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अयोध्या विवाद: मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड की आपात बैठक, क्या इससे नया मोड़ लेगी मध्यस्थता की पहल?

अब देखना ये है कि मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड द्वारा बुलाई गई इस आपात बैठक का क्या मतलब है और इसका मध्यस्थता पर क्या असर होगा?

अयोध्या मामले में एक ताजा मोड़ के तहत ऑल इंडिया मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड ने एक आपात बैठक बुलाई है। मीडिया में आ रही खबरों के अनुसार रविवार सुबह ही वर्किंग कमेटी की बैठक बुलाई गई है। हालाँकि, क्यों मीटिंग बुलाई गई है अभी इसका खुलासा नहीं किया गया है।

पर्सनल लॉ बोर्ड के सभी 51 सदस्यों के अतिरिक्त सुन्नी सेंट्रल वक्फ़ बोर्ड के प्रतिनिधियों के भी इस बैठक में शामिल होने की सम्भावना जताई जा रही है।

ज्ञात हो कि गत 13 मार्च को ही अयोध्या विवाद को लेकर बने मध्यस्थता पैनल ने अपनी पहली बैठक की जिसमें सभी पक्षों के विचार पैनल ने सुने। सुप्रीम कोर्ट से सेवानिवृत्त जस्टिस कलीफुल्ला की अध्यक्षता में बने इस पैनल के अन्य सदस्य आध्यात्मिक गुरू श्री श्री रविशंकर (आर्ट ऑफ लिविंग फाउंडेशन के अध्यक्ष) व वरिष्ठ अधिवक्ता व मध्यस्थता विशेषज्ञ श्रीराम पाँचू हैं।

सुप्रीम कोर्ट में पाँच जजों की पीठ के आदेश पर गठित इस पैनल को मध्यस्थता के लिए आवश्यक सभी सुविधाएँ उपलब्ध कराने के निर्देश राज्य सरकार को दिए गए हैं।

अब देखना ये है कि मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड द्वारा बुलाई गई इस आपात बैठक का क्या मतलब है और इसका मध्यस्थता पर क्या असर होगा?

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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