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गुरुग्राम के बाद अब नोएडा में सार्वजनिक जगह पर नमाज पढ़ने को लेकर विवाद, पुलिस ने पार्क में जुटे सैकड़ों नमाजियों को लौटाया

पुलिस के प्रवक्ता पंकज कुमार ने बताया, ''जनपद में धारा-144 लागू है और सार्वजनिक स्थानों पर धार्मिक गतिविधियाँ आयोजित करने की अनुमति नहीं है।'' वहीं, मुस्लिम समाज एक पत्र दिखाता है, जिसमें उन्हें नोएडा अथॉरिटी द्वारा पार्क में नमाज पढ़ने की अनुमति देने का दावा किया जा रहा है।

दिल्ली-एनसीआर (Delhi- NCR) में मस्जिद की बजाए सार्वजनिक स्थानों पर नमाज पढ़ने के मामले बढ़ते ही जा रहे हैं। साथ ही इसको लेकर विवाद भी बढ़ रहा है। गुरुग्राम (Gurugram) के बाद अब नोएडा (Noida) में सार्वजनिक स्थान पर नमाज पढ़ने का मामला सामने आया है। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, नोएडा के सेक्टर-54 स्थित खरगोश पार्क में शुक्रवार (10 दिसंबर 2021) को जुमे (शुक्रवार) की नमाज अदा करने लिए पहुँचे सैकड़ों लोगों को पुलिस ने खदेड़ दिया।

पुलिस के प्रवक्ता पंकज कुमार ने बताया, ”जनपद में धारा-144 लागू है और सार्वजनिक स्थानों पर धार्मिक गतिविधियाँ आयोजित करने की अनुमति नहीं है।” उन्होंने बताया कि सेक्टर 54 स्थित खरगोश पार्क में सेक्टर 57, 58 59 और 60 की फैक्टरियों में काम करने वाले लोग नमाज पढ़ने आते थे। धीरे-धीरे ये संख्या बढ़कर अब हजारों में हो गई है। पुलिस ने खुले और सार्वजनिक स्थानों पर इस प्रकार की धार्मिक गतिविधियों पर रोक लगाते हुए मुस्लिमों को पार्क के पास बनी मजार या किसी मस्जिद में नमाज अदा करने के लिए कहा।

मालूम हो कि मुस्लिमों द्वारा वर्ष 2015 से यहाँ खुले में नमाज पढ़ी जा रही है। इसके लिए मुस्लिम समाज एक पत्र दिखाता है, जिसमें उन्हें नोएडा अथॉरिटी द्वारा पार्क में नमाज पढ़ने की अनुमति देने का दावा किया जा रहा है।

नोएडा अथॉरिटी का पत्र

बता दें कि इससे पहले गुरुग्राम में शुक्रवार (10 दिसंबर) को खुले में नमाज पढ़ने को लेकर विवादित स्थानों पर टकराव की स्थिति बन गई थी। मुख्यमंत्री मनोहरलाल खट्टर ने सख्त हिदायत देते हुए कहा था कि खुले में नमाज पढ़ने की प्रथा को कतई बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने कहा था कि खुले में नमाज किसी भी हाल में नहीं होना चाहिए। साथ ही उन्होंने पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों को पूरे मामले को शांतिपूर्ण ढंग से सुलझाने का निर्देश दिया था।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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