Homeदेश-समाजपालघर के शिवसेना सांसद पर यौन उत्पीड़न का केस, महिला ने कहा- 2004 से...

पालघर के शिवसेना सांसद पर यौन उत्पीड़न का केस, महिला ने कहा- 2004 से ही कर रहे हैं परेशान

गावित पालघर लोकसभा सीट से सांसद हैं। शिकायत में महिला ने कहा है कि वह 2004 से एक गैस एजेंसी में काम कर रही थी। कथित तौर पर यह एजेंसी गावित की ही है। महिला का दावा है कि गावित शुरुआत से उसे लालच देते हुए गलत हरकत करने का प्रयास करते थे। इससे बात नहीं बनने पर उन्होंने दबाव बनाना शुरू किया।

पालघर जिले की 38 साल की एक महिला ने शुक्रवार (11 दिसंबर 2020) को शिवसेना सांसद राजेंद्र गावित के खिलाफ यौन शोषण का मामला दर्ज कराया। महिला ने भारतीय दंड संहिता की धारा 354ए और 506 के तहत नया नगर थाने में सांसद के खिलाफ मामला दर्ज कराया है। पुलिस मामले की जाँच कर रही है।   

गावित पालघर लोकसभा सीट से सांसद हैं। शिकायत में महिला ने कहा है कि वह 2004 से एक गैस एजेंसी में काम कर रही थी। कथित तौर पर यह एजेंसी गावित की ही है। महिला का दावा है कि गावित शुरुआत से उसे लालच देते हुए गलत हरकत करने का प्रयास करते थे। इससे बात नहीं बनने पर उन्होंने दबाव बनाना शुरू किया। महिला ने विरोध किया तो नवंबर 2020 में गावित ने महिला के साथ सार्वजनिक रूप से अभद्र और आपत्तिजनक बर्ताव किया।  

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक़ सांसद गावित ने महिला के आरोपों को सिरे से खारिज किया है। उन्होंने कहा है, “इस मामले में कोई सच्चाई नहीं है। यह सिर्फ और सिर्फ उनकी छवि को खराब करने का प्रयास है।” सांसद का दावा है कि महिला ने रुपयों का गबन किया था जिसके बाद उसे नौकरी से निकाल दिया गया। अब वह इस बात का बदला लेने की कोशिश कर रही है।

गावित कई दलों में रह चुके हैं। वह सबसे पहले कॉन्ग्रेस से जुड़े। 2018 में भाजपा में शामिल हो गए। पालघर सीट पर हुए उपचुनाव में वे पार्टी के उम्मीदवार भी थे। 2019 में वे शिवसेना का हिस्सा बन गए। उन्होंने पार्टी के टिकट पर दोबारा चुनाव लड़ा और दोबारा पालघर से सांसद चुन कर आए।     

Join OpIndia's official WhatsApp channel

  सहयोग करें  

'द वायर' जैसे राष्ट्रवादी विचारधारा के विरोधी वेबसाइट्स को कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

भगवान राम का अपमान, आजादी के नारे और तिरंगे से बदसलूकी: कॉकरोचों को ये तक नहीं पता कि वे क्यों आए हैं, पढ़ें- CJP...

कॉकरोचों के प्रदर्शन में छात्रों के मुद्दे नहीं बल्कि आजादी के नारे, डफली गैंग, तिरंगे से बदसलूकी और हिंदू देवी-देवताओं का अपमान दिखा। पढ़ें रिपोर्ट।

तमिलनाडु में द्रविड़ राजनीति के ‘घृणा मॉडल’ को अन्नामलाई की चुनौती, पेरियार नहीं, कलाम हैं आदर्श: समझें- ‘We The Change’ से राष्ट्रवाद का शंखनाद...

अन्नामलाई ने कहा कि तमिल संस्कृति-भाषा पर गर्व और भारत माता के प्रति समर्पित रहना एक-दूसरे के विरोधी नहीं, बल्कि एक ही सिक्के के दो पहलू हैं।
- विज्ञापन -