Tuesday, April 7, 2020
होम राजनीति गाज़ीपुर में माया-अखिलेश की रैली में भिड़े SP-BSP कार्यकर्ता, अफ़ज़ल अंसारी है उम्मीदवार

गाज़ीपुर में माया-अखिलेश की रैली में भिड़े SP-BSP कार्यकर्ता, अफ़ज़ल अंसारी है उम्मीदवार

भाषण से पहले हुई इस हाथापाई की शुरुआत किसी बात को लेकर झड़प से हुई। दोनों दलों के कार्यकर्ता अपनी-अपनी पार्टियों का झंडा लिए नारे लगा रहे थे। तभी अचानक से कहासुनी हुई और फिर मारपीट हो गई।

ये भी पढ़ें

ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

सपा-बसपा ने चुनाव से पहले गठबंधन किया और उत्तर प्रदेश में 6 चरणों का चुनाव संपन्न भी हो गया लेकिन रुझानों को देख कर ऐसा लगता नहीं कि दोनों पार्टियों के कार्यकर्ताओं के दिल मिले हैं। ताज़ा मामला कुछ यूँ है कि दोनों दलों के राष्ट्रीय अध्यक्षों की रैली में ही कार्यकर्ता आपस में भिड़ गए और अखिलेश-माया के गठबंधन को ज़मीनी स्तर पर धता बताया। दरअसल, गाज़ीपुर में गठबंधन की रैली थी। इसमें सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव, बसपा की मुखिया मायावती और रालोद सुप्रीमो चौधरी अजीत सिंह ने भाग लिया। यूपी महागठबंधन की इस संयुक्त शक्ति प्रदर्शन जनसभा के दौरान सपा और बसपा कार्यकर्ताओं ने मारपीट की। नीचे संलग्न किए गए वीडियो में आप पूरे वाकये को देख सकते हैं, जो सोशल मीडिया पर भी वायरल हो रहा है।

जब कार्यकर्ताओं में मारपीट हुई, तब दोनों पूर्व मुख्यमंत्री मंच पर नहीं पहुँचे थे। भाषण से पहले हुई इस हाथापाई की शुरुआत किसी बात को लेकर झड़प से हुई। दोनों दलों के कार्यकर्ता अपनी-अपनी पार्टियों का झंडा लिए नारे लगा रहे थे। तभी अचानक से कहासुनी हुई और फिर मारपीट हो गई। वहाँ मौजूद लोगों ने मोबाइल से वीडियो बना कर सोशल मीडिया पर डाल दिया। महागठबंधन की यह संयुक्त रैली बसपा प्रत्याशी अफ़ज़ल अंसारी के पक्ष में माहौल बनाने के लिए हुई। अफ़ज़ल अंसारी अपराधी से राजनेता बने मुख़्तार अंसारी का भाई है। मुख़्तार अभी जेल में बंद है।

गाज़ीपुर सीट की बात करें तो वर्तमान में केंद्रीय रेल राज्यमंत्री मनोज सिन्हा यहाँ से सांसद हैं। पिछले चुनाव में उन्होंने सपा प्रत्याशी को 32,000 मतों के अंतर से मात दी थी जो कि बहुत कम है। सपा और बसपा प्रत्याशियों के बीच मतों का अंतर भी लगभग इतना ही था। ऐसे में, इस सीट को लेकर अभी तक संशय बना हुआ है। वाराणसी से ख़ुद पीएम मोदी मैदान में हैं और काशी से सटी गाज़ीपुर सीट भाजपा के लिए प्रतिष्ठा का विषय है। राजनीतिक विशेषज्ञों का मानना है कि मनोज सिन्हा की लोकप्रियता में बढ़ोतरी हुई है और वो अपने द्वारा कराए गए विकास कार्यों के साथ-साथ नरेंद्र मोदी के चेहरे और राष्ट्रवाद के मुद्दे के साथ मैदान में हैं।

- विज्ञापन - - लेख आगे पढ़ें -

जबकि, महागठबंधन प्रत्याशी 2014 के समीकरणों के आधार पर जातिगत गणित के कारण अपनी जीत के प्रति आश्वस्त हैं। भाजपा इस सीट के लिए पूरा ज़ोर लगा रही है। इसका अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि यहाँ प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, भाजपा अध्यक्ष अमित शाह और उप-मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य की रैलियाँ हो चुकी हैं। वहीं महागठबंधन की तरफ से अखिलेश यादव, मायावती और अजीत सिंह की संयुक्त रैली हुई। हाँ, कार्यकर्ताओं की झड़प से महागठबंधन की फ़ज़ीहत तो हुई है और ज़मीन पर उनकी पोल खुल गई है। साथ ही, विधायक हत्याकांड में ज़मानत पर बाहर अफ़ज़ल अंसारी का आपराधिक बैकग्राउंड भी किसी से छिपा नहीं है।

