INX मीडिया मामला: 17 अक्टूबर तक तिहाड़ में रहेंगे चिदंबरम, घर का खाना खाएँगे

कोर्ट के आदेश के बाद चिदंबरम हर रोज दिन में एक बार घर का खाना खा सकते हैं। इस मामले में उन्हें सीबीआई ने 21 अगस्त को गिरफ़्तार किया था। जमानत के लिए गुरुवार को उन्होंने सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा भी खटखटाया।

INX मीडिया मामले में पूर्व गृह मंत्री पी चिदंबरम की मुश्किलें कम होती नहीं दिख रही। सीबीआई अदालत ने उनकी न्यायिक हिरासत 17 अक्टूबर तक बढ़ा दी है। हालॉंकि अदालत ने तिहाड़ जेल में बंद चिदंबरम को घर का खाना लाने की अनुमति दे दी है।

कोर्ट के आदेश के बाद तिहाड़ जेल में बंद चिदंबरम हर रोज दिन में एकबार घर का खाना खा सकते हैं। INX मीडिया मामले में चिदंबरम को सीबीआई ने 21 अगस्त को गिरफ़्तार किया था।

इस मामले में जमानत के लिए गुरुवार को उन्होंने सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा भी खटखटाया। चिदंबरम की ओर से पेश वरिष्ठ अधिवक्ता कपिल सिब्बल ने जस्टिस एनवी रमण की अगुवाई वाली पीठ के सामने तत्काल सूचीबद्ध किए जाने के लिए मामले का उल्लेख किया। जस्टिस संजीव खन्ना और जस्टिस कृष्णा मुरारी भी इस पीठ में शामिल हैं।

- विज्ञापन - - लेख आगे पढ़ें -

ख़बर के अनुसार, पीठ ने कहा कि मामला सूचीबद्ध करने के संबंध में फैसला लेने के लिए चिदंबरम की याचिका
CJI रंजन गोगोई के पास भेजी जाएगी। बता दें कि कुछ दिनों पहले ही दिल्ली हाईकोर्ट ने चिदंबरम की ज़मानत याचिका ख़ारिज कर दी थी। हाईकोर्ट ने माना था कि वे गवाहों को प्रभावित कर सकते हैं।

ग़ौरतलब है कि INX मीडिया की प्रमोटर इंद्राणी मुखर्जी और उनके पति पीटर मुखर्जी के बयानों के आधार पर सीबीआई और ईडी ने इस मामले में चिदंबरम पर शिकंजा कसा है। आरोप है कि INX मीडिया ग्रुप को 2007 में 305 करोड़ रुपए का विदेशी धन हासिल करने के लिए विदेशी निवेश संवर्धन बोर्ड की मंजूरी में अनियमितता बरती गई थी। उस दौरान चिदंबरम वित्त मंत्री थे।

शेयर करें, मदद करें:
Support OpIndia by making a monetary contribution

बड़ी ख़बर

शिकारा, कश्मीरी पंडित, विधु विनोद
आज विधु कहते हैं कि सब कुछ भुलाकर उन लोगों से कश्मीरी पंडितों को गले मिल लेना चाहिए, प्रेम करना चाहिए और सब भुला देना चाहिए। एनडीटीवी पत्रकार रवीश कुमार कहते हैं कि निर्देशक ने वर्षों की इस चुप्पी को तोड़ने के लिए सिर्फ एक 'सॉरी' की गुज़ारिश की है, उन्होंने बहुत ज्यादा तो नहीं माँगा।

सबसे ज़्यादा पढ़ी गईं ख़बरें

ताज़ा ख़बरें

हमसे जुड़ें

143,336फैंसलाइक करें
35,451फॉलोवर्सफॉलो करें
162,000सब्सक्राइबर्ससब्सक्राइब करें

ज़रूर पढ़ें

Advertisements
शेयर करें, मदद करें: