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कुशवाहा के ख़ूनख़राबे वाले बयान के बाद सीताराम येचुरी ने दी क़ानून व्यवस्था बिगड़ने की धमकी

"अगर चुनाव की विश्वसनीयता बनाए रखने के लिए चुनावी प्रक्रिया इतने लम्बे समय तक खींची गई, तो चुनाव आयोग पहले सैम्पल को टेस्ट करने से इनकार क्यों कर रहा है?"

उपेंद्र कुशवाहा के बाद अब वामपंथी नेता सीताराम येचुरी ने भी इच्छित नतीजे न आने के बाद क़ानून व्यवस्था बिगड़ने की धमकी दी है। सीताराम येचुरी ने चुनाव आयोग पर निशाना साधते हुए कहा है कि वो सुप्रीम कोर्ट के आदेश के ख़िलाफ़ काम कर रहा है। दरअसल, चुनाव आयोग ने मतगणना की प्रक्रिया में किसी भी प्रकार का बदलाव करने से मना कर दिया। चुनाव आयोग द्वारा विपक्ष की माँगों को खारिज़ करते हुए मतगणना प्रक्रिया में बदलाव से इनकार करने के बाद वामपंथी नेता सीताराम येचुरी भड़क उठे और उन्होंने ट्वीट कर लिखा:

“यह चुनाव शुरू होने से पहले वीवीपैट को लेकर सुप्रीम कोर्ट द्वारा दिए गए निर्देशों के ख़िलाफ़ है। अगर चुनाव की विश्वसनीयता बनाए रखने के लिए चुनावी प्रक्रिया इतने लम्बे समय तक खींची गई, तो चुनाव आयोग पहले सैम्पल को टेस्ट करने से इनकार क्यों कर रहा है? वीवीपैट और ईवीएम पर्चियों का मिलान मतगणना शुरू होने से पहले की जानी चाहिए। ट्रेंड्स जारी हो जाने के बाद ये प्रकिया निष्फल हो जाएगी। इसके कारण प्रभावित उम्मीदवार विरोध प्रदर्शन करेंगे, जिसके कारण क़ानून व्यवस्था बिगड़ सकती है।”

सीताराम येचुरी की पार्टी सीपीएम ने भी चुनाव आयोग के निर्णय पर निराशा जताई है। बता दें कि विपक्ष की माँगों को सुप्रीम कोर्ट भी ठुकरा चुका है। वीवीपैट को लेकर एक एनजीओ द्वारा दाखिल किए गए पीआईएल पर सुनवाई करते हुए कोर्ट ने याचिकाकर्ताओं को फटकार लगाते हुए कहा था कि वे लोकतंत्र का मज़ाक बना रहे हैं। अदालत ने पहले कहा था कि प्रति विधानसभा पाँच पोलिंग बूथों के ईवीएम की वीवीपैट पर्चियों के साथ मिलान किया जाएगा। बाद में एनजीओ द्वारा दाखिल की गई याचिका को कोर्ट ने अनैतिक करार दिया। अदालत का मानना था कि जब उन्होंने फ़ैसला दे ही दिया, फिर इस तरह के पीआईएल दाखिल करने का औचित्य ही क्या है?

विपक्ष के नेताओं ने प्रतिनिधिमंडल बना कर चुनाव आयोग से मुलाक़ात की थी। इच्छित परिणाम न आने पर रालोसपा अध्यक्ष उपेंद्र कुशवाहा ने भी ख़ूनख़राबे की धमकी दी है। उपेंद्र कुशवाहा की इस धमकी पर केंद्रीय मंत्री रामविलास पासवान ने कहा कि जैसे को तैसा (Tit For Tat) जवाब दिया जाएगा। लोजपा सुप्रीमो पासवान ने कहा कि राजग के लोग भी तैयार हैं। ऐसा उन्होंने राजग के घटक दलों की बैठक के बाद केंद्रीय गृह मंत्री राजनाथ सिंह के साथ एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में हिस्सा लेते हुए कहा।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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