इससे पहले पूर्व मुख्यमंत्री मायावती ने भी सपा-बसपा गठबंधन का कार्यकर्ताओं को इतिहास के सारे गिले-शिकवे भूल कर साथ काम करने की सलाह दी थी। गठबंधन के नेता वैसे तो आश्वस्त नज़र आते हैं लेकिन कहीं न कहीं उनकी चिंता है कि दोनों दलों के कार्यकर्ता एक-दूसरे का वोट बैंक ट्रांसफर कर पाएँगे या नहीं।

- ऑपइंडिया की मदद करें -
Support OpIndia by making a monetary contribution

ख़ास ख़बरें

ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

ताज़ा ख़बरें

लॉकडाउन के बीच शिवलिंग किया गया क्षतिग्रस्त, राधा-कृष्ण मंदिर में फेंके माँस के टुकड़े, माहौल बिगड़ता देख गाँव में पुलिस फोर्स तैनात

कुछ लोगों ने गाँव में कोरोना की रोकथाम के लिए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के लगे पोस्टरों को फाड़ दिया। इसके बाद देर रात गाँव में स्थित एक शिव मंदिर में शिवलिंग को तोड़कर उसे पास के ही कुएँ में फेंक दिया। इतना ही नहीं आरोपितों ने गाँव के दूसरे राधा-कृष्ण मंदिर में भी माँस का टुकड़ा फेंक दिया।

हमारी इंडस्ट्री तबाह हो जाएगी, सोनिया अपनी सलाह वापस लें: NBA ने की कॉन्ग्रेस अध्यक्ष की सलाह की कड़ी निंदा

सरकारी और सार्वजनिक कंपनियों और संस्थाओं द्वारा किसी प्रिंट, टीवी या ऑनलाइन किसी भी प्रकार के एडवर्टाइजमेंट को प्रतिबंधित करने की सलाह की एनबीए ने निंदा की है। उसने कहा कि मीडिया के लोग इस परिस्थिति में भी जीवन संकट में डाल कर जनता के लिए काम कर रहे हैं और अपनी जिम्मेदारी निभा रहे हैं।

कोरोना से संक्रमित एक आदमी 30 दिन में 406 लोगों को कर सकता है इन्फेक्ट, अब तक 1,07,006 टेस्‍ट किए गए: स्वास्थ्य मंत्रालय

ICMR के रमन गंगाखेडकर ने जानकारी देते हुए बताया कि पूरे देश में अब तक कोरोना वायरस के 1,07,006 टेस्‍ट किए गए हैं। वर्तमान में 136 सरकारी प्रयोगशालाएँ काम कर रही हैं। इनके साथ में 59 और निजी प्रयोगशालाओं को टेस्ट करने की अनुमति दी गई है, जिससे टेस्ट मरीज के लिए कोई समस्या न बन सके। वहीं 354 केस बीते सोमवार से आज तक सामने आ चुके हैं।

शाहीनबाग मीडिया संयोजक शोएब ने तबलीगी जमात पर कवरेज के लिए मीडिया को दी धमकी, कहा- बहुत हुआ, अब 25 करोड़ मुस्लिम…

अपने पहले ट्वीट के क़रीब 13 घंटा बाद उसने ट्वीट करते हुए बताया कि वो न्यूज़ चैनलों की उन बातों को हलके में नहीं ले सकता और ऐसा करने वालों को क़ानून का सामना करना पड़ेगा। उसने कहा कि अब बहुत हो गया है। शोएब ने साथ ही 25 करोड़ मुस्लिमों वाली बात की भी 'व्याख्या' की।

जमातियों के बचाव के लिए इस्कॉन का राग अलाप रहे हैं इस्लामी प्रोपेगंडाबाज: जानिए इस प्रोपेगंडा के पीछे का सच

