Sunday, April 14, 2024
Homeराजनीतिकॉन्ग्रेस प्रवक्ता ने शिवसेना में शामिल होकर दिखा दिया कि 'रिश्तों के भी रूप...

कॉन्ग्रेस प्रवक्ता ने शिवसेना में शामिल होकर दिखा दिया कि ‘रिश्तों के भी रूप बदलते हैं’

राजनीति में, न कोई स्थायी दुश्मन हैं और न कोई स्थायी दोस्त। केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी पर कटाक्ष करने के कुछ ही दिन बाद आज प्रियंका चतुर्वेदी ने शिव सेना के साथ हाथ मिलाने के लिए कॉन्ग्रेस के डूबते जहाज को छोड़ दिया है।

एक सप्ताह पहले की ही बात है। तब तत्कालीन कॉन्ग्रेस प्रवक्ता प्रियंका चतुर्वेदी ने स्मृति ईरानी के लोकप्रिय शो ‘क्योंकि सास भी कभी बहू थी’ के एक गाने को तोड़-फोड़ कर पैरोडी जैसा कुछ बनाते हुए गाया था, ‘रिश्तों के रूप बदलते हैं…’

कहते हैं कि राजनीति में, न कोई स्थायी दुश्मन है और न कोई स्थायी दोस्त। केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी पर कटाक्ष करने के कुछ ही दिन बाद आज प्रियंका चतुर्वेदी ने शिव सेना के साथ हाथ मिलाने के लिए कॉन्ग्रेस के डूबते जहाज को छोड़ दिया है। शिवसेना, भाजपा की ही सहयोगी पार्टी है और प्रियंका की पूर्व पार्टी कॉन्ग्रेस के विरोधी भी।

चतुर्वेदी ने आज शिवसेना प्रमुख उद्धव ठाकरे से मुलाकात की और एक संयुक्त संवाददाता सम्मेलन किया, जहाँ उन्होंने पार्टी में उनका स्वागत किया।

मीडिया को संबोधित करते हुए चतुर्वेदी ने कहा कि उन्हें पता है कि वह अपने विचारों के लिए जवाबदेह होंगी। जब वह कॉन्ग्रेस की प्रवक्ता थीं, तब उन्होंने भाजपा के साथ-साथ शिवसेना के खिलाफ अपमानजनक बातें की थीं, लेकिन यह शिवसेना में शामिल होने से पहले बहुत पहले की बात है।

प्रियंका चतुर्वेदी ने ठाकरे को ‘परिवार’ में उनका स्वागत करने के लिए धन्यवाद दिया।

Special coverage by OpIndia on Ram Mandir in Ayodhya

  सहयोग करें  

एनडीटीवी हो या 'द वायर', इन्हें कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

BJP की तीसरी बार ‘पूर्ण बहुमत की सरकार’: ‘राम मंदिर और मोदी की गारंटी’ सबसे बड़ा फैक्टर, पीएम का आभामंडल बरकार, सर्वे में कहीं...

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अगुवाई में बीजेपी तीसरी बार पूर्ण बहुमत की सरकार बनाती दिख रही है। नए सर्वे में भी कुछ ऐसे ही आँकड़े निकलकर सामने आए हैं।

‘राष्ट्रपति आदिवासी हैं, इसलिए राम मंदिर प्राण प्रतिष्ठा में नहीं बुलाया’: लोकसभा चुनाव 2024 में राहुल गाँधी ने फिर किया झूठा दावा

राष्ट्रपति मुर्मू को राम मंदिर ट्रस्ट का प्रतिनिधित्व करने वाले एक प्रतिनिधिमंडल ने अयोध्या में प्राण प्रतिष्ठा समारोह में शामिल होने के लिए औपचारिक रूप से आमंत्रित किया गया था।

प्रचलित ख़बरें

- विज्ञापन -

हमसे जुड़ें

295,307FansLike
282,677FollowersFollow
417,000SubscribersSubscribe