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‘क्या राष्ट्रपति भाजपा की जेब में हैं या फिर उनकी सील महाराष्ट्र भाजपा के कार्यालय में है’

शिव सेना के वरिष्ठ नेता संजय राउत ने भी भाजपा नेता के बयान से व्यथित होकर उनसे सवाल किया है कि क्या वे चुने हुए विधायकों को धमकी दे रहे हैं।

महाराष्ट्र में सत्ता के लिए जारी संघर्ष की आँच बढ़ती ही जा रही है। अब ताप बढ़ाते हुए शिव सेना ने भाजपा से पूछा है कि क्या राष्ट्रपति भाजपा की जेब में हैं। शिव सेना के मुखपत्र सामना के सम्पादकीय में पूछा गया है कि आम आदमी भाजपा नेता मुनगंटीवार की धमकी का क्या अर्थ निकालें। सामना में सीधे-सीधे राष्ट्रपति कार्यालय का भी नाम लेते हुए पूछा गया है कि क्या राष्ट्रपति भाजपा की जेब में हैं, या फिर उनकी सील महाराष्ट्र भाजपा के (नरीमन पॉइंट स्थित) कार्यालय में पड़ी हुई है कि भाजपा अपनी सरकार न बन पाने की सूरत में राष्ट्रपति शासन थोप देगी राज्य पर।

इसके अलावा शिव सेना के वरिष्ठ नेता संजय राउत ने भी भाजपा नेता के बयान से व्यथित होकर उनसे सवाल किया है कि क्या वे चुने हुए विधायकों को धमकी दे रहे हैं। शिव सेना के राज्य सभा सांसद और सामना के कार्यकारी सम्पादक संजय राउत ने समाचार एजेंसी एएनआई से बात करते हुए यह भी कहा कि महाराष्ट्र में आज राजनीतिक स्थिति ऐसी है कि भाजपा और शिव सेना के अलावा बाकी सभी राजनीतिक दल एक दूसरे से बात कर रहे हैं।

शुक्रवार को बीजेपी नेता और महाराष्ट्र के वित्त मंत्री सुधीर मुनगंटीवार ने कहा था कि यदि राज्य में सात नवंबर तक नई सरकार नहीं बनती है तो राष्ट्रपति शासन लागू हो सकता है। एनसीपी प्रमुख शरद पवार से अपनी मुलाकात पर संजय राउत ने यह बयान दिया था। कॉन्ग्रेस प्रदेश अध्यक्ष बालासाहेब थरोट, पूर्व मुख्यमंत्री अशोक चव्हाण और पृथ्वीराज चव्हाण ने भी शरद पवार से मुलाक़ात की थी। इन मुलाकातों ने राज्य में ग़ैर-भाजपा सरकार की अटकलों को हवा दे दी थी।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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