भारत में तबलीगी जमात और यूनाइटेड किंगडम में इस्कॉन के आचरण की अगर बात करें तो तबलीगी जमात के विपरीत, इस्कॉन भक्त जानबूझकर संदिग्ध मामलों का पता लगाने से बचने के लिए कहीं भी छिप नहीं रहे, बल्कि सामने आकर सरकार का सहयोग और अपनी जाँच भी करा रहे हैं। उन्होंने तबलीगी जमात की तरह अपने कार्यक्रम में यह भी दावा नहीं किया कि उनके भगवान उन्हें इस महामारी से बचा लेंगे ।

वो 5 मौके, जब चीन से निकली आपदा ने पूरी दुनिया में मचाया तहलका: सिर्फ़ कोरोना का ही कारण नहीं है ड्रैगन

चीन तो हमेशा से दुनिया को ऐसी आपदा देने में अभ्यस्त रहा है। इससे पहले भी कई ऐसे रोग और वायरस रहे हैं, जो चीन से निकला और जिन्होंने पूरी दुनिया में कहर बरपाया। आइए, आज हम उन 5 चीनी आपदाओं के बारे में बात करते हैं, जिसने दुनिया भर में तहलका मचाया।

प्रचलित ख़बरें

फिनलैंड से रवीश कुमार को खुला पत्र: कभी थूकने वाले लोगों पर भी प्राइम टाइम कीजिए

प्राइम टाइम देखना फिर भी जारी रखूँगा, क्योंकि मुझे गर्व है आप पर कि आप लोगों की भलाई सोचते हैं। बीच में किसी दिन थूकने वालों और वार्ड में अभद्र व्यवहार करने वालों पर भी प्राइम टाइम कीजिएगा। और हाँ! इस काम के लिए निधि कुलपति जी या नग़मा जी को मत भेज दीजिएगा। आप आएँगे तो आपका देशप्रेम सामने आएगा, और उसे दिखाने में झिझक क्यूँ?

मधुबनी में दीप जलाने को लेकर विवाद: मुस्लिम परिवार ने 70 वर्षीय हिंदू महिला की गला दबाकर हत्या की

"सतलखा गाँव में जहाँ पर यह घटना हुई है, वहाँ पर कुछ घर इस्लाम धर्म को मानने वाले हैं। जब हिंदू परिवारों ने उनसे लाइट बंद कर दीप जलाने के लिए कहा, तो वो गाली-गलौज करने लगे। इसी बीच कैली देवी उनको मना करने गईं कि गाली-गलौज क्यों करते हो, ये सब मत करो। तभी उन लोगों उनका गला पकड़कर..."

हिन्दू बच कर जाएँगे कहाँ: ‘यूट्यूबर’ शाहरुख़ अदनान ने मुसलमानों द्वारा दलित की हत्या का मनाया जश्न

ये शाहरुख़ अदनान है। यूट्यब पर वो 'हैदराबाद डायरीज' सहित कई पेज चलाता है। उसने केरल, बंगाल, असम और हैदराबाद में हिन्दुओं को मार डालने की धमकी दी है। इसके बाद उसने अपने फेसबुक और ट्विटर हैंडल को हटा लिया। शाहरुख़ अदनान ने प्रयागराज में एक दलित की हत्या का भी जश्न मनाया। पूरी तहकीकात।

पाकिस्तान: हिन्दुओं के कई घर आग के हवाले, 3 बच्चों की जिंदा जलकर मौत, एक महिला झुलसी, झोपड़ियाँ खाक

जिन झोपड़ियों में आग लगी, और जिनका इससे नुकसान हुआ, वो हिंदू समुदाय के थे। झोपड़ियों में आग लगने से कम से कम तीन बच्चे जिंदा जल गए। जबकि एक महिला बुरी तरह से झुलस गई।

मरकज पर चलेगा बुलडोजर, अवैध है 7 मंजिला बिल्डिंग: जमात ने किया गैर-कानूनी निर्माण, टैक्स भी नहीं भरा

जहाँ मरकज बना हुआ है, वहाँ पहले एक छोटा सा मदरसा होता था। मदरसा भी नाममात्र जगह में ही था। यहाँ क्षेत्र के ही कुछ लोग नमाज पढ़ने आते थे। लेकिन 1992 में मदरसे को तोड़कर बिल्डिंग बना दी गई।

ऑपइंडिया के सारे लेख, आपके ई-मेल पे पाएं

दिन भर के सारे आर्टिकल्स की लिस्ट अब ई-मेल पे! सब्सक्राइब करने के बाद रोज़ सुबह आपको एक ई-मेल भेजा जाएगा

हमसे जुड़ें

174,073FansLike
53,783FollowersFollow
214,000SubscribersSubscribe
Advertisements