कालिंदी एक्सप्रेस विस्फोट स्थल पर मिला पत्र, PM मोदी की रैली में RDX से विस्फोट करने की थी योजना

हमले से एक दिन पहले विस्फोटकों को दिल्ली के आनंद विहार बस टर्मिनल पर सौंप दिया जाना था। पत्र के ऊपरी भाग पर 786 और शब्द "पैगाम" लिखा है।

बुधवार (21 फ़रवरी 2019) को कानपुर-भिवानी कालिंदी एक्सप्रेस में बम विस्फोट हुआ, जिसमें अभी तक किसी के हताहत होने की ख़बर नहीं मिली। लेकिन विस्फोट की जाँच करते समय सुरक्षा एजेंसियों को जैश-ए-मोहम्मद के संचालक द्वारा लिखा गया एक पत्र मिला है।


पत्र की शुरुआत में लिखा है कि मीटिंग कर इस बारे में सभी को अवगत कराया जा चुका है। उसके बाद लिखा है कि मोदी के मंच को बम से उड़ाना है।

सुरक्षा एजेंसियों को मिले इस पत्र में RDX के प्रयोग से रैली के दौरान पीएम मोदी पर एक सुनियोजित हमला करने की साज़िश का विवरण है। इस पत्र में शताब्दी एक्सप्रेस और दिल्ली-कानपुर मार्ग पर बने एक पुल पर हमला करने के बारे में भी लिखा है।

कालिंदी एक्सप्रेस ने शाम 5:30 बजे कानपुर सेंट्रल स्टेशन से भिवानी, हरियाणा की ओर यात्रा शुरू की। ट्रेन कानपुर से 40 किमी दूर, बर्राजपुर स्टेशन पर शाम करीब 6:40 बजे पहुँची। बम धमाका सामान्य डिब्बे के टॉयलेट में हुआ। राजकीय रेलवे पुलिस ने सबसे पहले विस्फोट की जानकारी दी और बाद में आतंकवाद निरोधी दस्ते ने जाँच अपने हाथों ली।

- विज्ञापन - - लेख आगे पढ़ें -

पत्र के मुताबिक कानपुर से 30 किमी दूर, 27 फरवरी को एक पुल पर एक विस्फोट होना निर्धारित किया गया था। फिर, डेढ़ किलो RDX का उपयोग करके, कानपुर-दिल्ली शताब्दी एक्सप्रेस पर हमला किया जाना था। हमले से एक दिन पहले विस्फोटकों को दिल्ली के आनंद विहार बस टर्मिनल पर सौंप दिया जाना था। पत्र के ऊपरी भाग पर 786 और शब्द “पैगाम” लिखा है।


पत्र के ऊपरी भाग पर 786 और शब्द “पैगाम” लिखा है

इसके बाद पत्र में आगामी पीएम मोदी की रैली का विवरण है, इस रैली के दौरान दो किलो RDX के इस्तेमाल से धमाका करने का मक़सद था। पत्र में इस बात का भी ज़िक्र है कि इन हमलों के लिए लगभग 5 करोड़ रुपये लगाए गए हैं।

पत्र के अलावा एजेंसियों को एक डायरी भी मिली है, इसमें कानपुर के मक्कड़पुर शहर के निवासियों के कई गुप्त कोड और नाम दर्ज हैं। फ़िलहाल, एजेंसियों द्वारा इन गुप्त ​​कोडों को क्रैक करने का प्रयास किया जा रहा है। इसके अलावा घटना स्थल पर आधा किलो माँस से भरा बैग भी बरामद किया गया।

SSP अनंत देव तिवारी के मुताबिक, पत्र और डायरी की जाँच हो रही है और मामले को गंभीरता से लिया गया है। ट्रेन विस्फोट के गुर्गों का पता लगाने के लिए एक अलग टीम का गठन भी किया गया है। अपराधियों की धर-पकड़ के लिए जाँच एजेंसियाँ ​​सीसीटीवी कैमरों की मदद ले रही हैं।

शेयर करें, मदद करें:
Support OpIndia by paying for content

यू-ट्यूब से

ये पढ़ना का भूलें

लिबरल गिरोह दोबारा सक्रिय, EVM पर लगातार फैला रहा है अफवाह, EC दे रही करारा जवाब

ज़्यादा पढ़ी गईं ख़बरें

जाकिर मूसा

वर्तमान गर्लफ्रेंड से मिलने गया था Alt News का ‘अलगाववादी’ जाकिर मूसा, भूतपूर्व गर्लफ्रेंड ने मरवा दिया

जाकिर मूसा कुत्ते की मौत मरने से पहले एनकाउंटर वाले दिन अपनी दूसरी प्रेमिका से मिलने आया था और यही बात उसकी पहली प्रेमिका को पसंद नहीं आई। इसी वजह से भूतपूर्व प्रेमिका ने जज्बाती होकर सुरक्षाबलों से मुखबिरी कर दी और मूसा कुत्ते की मौत मारा गया।

गुजरात के 20 बच्चों की हत्या हुई है, ज़िम्मेदारी भाजपा सरकार की है, एलियन्स की नहीं

क्या सही में ज़िम्मेदार सरकारी अफ़सरों पर इन बच्चों की हत्या का मुकदमा चलेगा? क्या विभाग के मंत्री पर ग़ैर-इरादतन हत्या का केस चलेगा? या फिर सिस्टम के सबसे निचले कर्मचारी को महीने भर के लिए निलंबित कर पल्ला झाड़ लिया जाएगा?

