Monday, June 17, 2024
Homeदेश-समाजयहाँ पेशाब मत करो - इसी बात पर हितेश को जलाकर मार डाला: फिरोज,...

यहाँ पेशाब मत करो – इसी बात पर हितेश को जलाकर मार डाला: फिरोज, कुरैशी, शेख, लंगड़ा सहित 5 पर FIR

फिरोज खान के 4 गुंडे साथी पेशाब का विरोध कर रहे एक और शख्स साहिल ललवानी को गाली देते हैं, कैलाश पाटिल के सर पर बियर की बोतल से वार करते हैं। फिर हितेश को एक गाड़ी में डालकर...

जगह महाराष्ट्र के पुणे की एक बार, नाम – कुणाल बार एवं रेस्तरां। समय रात के लगभग 2 बजे। हितेश मूलचंदानी अपने एक दोस्त के साथ इसी बार में होते हैं। तभी फिरोज खान नाम का शख्स शराब खरीदने इस बार में आता है। कुछ देर बाद खान बार के सामने ही पेशाब करने लगता है। उसकी इस बेहूदा हरकत पर हितेश मूलचंदानी, रोहित सुखेजा और कुछ अन्य दोस्त आपत्ति जताते हैं, और यह बहस से होते हुए झगड़े में बदल जाती है।

फिरोज खान के साथ 4 और भी लोग होते हैं। ये पाँचों साथ में मिलकर पहले तो हितेश मूलचंदानी के साथ दुर्व्यवहार करते हैं। फिर पेशाब का विरोध कर रहे एक और शख्स साहिल ललवानी को गाली देते हैं, कैलाश पाटिल के सर पर बियर की बोतल से वार करते हैं। लेकिन जब पाँचों को अहसास होता कि मामला हाथ से निकल जाएगा तो ये हितेश मूलचंदानी को सफेद रंग की एक कार में जबरन डाल कर (अगवा) अपने साथ ले जाते हैं। पुलिस को इसके बाद हितेश का जला हुआ शव बरामद होता है।

कुणाल बार एवं रेस्तरां के मालिक रोहित सुखेजा के दोस्त थे हितेश मूलचंदानी। इन्हीं रोहित सुखेजा ने मामले की शिकायत पुलिस में दर्ज कराई और पूरा वाकया उन्हें बताया। शिकायत दर्ज करने के बाद पिंपरी-चिंचवड़ पुलिस ने मूलचंदानी के जले हुए अवशेष को मंगलवार की सुबह पिंपरी चिंचवड़ नगर निगम (पीसीएमसी) के पास एक खुले मैदान से बरामद किया।

पुलिस ने इस मामले में शामिल पाँच लोगों में से एक व्यक्ति को हिरासत में ले लिया है। इन पाँचों की पहचान अमीन फिरोज खान, शाहबाज सेराज कुरैशी, अरबाज शेख, अक्षय संजय भोसले और लंगड़ा के रूप में हुई है। बाकी चार आरोपितों की तलाश में पुलिस जुटी हुई है।

इस मामले में धारा 302 (हत्या), 364 (अपहरण या हत्या के क्रम में अपहरण), 326 (स्वेच्छा से खतरनाक हथियारों से तकलीफ पहुँचाना), 504 (शांति भंग करने के इरादे से अपमान करना), 201 (साक्ष्य को मिटाना) और 34 (आम मकसद) के तहत FIR दर्ज किया गया है।

Special coverage by OpIndia on Ram Mandir in Ayodhya

  सहयोग करें  

एनडीटीवी हो या 'द वायर', इन्हें कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

बकरों के कटने से दिक्कत नहीं, दिवाली पर ‘राम-सीता बचाने नहीं आएँगे’ कह रही थी पत्रकार तनुश्री पांडे: वायर-प्रिंट में कर चुकी हैं काम,...

तनुश्री पांडे ने लिखा था, "राम-सीता तुम्हें प्रदूषण से बचाने के लिए नहीं आएँगे। अगली बार साफ़-स्वच्छ दिवाली मनाइए।" बकरीद पर बदल गए सुर।

पावागढ़ की पहाड़ी पर ध्वस्त हुईं तीर्थंकरों की जो प्रतिमाएँ, उन्हें फिर से करेंगे स्थापित: गुजरात के गृह मंत्री का आश्वासन, महाकाली मंदिर ने...

गुजरात के गृह मंत्री हर्ष संघवी ने कहा कि किसी भी ट्रस्ट, संस्था या व्यक्ति को अधिकार नहीं है कि इस पवित्र स्थल पर जैन तीर्थंकरों की ऐतिहासिक प्रतिमाओं को ध्वस्त करे।

प्रचलित ख़बरें

- विज्ञापन -