Homeदेश-समाज'घुस के मारो सालों को': बंगाल में मुस्लिम भीड़ ने राम की पूजा कर...

‘घुस के मारो सालों को’: बंगाल में मुस्लिम भीड़ ने राम की पूजा कर रहे हिंदुओं को बनाया निशाना, देखें Video

बीजेपी समेत कई हिंदू संगठनों ने कोलकाता में अलग-अलग जगहों पर पूजा का आयोजन किया था। इनमें से कई पूजा स्थलों पर मुस्लिम भीड़ ने हमला किया। इस काम में पुलिस भी उनका साथ दे रही थी।

5 अगस्त को अयोध्या में राम मंदिर का ऐतिहासिक भूमि पूजन हुआ। इस मौके पर भी पश्चिम बंगाल में हिंसा की घटनाएँ सामने आई। धीरे-धीरे कर इन हिंसक घटनाओं से जुड़ी कई जानकारी सामने आ रही है। ये घटनाएँ तब हुई जब राज्य सरकार ने 5 अगस्त को पूरे प्रदेश में लॉकडाउन लगा रखा था।

प्रदेश के खड़गपुर में अलग-अलग जगहों पर पूजा का आयोजन किया गया था। इन्हें पुलिस वालों ने जबरन रुकवाया था। ख़बरों के मुताबिक़ पुलिस ने मंदिरों में पूजा कर रहे लोगों को घसीटकर बाहर निकाला। लाठी चार्ज किया और मंदिरों को भी नुकसान पहुँचाया।

अब जो जानकारी सामने आ रही है उससे पता चलता है कि ऐसा केवल पुलिस ने ही नहीं किया। मुस्लिम समुदाय के लोगों ने भी भारी संख्या में मंदिरों में घुस कर हिंदुओं को पूजा करने से रोका था।   

बीजेपी समेत कई हिंदू संगठनों ने कोलकाता में अलग-अलग जगहों पर पूजा का आयोजन किया था। इनमें से कई पूजा स्थलों पर मुस्लिम भीड़ ने हमला किया। इस काम में पुलिस भी उनका साथ दे रही थी। कोलकाता का रज़ा बाज़ार मुस्लिम बाहुल्य इलाका है। यहाँ मुस्लिम समुदाय के लोगों ने राम के नाम पर आयोजित की गई हर पूजा को निशाना बनाया।

मुस्लिम समुदाय के लोगों ने भगवा झंडे पर भी गुस्सा जताया और हटाने की हरसंभव कोशिश की। वीडियो में साफ़ तौर पर देखा जा सकता है एक हिंदू ने अपनी दुकान के सामने भगवा झंडा लगा रखा है। इस वजह से एक मुस्लिम उससे विवाद कर रहा है। वीडियो में मुस्लिम व्यक्ति का भगवा झंडे को लेकर घृणा साफ नजर आ रहा है।

जवाब में जब हिंदू व्यक्ति ने कहा कि यह क्षेत्र किसी एक व्यक्ति का नहीं है, तब मुस्लिम ने धमकाते हुए कहा पूरा भारत मेरा है। इसके बाद उसने भगवा झंडा जलाने की धमकी तक दे डाली। इसके कुछ ही समय बाद मौके पर मुस्लिमों की भीड़ इकट्ठा हुई। इसकी वजह से दोनों समुदायों के बीच विवाद शुरू हुआ।   

रज़ा बाज़ार इलाके के दूसरे वीडियो में देखा जा सकता है मुस्लिमों की भीड़ भगवा झंडे उतारने में जुट जाती है। वीडियो में बेहद साफ़ तौर पर यह भी सुनाई देता है, जब एक आदमी कहता है- उतारो-उतारो सब को (झंडे)। इसके बाद दूसरा व्यक्ति कहता है-घुस के मारो सालों को। 

रज़ा बाज़ार के नरकेलदंगा इलाके में भी मुस्लिम समुदाय द्वारा उपद्रव की घटनाएँ नज़र आई। मुस्लिम इस बात पर आपत्ति जताते हुए देखे जा सकते हैं कि हिंदू राम की पूजा कर रहे हैं और राम के नारे लगा रहे हैं। पूजा रोकने के लिए मुस्लिमों ने रास्ते तक जाम कर दिए थे। घटनास्थल पर दंगे जैसे हालात होने के पहले पुलिस आ गई और स्थिति को नियंत्रण में किया।

जहाँ एक तरफ हिंदुओं पर 5 अगस्त के दिन राम मंदिर के नाम पर पूजा करके लॉकडाउन की अनदेखी का आरोप लगा। वहीं दूसरी तरफ मुस्लिम समुदाय के लोग अलग-अलग जगहों पर भारी संख्या में नज़र आए।   

सोशल मीडिया पर एक और वीडियो खूब चर्चा में रहा। इसमें साफ़ देखा जा सकता है कि मुस्लिम समुदाय के लोग पूजा रोक रहे हैं। वह इतने पर थमते नहीं हैं बल्कि नज़र आने वाले हर भगवा झंडे को फेंकते हैं। 5 अगस्त के दिन ममता बनर्जी की सरकार ने पश्चिम बंगाल में लॉकडाउन का ऐलान किया था।   

भाजपा सरकार ने इस सम्बन्ध में पश्चिम बंगाल सरकार से निवेदन भी किया था कि 5 अगस्त का लॉकडाउन किसी दूसरे दिन रखा जाए। लेकिन ममता बनर्जी ने भारतीय जनता पार्टी के कार्यकर्ताओं के इस आग्रह को ठुकरा दिया था।     

Join OpIndia's official WhatsApp channel

  सहयोग करें  

'द वायर' जैसे राष्ट्रवादी विचारधारा के विरोधी वेबसाइट्स को कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

बेचे जाने और लीज पर देने का अंतर भूल बैठे हैं अखिलेश यादव, JPNIC ‘बिक गया’ या सिर्फ लीज पर गया? सपा प्रमुख के...

JPNIC विवाद में अखिलेश यादव के ‘बेचने’ के आरोप की पड़ताल पर जानिए योगी सरकार का लीज मॉडल, CAG की आपत्तियां और 265 करोड़ से 865 करोड़ तक कैसे पहुँचा प्रोजेक्ट।

UP में तेजी से बढ़ रही है ‘गो-इकोनॉमी’, दूध के साथ-साथ गोमूत्र भी बन रहा है रोजगार का साधन: शैम्पू, साबुन और ऑर्गेनिक फर्टिलाइजर...

सवाल उनसे है जो गाय, गोबर और गौमूत्र का नाम सुनते ही मजाक बनाने लगते हैं- जब यही व्यवस्था किसान का खर्च घटाकर उसकी आय बढ़ा रही है और तो उपहास किस बात का है?
- विज्ञापन -