उत्तर प्रदेश के मेरठ में शुक्रवार (6 मार्च 2026) को उस समय तनाव फैल गया जब ब्रह्मपुरी थाना क्षेत्र के शारदा रोड पर एक मुस्लिम युवक हिंदू नाम की नेमप्लेट लगाकर कचौड़ी बेचता हुआ पकड़ा गया।
आरिफ नाम के इस शख्स ने अपनी रेहड़ी पर ‘राजू नानू’ लिखवा रखा था। मामले का खुलासा तब हुआ जब एक ग्राहक ने क्यूआर कोड (QR Code) के जरिए पैसे चुकाए और यूपीआई आईडी पर दुकानदार का असली नाम सामने आ गया।
UPI से खुला नाम का राज
जानकारी के अनुसार, जब ग्राहक ने पेमेंट किया तो उसे स्क्रीन पर आरिफ नाम दिखाई दिया, जबकि रेहड़ी पर हिंदू नाम लिखा था। इसकी सूचना बजरंग दल के पदाधिकारियों को दी गई।
मौके पर पहुँचे कार्यकर्ताओं ने जब दुकानदार से पूछताछ की, तो वह पहले काफी देर तक झूठ बोलता रहा कि उसका नाम राजू नानू ही है। हालाँकि, कड़ाई से पूछताछ करने पर उसने अपना असली नाम आरिफ स्वीकार कर लिया। इसके बाद कार्यकर्ताओं ने रेहड़ी से भ्रामक नेमप्लेट हटा दी और जमकर विरोध प्रदर्शन किया।
पुलिस थाने पर प्रदर्शन और जाँच
बजरंग दल के कार्यकर्ता किशनपुरी चौकी इंचार्ज की कार्रवाई से संतुष्ट नहीं थे, जिसके बाद महानगर संयोजक हिमांशु शर्मा के नेतृत्व में बड़ी संख्या में लोग ब्रह्मपुरी थाने पहुँचे और वहाँ धरना दिया।
कार्यकर्ताओं का आरोप है कि यह लोगों की धार्मिक भावनाओं और पहचान के साथ खिलवाड़ है। फिलहाल, पुलिस ने इस मामले में प्रारंभिक जांच शुरू कर दी है और इलाके में एहतियात के तौर पर नजर रखी जा रही है।

