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मुंबई कॉन्ग्रेस के पूर्व अध्यक्ष कृपाशंकर सिंह ने दिया इस्तीफा, Article-370 पर पार्टी के रुख से थे ख़फ़ा

3 सितंबर को जब कृपाशंकर ने अपने घर पर गणपति की स्थापना की थी तो दर्शन के लिए मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस और शिवसेना अध्यक्ष उद्धव ठाकरे कृपाशंकर के घर आए थे। ऐसे में सत्तारूढ़ दल के दो बड़े नेताओं का कॉन्ग्रेस के बड़े नेता के घर आना......

महाराष्ट्र में विधानसभा चुनाव से पहले कॉन्ग्रेस को बड़ा झटका लगा है। कॉन्ग्रेस के कद्दावर नेता और पूर्व गृहराज्यमंत्री कृपाशंकर सिंह ने मंगलवाार (सितंबर 10, 2019) को पार्टी से इस्तीफा दे दिया। कृपाशंकर ने महाराष्ट्र कॉन्ग्रेस अध्यक्ष मल्लिलकार्जुन खड़गे को अपना इस्तीफा सौंपा। मल्लिकार्जुन खड़गे महाराष्ट्र कॉन्ग्रेस प्रभारी हैं।

इस्तीफे की वजह बताते हुए कृपाशंकर सिंह ने कहा कि वह कश्मीर को लेकर कॉन्ग्रेस पार्टी के रुख से सहमत नहीं हैं। उन्होंने कहा, “मैंने कॉन्ग्रेस छोड़ दी है क्योंकि मैं जम्मू-कश्मीर में अनुच्छेद 370 हटाए जाने का विरोध करने संबंधी पार्टी के रूख से सहमत नहीं हूँ।” कृपाशंकर सिंह कॉन्ग्रेस की मुंबई इकाई के प्रमुख रह चुके हैं और वो 15 वर्षों तक कॉन्ग्रेस-एनसीपी गठबंधन सरकार में मंत्री भी रहे थे। 

बता दें कि, 3 सितंबर को जब कृपाशंकर ने अपने घर पर गणपति की स्थापना की थी तो दर्शन के लिए मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस और शिवसेना अध्यक्ष उद्धव ठाकरे कृपाशंकर के घर आए थे। ऐसे में सत्तारूढ़ दल के दो बड़े नेताओं का कॉन्ग्रेस के बड़े नेता के घर आना राजनीतिक गलियारे में चर्चा का विषय बन गया था। मंगलवार को कृपाशंकर के इस्तीफे ने इस चर्चा को और हवा दे दी है। हालाँकि, सिंह का कहना है कि उचित समय पर वो अपने राजनीतिक रुख का खुलासा करेंगे।

गौरतलब है कि, इससे पहले फिल्मों से राजनीति में आई उर्मिला मातोंडकर ने कॉन्ग्रेस से इस्तीफा दे दिया था। उर्मिला मातोंडकर लोकसभा चुनाव के समय कॉन्ग्रेस से जुड़ी थीं और उत्तरी मुंबई सीट से चुनाव लड़ा था। हालाँकि, उन्हें हार का सामना करना पड़ा था। उर्मिला ने पार्टी छोड़ने की वजह पार्टी के भीतर की तुच्छ राजनीति को बताया। उन्होंने इस्तीफा देते हुए कहा था, “मेरी राजनीतिक और सामाजिक संवेदनशीलता का एक बड़े लक्ष्य पर काम करने के बजाय मुंबई कॉन्ग्रेस में कुछ लोग आपसी लड़ाई के लिए इस्तेमाल कर रहे हैं।”

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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