Homeराजनीतिकेजरीवाल को चुनाव आयोग का नोटिस, 31 जनवरी तक देना होगा जवाब

केजरीवाल को चुनाव आयोग का नोटिस, 31 जनवरी तक देना होगा जवाब

बीजेपी की शिकायत का संज्ञान लेते हुए चुनाव आयोग ने गुरुवार को अरविंद केजरीवाल को नोटिस जारी कर शुक्रवार शाम 5 बजे तक हर हाल में जवाब देने के लिए कहा है। वहीं किसी भी स्थित में नोटिस का जवाब ने देने पर आयोग फ़िर से आगे की कार्रवाई करेगा।

दिल्ली में चल रहे चुनाव प्रचार के बीच चुनाव आयोग ने केजरीवाल को एक नोटिस जारी किया है। आचार संहिता उल्लंघन मामले में जारी नोटिस का जवाब केजरीवाल को 31 जनवरी तक देना होगा।

बीते 13 जनवरी को मकरसंक्रांति के अवसर पर तीस हजारी कोर्ट में आयोजित एक कार्यक्रम में दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने लोगों को संबोधित करते हुए कहा था कि हमें जगह मिले तो कोर्ट और बार में भी मोहल्ला क्लीनिक खोल देंगे। हम दिल्ली के सभी कोने में मोहल्ला क्लीनिक खोलने के लिए तैयार हैं, जिसके लिए 3-4 कमरों की आवश्यकता होती है। केजरीवाल द्वारा दिए गए इस बयान की बीजेपी ने अगले ही दिन 14 जनवरी को चुनाव आयोग से शिकायत कर दी और कहा कि केजरीवाल ने आचार संहिता का उल्लंघन किया है, जिस पर चुनाव आयोग को संज्ञान लेना चाहिए।

चुनाव आयोग द्वारा केजरीवाल को जारी किया गया नोटिस

चुनाव आयोग द्वारा केजरीवाल को जारी किया गया नोटिस

बीजेपी की शिकायत का संज्ञान लेते हुए चुनाव आयोग ने गुरुवार को अरविंद केजरीवाल को नोटिस जारी कर शुक्रवार शाम 5 बजे तक हर हाल में जवाब देने के लिए कहा है। वहीं किसी भी स्थित में नोटिस का जवाब ने देने पर आयोग फ़िर से आगे की कार्रवाई करेगा।

Join OpIndia's official WhatsApp channel

  सहयोग करें  

'द वायर' जैसे राष्ट्रवादी विचारधारा के विरोधी वेबसाइट्स को कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

भगवान राम का अपमान, आजादी के नारे और तिरंगे से बदसलूकी: कॉकरोचों को ये तक नहीं पता कि वे क्यों आए हैं, पढ़ें- CJP...

कॉकरोचों के प्रदर्शन में छात्रों के मुद्दे नहीं बल्कि आजादी के नारे, डफली गैंग, तिरंगे से बदसलूकी और हिंदू देवी-देवताओं का अपमान दिखा। पढ़ें रिपोर्ट।

तमिलनाडु में द्रविड़ राजनीति के ‘घृणा मॉडल’ को अन्नामलाई की चुनौती, पेरियार नहीं, कलाम हैं आदर्श: समझें- ‘We The Change’ से राष्ट्रवाद का शंखनाद...

अन्नामलाई ने कहा कि तमिल संस्कृति-भाषा पर गर्व और भारत माता के प्रति समर्पित रहना एक-दूसरे के विरोधी नहीं, बल्कि एक ही सिक्के के दो पहलू हैं।
- विज्ञापन -