्षपाती और अनैतिक बताते हुए कहा कि इससे पुरस्कारों की विश्वसनीयता पर सवाल उठता है।
Why was Vedan considered for awards? Thought it was state policy to exclude those who are accused in crime.
— Nikhil Muraleedharan (@nikhilmuraleed9) November 3, 2025
I mean wasn't that one of the reasons #Kammarasambhavam was sidelined!??
Just saying!#KeralaStateFilmAwards
एक अन्य यूजर ने राज्य सरकार की आलोचना करते हुए कहा कि वेदन को कोर्ट के फैसले से पहले ही सम्मान देना गलत संदेश देता है। उसने यह भी पूछा कि इस मामले में महिला अधिकारों की बात करने वाली फेमिनिस्ट कार्यकर्ता चुप क्यों हैं। यूजर का कहना था कि सरकार का यह कदम न्याय प्रक्रिया और महिलाओं की सुरक्षा के प्रति लापरवाही दर्शाता है।
Shame on the Kerala Government for giving #KeralaFilmsStateAwards2025 to Vedan.
— Biju Vaisyathil (@Biju_Vaisyathil) November 3, 2025
What message are you sending to society by giving him the Best Lyricist award before a court verdict in his cases? Why are feminists silent on this? pic.twitter.com/vgNSWCwWKl
एक यूजर ने दोहरा मापदंड (हिपोक्रेसी) पर सवाल उठाते हुए कहा कि जब मलयालम फिल्म इंडस्ट्री की कई महिलाओं ने यौन शोषण के आरोपी वैरामुथु को सम्मान देने का विरोध किया था, तो फिर अब वेदन को पुरस्कार देने पर किसी ने प्रकाश राज से सवाल क्यों नहीं किया। यूजर ने कहा कि दोनों पर समान आरोप हैं, लेकिन इस बार सब चुप हैं, जो स्पष्ट पक्षपात दिखाता है।
While many Women in Malayalam cinema questioned awarding Vairamuthu (accused of sexual harassment), no one questioned jury chairman Prakash Raj for awarding Vedan, who faces similar accusations from several women. pic.twitter.com/dpuMDQfPda
— SETHU (@KodappullySethu) November 4, 2025
एक व्यक्ति ने कहा कि कई महिलाओं के यौन शोषण से जुड़े आपराधिक मामले लंबित होने के बावजूद वेदान को सम्मान देना एक खतरनाक उदाहरण है। उसने नाराज़गी जताते हुए लिखा, “केरल सरकार को शर्म आनी चाहिए।”
Shame on Kerala Govt! Honoring rapper Vedan with Best Lyricist award at State Film Awards despite pending criminal cases from sexual allegations by multiple women? Apology or not, this sets a dangerous precedent. Credibility zero pic.twitter.com/ZAXjchcmrq
— Harish (@harish3912) November 4, 2025
एक यूजर ने लिखा कि रेप और एमडीएमए रखने के आरोप में हाल ही में गिरफ्तार रैपर वेदान को सर्वश्रेष्ठ गीतकार का पुरस्कार मिला, जबकि हिजाब पहनने वाली मुस्लिम अभिनेत्री को अपनी पहली फिल्म के लिए सर्वश्रेष्ठ अभिनेत्री का सम्मान दिया गया। यूजर ने आरोप लगाया कि इन पुरस्कारों में प्रतिभा से ज्यादा वामपंथी राजनीति का असर दिख रहा है।
Best Actress: Shamla Hamsa- a Muslim woman, always seen in hijab, wins for her first-ever film
— നചികേതസ് (@nach1keta) November 3, 2025
Best Songwriter: Vedan- a rapper recently arrested for rape & possession of MDMA
These are this year’s Kerala State Film Awards — courtesy CPM Govt.
