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कमलेश तिवारी के परिवार को मिलेगी सुरक्षा, बेटे को मिलेगा लाइसेंसी हथियार और सरकारी नौकरी

"48 घंटे के अंदर पूरे परिवार के लिए सुरक्षा बहाल की जाएगी। लखनऊ में इनके लिए घर की व्यवस्था की जाएगी। इन्हें सरकारी योजना के तहत आवास मुहैया कराया जाएगा।"

लखनऊ डिवीजन के कमिश्नर मुकेश मेश्राम ने शनिवार (अक्टूबर 19, 2019) को उत्तर प्रदेश के सीतापुर में कमलेश तिवारी के परिवार से मुलाकात की। उन्होंने मुलाकात के बाद मीडिया से बात करते हुए कहा कि कमलेश तिवारी के बड़े बेटे के लिए यूपी प्रशासन सरकारी नौकरी की अनुशंसा करेगी। साथ ही आत्मरक्षा के लिए उसे लाइसेंसी हथियार भी प्रदान किया जाएगा। उन्होंने बताया कि उन्हें उचित वित्तीय सहायता प्रदान किया जाएगा। इन सभी बातों पर एक समिति द्वारा विचार किया जा रहा है।

मुकेश मेश्राम ने बताया कि कमलेश तिवारी के रिश्तेदारों द्वारा की जा रही माँगों को स्वीकार कर लिया गया है। कमलेश के परिवार की सीएम योगी आदित्यनाथ के साथ मुलाकात तय कर दी गई है। बताया जा रहा है कि कमलेश का रविवार (अक्टूबर 20, 2019) की शाम को लखनऊ में सीएम योगी आदित्यनाथ से मुलाकात करेगा। अगले 48 घंटे के अंदर पूरे परिवार के लिए सुरक्षा बहाल की जाएगी। इसके साथ ही सरकार लखनऊ में इनके लिए घर की व्यवस्था करेगी। इन्हें सरकारी योजना के तहत आवास मुहैया कराया जाएगा।

गौरतलब है कि शुक्रवार (18 अक्टूबर) को लखनऊ में नाका क्षेत्र स्थित हिन्दू महासभा कार्यालय में कमलेश तिवारी को बदमाशों ने गला रेतकर व गोली मारकर हत्या कर दी थी थी। नृशंस हत्या की वारदात को अंजाम देकर हमलावर वहाँ से फ़रार हो गए थे। गंभीर हालत में तिवारी को ट्रामा सेंटर में भर्ती कराया गया, जहाँ इलाज के दौरान उनकी मृत्यु हो गई। 

डॉक्टरों ने बताया था कि कमलेश तिवारी का किसी धारदार हथियार से गला रेता गया। पुलिस का कहना था कि हत्या की वारदात को किसी परिचित ने अंजाम दिया है। घटना-स्थल से पुलिस ने रिवॉल्वर भी बरामद की थी। पुलिस ने इस मामले में कार्रवाई करते हुए सूरत के मौलाना मोहसिन शेख, फैजान पठान और राशिद अहमद को हिरासत में ले लिया है। इनसे पूछताछ की जा रही है।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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