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राजस्थान में 68% मतदान के साथ संपन्न हुआ चुनाव: कहीं गोलीबारी तो कहीं हुई पत्थरबाजी, हमले में पुलिसकर्मी भी हुए घायल

कुछ मिनटों के लिए मतदान में भी व्यवधान आया। जहाँ पाली जिले में एक पोलिंग एजेंट की वहीं उदयपुर में एक उम्मीदवार की ही कार्डियक अरेस्ट की वजह से मौत हो गई।

क्षेत्रफल के हिसाब से भारत के सबसे बड़े राज्य राजस्थान में शनिवार (25 नवंबर, 2023) को विधानसभा चुनाव के मतदान संपन्न हुआ। शाम 5 बजे तक राजस्थान में 68% मतदान हुआ। वहाँ मुख्य मुकाबला सत्ताधारी कॉन्ग्रेस पार्टी और मुख्य विपक्षी दल भाजपा के बीच में है। सीकर, धौलपुर और डीग क्षेत्रों में पत्थरबाजी और हिंसा की वारदातें हुईं। सीकर में 7 लोगों को हिरासत में लिया गया है। CAPF (सेंटर आर्म्ड पुलिस फोर्सेज) टीमों को वहाँ तैनात किया गया है।

हालाँकि, पुलिस स्थिति के नियंत्रण में होने का दावा कर रही है। उधर धौलपुर में भी पत्थरबाजी हुई लेकिन गोलीबारी की नौबत नहीं आने पाई। कुछ व्यक्तिगत गाड़ियाँ क्षतिग्रस्त हुई हैं, लेकिन बारी जिले के डीएम ने मतदान बूथों के सुरक्षित होने का दावा किया है। प्रशासन का कहना है कि स्थिति शांतिपूर्ण है। डीग के कामन इलाके के साँवलेर इलाके में एक पुलिसकर्मी सहित 2 लोग जख्मी हुए हैं। डीग में भीड़ को तितर-बितर करने के लिए पुलिस को 12 राउंड गोलीबारी करनी पड़ी।

कुछ मिनटों के लिए मतदान में भी व्यवधान आया। जहाँ पाली जिले में एक पोलिंग एजेंट की वहीं उदयपुर में एक उम्मीदवार की ही कार्डियक अरेस्ट की वजह से मौत हो गई। 199 विधानसभा क्षेत्रों में लगभग 51,000 बूथों पर मतदान संपन्न हुआ। सुबह के 7 बजे मतदान शुरू हुआ, वहीं शाम के 6 बजे ये खत्म हो गया। केंद्रीय जल शक्ति मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत ने कहा है कि भाजपा प्रचंड बहुतमत से राजस्थान की सत्ता में आ रही है।

सीकर जिले के फतेहपुर में बीजेपी और कांग्रेस के समर्थक आमने-सामने हो गए। हंगामा करते हुए लोगों ने पथराव किया। लक्ष्मणगढ में एक पोलिंग बूथ पर पुलिसकर्मी ने टोका तो बीजेपी प्रत्याशी पुलिस से भिड़ गए। प्रत्याशी सुभाष महरिया और पुलिस के बीच झड़प हुई। जयपुर के पास कोटपूतली विधानसभा क्षेत्र में एक प्रत्याशी के समर्थकों और पुलिस में झड़प हो गई। भरतपुर जिले के कामां में भी फर्जी वोटिंग की शिकायत सामने आई।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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