Politics over merit, yet again !! pic.twitter.com/qN365TFuZ3
कॉन्ग्रेस सांसद हिबी ईडन ने खुलकर रैपर वेदान का समर्थन किया, जबकि कई लोगों ने इस पर कड़ी नाराजगी और असहमति जताई। उनका कहना था कि यह फैसला समाज को गलत संदेश देता है। साथ ही, महिला संगठनों और फेमिनिस्ट समूहों पर भी आरोप लगाया गया कि वे इस मुद्दे पर जानबूझकर चुप्पी साधे हुए हैं।
वेदान का विवादास्पद इतिहास गंभीर आरोपों से जुड़ा है
पुलिस शिकायत के अनुसार, एक महिला ने रैपर वेदन पर 2021 से 2023 के बीच शादी का झांसा देकर यौन शोषण करने का आरोप लगाया। कोच्चि पुलिस ने बताया, “विशेष पूछताछ के बाद उसकी गिरफ्तारी दर्ज की गई है। हमारे पास डिजिटल सबूत भी हैं जो आरोपों की पुष्टि करते हैं।”
मामला एक महिला डॉक्टर की शिकायत से शुरू हुआ, जिसने कहा कि वेदन ने दोस्ती का नाटक किया, संबंध बनाए और फिर दो साल में पाँच बार शादी का वादा करके उसका यौन शोषण किया। उसने यह भी बताया कि वेदान ने गीत रिलीज करने के नाम पर उससे पैसे भी लिए।
वेदन कई हफ्तों तक पुलिस से बचता रहा, जिसके बाद देश छोड़ने से रोकने के लिए लुकआउट नोटिस जारी किया गया। उसके खिलाफ दो और महिलाओं ने भी ऐसे ही आरोप लगाए।
पहली महिला ने बताया कि वह संगीत पर शोध के दौरान वेदान से मिली थी, जिसने होटल में उसके साथ गलत हरकत की, जिससे वह मानसिक आघात के कारण अपना काम छोड़ने को मजबूर हुई। दूसरी महिला ने कहा कि वह अपने दोस्त के घर वेदान से मिली थी और उसके संगीत व राजनीतिक विचारों से प्रभावित होकर करीब आई, लेकिन बाद में वेदन ने कई बार उसका यौन शोषण किया।
इन सभी शिकायतों की कॉपी मुख्यमंत्री पिनाराई विजयन को ईमेल के जरिए भेजी गई। आरोपों के अनुसार, पहली घटना 2020 में और दूसरी 2021 में हुई थी। इसके अलावा, अप्रैल 2025 में वेदान को कोच्चि के वायटिला इलाके से गांजा रखने के आरोप में गिरफ्तार किया गया। हिल पैलेस पुलिस की छापेमारी में लगभग 6 ग्राम गांजा बरामद हुआ।
पुलिस ने बताया कि वेदन ने ड्रग्स लेने की बात कबूल की है और मामूली मात्रा होने के कारण उसे स्टेशन बेल पर छोड़ा गया। सितंबर में पुलिस ने चार्जशीट अदालत में दाखिल की। एर्नाकुलम वन विभाग ने भी उसे बाघ के दाँत का लॉकेट पहनने के मामले में पकड़ा, जिसके लिए उसे दो दिन की न्यायिक हिरासत में भेजा गया और कोडनाड मलयाटूर डिविजनल फॉरेस्ट ऑफिस में पूछताछ की गई।
इसके अलावा, पलक्काड नगर परिषद की सदस्य वी एस मिनीमोल ने उस पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का अपमान करने और जातीय भेदभाव फैलाने के आरोप में शिकायत दर्ज कराई। उन्होंने कहा, “वेदन ने प्रधानमंत्री के खिलाफ आपत्तिजनक और असत्य बयान दिए हैं, जो देश के सर्वोच्च संवैधानिक पद की गरिमा को ठेस पहुँचाते हैं।”
वेदन ने 2020 में अपना करियर ‘वॉइस ऑफ द वॉइसलेस’ एल्बम से शुरू किया था और वह एंटी-कास्ट (जातिवाद विरोधी) रैप्स के लिए जाना गया। उसने कई स्वतंत्र गाने और फिल्मी गीत बनाए।
दिलचस्प बात यह है कि पुरस्कारों की घोषणा कुछ ही दिन बाद हुई, जब केरल हाईकोर्ट ने उसकी अग्रिम जमानत की शर्तें ढीली कीं, जिससे उसे विदेश में प्रदर्शन की अनुमति मिल गई। थ्रिक्कक्कारा पुलिस ने इस मामले में अंतिम रिपोर्ट भी जमा कर दी है। गौरतलब है कि हाल के समय में मलयालम फिल्म इंडस्ट्री (मॉलीवुड) में बलात्कार और यौन शोषण के गंभीर आरोपों ने पूरे उद्योग को हिला कर रख दिया है।
(यह रिपोर्ट मूल रूप से अंग्रेजी में रुक्मा राठौर ने लिखी है जिसको पढ़ने के लिए इस लिंक पर क्लिक करे)


