Saturday, October 16, 2021
Homeराजनीतिकॉन्ग्रेसी चाटुकार सैम पित्रोदा के लिए मोबाइल फोन चलाने वाला हर भारतीय बन्दर है

कॉन्ग्रेसी चाटुकार सैम पित्रोदा के लिए मोबाइल फोन चलाने वाला हर भारतीय बन्दर है

पित्रोदा ने हाल ही में 26/11 के मुंबई हमले को बड़ा न मानकर कम स्तर का आंकने की कोशिश की थी। इस हमले पर उन्होंने कहा था कि सिर्फ़ 8 लोग आए और कुछ किया, आप इसके लिए पूरे देश (पाकिस्तान) को दोष नहीं दे सकते।

कॉन्ग्रेस के क़रीबी सैम पित्रोदा आए दिन ऐसा कुछ ऐसा बोल देते हैं जिससे एक नया विवाद जन्म ले लेता है। कभी तो वो पुलवामा हमले के लिए पूरे पाकिस्तान को दोषी न ठहराने की पैरवी कर बैठते हैं, तो कभी मध्यम वर्ग को स्वार्थी न बन कर टैक्स जमा करने की नसीहत तक दे डालते हैं।

इसी कड़ी में एक बार फिर उन्होंने आपत्तिजनक शब्द कह दिए जिस पर हर भारतीय को आपत्ति होगी। उन्होंने कहा कि मोबाइल का इस्तेमाल करते भारतीय उन्हें बंदर जैसे दिखते हैं जो मोबाइल जैसे खिलौने के साथ खेलते रहते हैं।

रिपब्लिक टीवी द्वारा ट्विटर पर शेयर की गई एक वीडियो क्लिप में, राहुल गाँधी के शीर्ष सलाहकार और लंबे समय तक कॉन्गेस के वफ़ादार यह कहते हुए दिखाई देते हैं कि भारतीय, कनेक्टिविटी का प्रभावी ढंग से उपयोग नहीं कर रहे हैं।

पित्रोदा कहते हैं, “भारतीय, कनेक्टिविटी का प्रभावी ढंग से उपयोग नहीं कर रहे हैं। लेकिन आप जानते हैं कि यह आज की दुनिया है, यह एक नया खिलौना (मोबाइल) है। तो अचानक आपके पास मौजूद हर बंदर को एक नया खिलौना दे दिया जाता है और वे उस पर फ़िदा हो जाते हैं। वे नहीं जानते कि इसके साथ क्या करना है। मुझे लगता है कि यह पता लगाने में 5-10 साल लगेंगे कि आप इससे बहुत कुछ कर सकते हैं जितना आप अभी कर रहे हैं। आप जानते हैं, आज यह मनोरंजन है, गपशप झूठ है। झूठ सोशल मीडिया पर बढ़ जाता है।”

पित्रोदा की इस टिप्पणी पर सोशल मीडिया पर लोगों ने अपनी कड़ी प्रतिक्रिया दर्ज की।

पित्रोदा ने हाल ही में 26/11 के मुंबई हमले को बड़ा न मानकर कम स्तर का आँकने की कोशिश की थी। इस हमले पर उन्होंने कहा था कि सिर्फ़ 8 लोग आए और कुछ किया, आप इसके लिए पूरे देश (पाकिस्तान) को दोष नहीं दे सकते।

पित्रोदा ने हाल ही में राहुल गाँधी की प्रस्तावित NYAY योजना का बचाव करने की कोशिश की थी और यह भी कहा था कि भले ही करों को बढ़ाना होगा इसके लिए मध्यम वर्ग को स्वार्थी नहीं होना चाहिए और इसके उन्हें अपना दिल बड़ा करना होगा। उन्होंने कहा था कि गरीबों की मदद करने के लिए, मध्यम वर्ग को इस योजना को पूरा करने के लिए अधिक कर देने के लिए तैयार रहना चाहिए।

 

  सहयोग करें  

एनडीटीवी हो या 'द वायर', इन्हें कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

‘हम गुरु की फौज और आदि ग्रन्थ ही हमारा कानून, पुलिस से करेंगे किसानों की रक्षा’: हथियारबंद निहंगों को दलित की हत्या पर गर्व

हथियारबंद निहंग सिखों ने खुद को गुरू ग्रंथ साहिब की सेना बताया। साथ ही कहा कि गुरु की फौजें किसानों और पुलिस के बीच की दीवार हैं।

सरकारी नौकरी से निकाला गया सैयद अली शाह गिलानी का पोता, J&K में रिसर्च ऑफिसर बन कर बैठा था: आतंकियों के समर्थन का आरोप

अलगाववादी नेता रहे सैयद अली शाह गिलानी के पोते अनीस-उल-इस्लाम को जम्मू कश्मीर में सरकारी नौकरी से निकाल बाहर किया गया है।

प्रचलित ख़बरें

- विज्ञापन -

हमसे जुड़ें

295,307FansLike
129,004FollowersFollow
411,000SubscribersSubscribe