जब सोनिया ने राहुल से कहा, ऐसे छोटे-मोटे चुनावी हार को दिल पर नहीं लेते!

सोनिया जी गँभीरता से बोलीं, “लोग कहते हैं राहुल को इस्तीफ़ा देना चाहिए।” चिदम्बरम बोले, “हम क्या मर गए हैं?” “तो आप दे रहे हैं इस्तीफ़ा?”
दि प्रिंट और दीपक कल्लाल

सेक्स ही सेक्स… भाई साहब आप देखते किधर हैं, दि प्रिंट का सेक्सी आर्टिकल इधर है

बढ़ते कम्पटीशन के दौर में सर्वाइवल और नाम का भार ढोते इन पोर्टलों के पास नग्नता और वैचारिक नकारात्मकता के अलावा फर्जीवाड़ा और सेक्स ही बचता है जिसे हर तरह की जनता पढ़ती है। लल्लनपॉट यूनिवर्सिटी से समाज शास्त्र में पीएचडी करने वाले ही ऐसा लिख सकते हैं।

लिबरल गिरोह, जले पर स्नेहलेप लगाओ, मोदी के भाषण पर पूर्वग्रहों का ज़हर मत डालो

उसी भविष्य में मत जाओ जहाँ तुमने 2014 की मई में कहा था कि अब तो सड़कों पर हिन्दू नंगी तलवारें लिए दौड़ेंगे, मुसलमानों को तो काट दिया जाएगा, गली-गली में दंगे होंगे, मस्जिदों का तोड़ दिया जाएगा, मुसलमानों की बस्तियों पर बम गिराए जाएँगे… और वैसा कुछ भी नहीं हुआ
रालोसपा, उपेंद्र कुशवाहा

‘खून बहाने’ की धमकी देने वाले कुशवाहा की पार्टी का अस्तित्व संकट में, सभी विधायक JDU में शामिल

नीतीश कुमार की जदयू ने इस लोकसभा चुनाव में 17 सीटों पर चुनाव लड़ा, जिनमें से उसे 16 पर जीत मिली। बिहार में राजग ने एक तरह से महागठबंधन का सफाया ही कर दिया। रालोसपा की स्थापना उपेंद्र कुशवाहा ने 2013 में जदयू से अलग होने के बाद की थी।
मुलायम सिंह यादव और अखिलेश यादव

पिता की बात मान लेते अखिलेश तो 5 सीटों पर नहीं सिमटना पड़ता

बसपा से गठबंधन होने के बाद सपा के पूर्व अध्यक्ष मुलायम सिंह यादव ने अपनी नाराज़गी जाहिर की थी। उनका कहना था कि उनके बेटे अखिलेश ने उनसे बिना पूछे ये कदम उठाया।

AltNews वालो, ज़ाकिर मूसा ‘अलगाववादी’ नहीं, आतंकी था जो इस्लामी ख़िलाफ़त चाहता था

एक आतंकवादी संगठन के सरगना को अलगाववादी नेता कहना न केवल भ्रम फैलाने जैसा है, बल्कि आतंकवादियों द्वारा मानवता पर किए गए क्रूर अत्याचारों पर पर्दा डालने के भी समान है, जो किसी अपराध से कम नहीं।
सुरेंद्र सिंह

अमेठी में स्मृति ईरानी के करीबी BJP कार्यकर्ता की गोली मारकर हत्या

पुलिस हत्या के पीछे की वजह का पता लगाने में जुटी है, मगर फिलहाल इसके पीछे की वजह चुनावी रंजिश को बताया जा रहा है, क्योंकि सुरेंद्र सिंह अमेठी से कॉन्ग्रेस अध्यक्ष राहुल गाँधी को शिकस्त देने वाली भाजपा नेता स्मृति इरानी के बेहद खास थे और स्मृति ईरानी के प्रचार में वो काफी सक्रियता से जुटे थे।
अखिलेश यादव

निराशाजनक हार के बाद टोंटी-चोर अखिलेश यादव की बड़ी कार्रवाई, सभी प्रवक्ताओं की हुई छुट्टी

लोकसभा चुनाव में न केवल जातीय गणित फेल हुआ है, बल्कि वंशवादी राजनीति को भी भारी झटका लगा है। राजनीतिक परिवार से आने वाले अधिकांश उम्मीदवारों को इस बार हार का सामना करना पड़ा है।

ताज़ा ख़बरें

हमसे जुड़ें

42,562फैंसलाइक करें
8,071फॉलोवर्सफॉलो करें
65,571सब्सक्राइबर्ससब्सक्राइब करें

ज़रूर पढ़ें

शेयर करें, मदद करें: