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‘राजनीति को गंभीरता से नहीं लेते कॉन्ग्रेस वाले, और ताकतवर होते जाएँगे PM मोदी’: PK के बाद अब ममता का निशाना

कॉन्ग्रेस को लेकर ममता बनर्जी ने कहा, "उन्हें (कॉन्ग्रेस) को पहले अवसर मिले। उन्होंने भाजपा से लड़ने की बजाय उन्होंने मेरे खिलाफ़ मेरे राज्य में चुनाव लड़े। क्या तब नहीं सोचा जब उन्होंने मेरे ख़िलाफ़ मेरे राज्य में चुनाव लड़ा।"

कॉन्ग्रेस राजनीति में गंभीर नहीं है- इस बात को अब तृणमूल कॉन्ग्रेस की अध्यक्ष ममता बनर्जी भी कहने लगी हैं। बंगाल मुख्यमंत्री ममता बनर्जी का मनना है कि अगर यही हाल रहा तो प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और ताकतवर हो जाएँगे। उनके मुताबिक कॉन्ग्रेस सही निर्णय नहीं लेती है इसी वजह से पूरे देश को जूझना पड़ता है। लेकिन वह दिल्ली की दादागिरी और नहीं सहेंगी।

गोवा में अपने तीन दिवसीय दौरे के दौरान मीडिया से बात करते हुए बनर्जी से जब पूछा गया कि वो अगले लोकसभा चुनावों में प्रधानमंत्री पद की दावेदार हो सकती हैं तो उन्होंने कहा कि वो ‘कम महत्तवपूर्ण व्यक्ति’ होना पसंद करती हैं और खुद को स्ट्रीट फाइटर कहलवाना चाहती हैं।

बता दें कि गुरुवार को ममता बनर्जी ने गोवा जाकर स्थानीय नेताओं के साथ कई बैठकें की। उनकी पार्टी ने इस बार राज्य की 40 सीटों पर चुनाव लड़ने का ऐलान किया है। इसी दौरे में कॉन्ग्रेस पर बातचीत करते हुए उन्होंने कहा, “मैं अभी कुछ नहीं कह सकती क्योंकि वो लोग राजनीति को गंभीरता से नहीं लेते। मोदी जी कॉन्ग्रेस के कारण और ताकतवर होते जाएँगे…अगर कोई निर्णय नहीं ले पा रहा है तो आखिर पूरा देश क्यों उससे जूझे।”

उन्होंने कहा, “उन्हें (कॉन्ग्रेस) को पहले अवसर मिले। उन्होंने भाजपा से लड़ने की बजाय मेरे खिलाफ़ मेरे राज्य में चुनाव लड़े। क्या तब नहीं सोचा जब उन्होंने मेरे ख़िलाफ़ मेरे राज्य में चुनाव लड़ा।” बता दें कि इससे पहले चुनावी रणनीतिकार प्रशांत किशोर ने भी हाल में गोवा दौरे में कॉन्ग्रेस नेता राहुल गाँधी को आड़े हाथों लिया था। उन्होंने कहा था कि भाजपा अगले कई दशकों तक भारतीय राजनीति के केंद्र में ताकतवर बनी रहेगी। उन्होंने इसके लिए कॉन्ग्रेस को जिम्मेदार ठहराया था।

ममता बनर्जी ने प्रशांत किशोर की टिप्पणी पर कहा, “मुझे लगता है कि उन्होंने कहा है कि अगर हम बीजेपी को हराना चाहते हैं, तो हम ऐसा नहीं कर सकते जिस तरह से कॉन्ग्रेस आगे बढ़ रही है। हमें बीजेपी को कड़ी टक्कर देनी है।” वह कहती हैं, “मैं चाहती हूँ कि क्षेत्रीय पार्टी सशक्त हों। हम चाहते हैं कि संघीय ढाँचा मजबूत हो। हमें राज्यों को मजबूत बनाना चाहिए, राज्य मजबूत होंगे तो केंद्र मजबूत होगा। दिल्ली की दादागिरी हमें नहीं चाहिए। बहुत हुआ।”

उन्होंने कहा, “मैं कॉन्ग्रेस के बारे में बात नहीं करूँगी क्योंकि कॉन्ग्रेस मेरी पार्टी नहीं है। मैंने क्षेत्रीय पार्टी बनाई हैं और बिना किसी की मदद के 3 बार सरकार बनाई है।” उन्होंने कहा, “उन्हें डिसाइड करने दो। यही मेरा सिस्टम है, मैं किसी अन्य राजनीतिक दल के कारोबार में हस्तक्षेप नहीं करती। मैं अपने राजनीतिक दल के बारे में कह सकती हूँ। हमारी पार्टी की लड़ाई जारी रहेगी। हम भाजपा के आगे सिर नहीं झुकाएँगे।”

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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