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केजरीवाल, AAP और वामपंथी पार्टियाँ तिरंगे से दूर… भाजपा का विरोध करते-करते राष्ट्र-ध्वज का विरोध क्यों?

आजादी के 74 वर्ष बीत जाने तक यह CPI ही थी, जो आजादी को झूठा कहती रही। कम्युनिस्ट पार्टी देश भर में ‘ये आजादी झूठी है’ का नारा देती रही थी। अब फिर से सोशल मीडिया पर DP के रूप में तिरंगे को न लगाकर इन्होंने अपनी सोच जाहिर कर दी है।

अक्सर देखा गया है कि कुछ विपक्षी दल सत्ताधारी पार्टी की नीतियों का विरोध करते-करते देश/राष्ट्र के विरुद्ध खड़ी हो जाती है। इसका ताजा उदाहरण आम आदमी पार्टी और वामपंथी पार्टी ने पेश किया है। दरअसल इन दोनों के आधिकारिक ट्विटर हैंडल पर राष्ट्र-ध्वज तिरंगा कहीं नजर भी नहीं आ रहा है।

इन राजनीतिक दलों को तिरंगा बर्दास्त नहीं होता है, शायद यह कहना गलत नहीं होगा। पूरा देश इस समय आजादी की 75वीं वर्षगांठ का अमृत महोत्सव मना रहा। ऐसे समय में भी इनके जैसे कुछ राजनीति दल अपनी ओछी राजनीतिक सोच के कारण तिरंगे को लेकर सहज नहीं दिख रहे हैं।

सबसे पहले बात करते हैं खुद को प्रखर देशभक्त कहने वाले दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल (Chief Minister Arvind Kejriwal) के राजनीतिक समूह आम आदमी पार्टी (Aam Aadmi Party) के बारे में। बता दें पार्टी के ऑफिसियल ट्विटर अकाउंट के साथ-साथ दिल्ली, गोवा और गुजरात के ट्विटर हैंडल पर कहीं भी तिरंगे की झलक तक नजर नहीं आई है।

आप आदमी पार्टी का आधिकारिक ट्विटर अकाउंट
AAP गुजरात का ट्विटर अकाउंट
AAP दिल्ली का ट्विटर अकाउंट
AAP गोवा का ट्विटर अकाउंट

वहीं इस पार्टी के कई बड़े कद्दावर नेताओं के ट्विटर अकाउंट पर भी तिरंगे का नामो-निशान तक नहीं देखने को मिला। इनमें संजय सिंह और नरेश बाल्यान का नाम भी शामिल है।

संजय सिंह का ट्विटर अकाउंट
नरेश बाल्यान का ट्विटर अकाउंट

आपको बताते चलें कि CPI यानी भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी के भी आधिकारिक ट्विटर हैंडल के साथ-साथ केरल और पुडुचेरी के ट्विटर अकाउंट पर भी तिरंगा नहीं दिखाई दे रहा है।

सीपीआई का आधिकारिक ट्विटर अकाउंट
सीपीआई केरल का ट्विटर अकाउंट
सीपीआई पुडुचेरी का ट्विटर अकाउंट

यह आजादी झूठी है: CPI

गौरतलब है कि आजादी के 74 वर्ष बीत जाने तक यह CPI ही थी, जो आजादी को झूठा कहती रही। बीते वर्ष 2021 को 15 अगस्त के अवसर पर अपने दिल्ली और पश्चिम बंगाल में स्थित कार्यालयों व दफ्तरों में 74 साल बाद इस पार्टी ने तिरंगा फहराया था। बता दें कि इससे पहले तक कम्युनिस्ट पार्टी देश भर में ‘ये आजादी झूठी है’ का नारा देती रही थी। अब फिर से सोशल मीडिया पर DP के रूप में तिरंगे को न लगाकर इन्होंने अपनी सोच जाहिर कर दी है।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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