Saturday, October 16, 2021
Homeरिपोर्टअंतरराष्ट्रीयकश्मीर पर जहर उगलने वाली लेबर पार्टी के साथ आतंकी संगठन JKLF, कॉन्ग्रेस नेता...

कश्मीर पर जहर उगलने वाली लेबर पार्टी के साथ आतंकी संगठन JKLF, कॉन्ग्रेस नेता भी कर चुके हैं मुलाकात

25 सितंबर को लेबर पार्टी ने एक रेज्यूलेशन पास किया था, जिसमें 'कश्मीर में अंतर्राष्ट्रीय हस्तक्षेप और संयुक्त राष्ट्र के नेतृत्व-जनमत संग्रह के आह्वान' का समर्थन किया गया था। हालाँकि, भारी विरोध और भारतीय मूल के लोगों की नाराजगी के कारण इस प्रस्ताव को वापस ले लिया गया।

ब्रिटेन में 12 दिसंबर को चुनाव होने हैं। उससे पहले जम्मू-कश्मीर लिबरेशन फ्रंट (जेकेएलएफ) ने चुनावों में विपक्षी लेबर पार्टी को बिना शर्त समर्थन का ऐलान किया है। जेकेएलएफ एक आतंकी संगठन है और उसे पाकिस्तान की सरपरस्ती हासिल है।

लेबर पार्टी की कमान जेरेमी कोर्बिन के पास है। कोर्बिन अपने भारत विरोधी रुख और कश्मीर पर पाकिस्तानी एजेंडे को हवा देने के लिए जाने जाते हैं। पिछले महीने कोर्बिन से कॉन्ग्रेस के एक प्रतिनिधमंडल ने भी मुलाकात की थी। उसी लेबर पार्टी को चुनावों में समर्थन देने को लेकर जेकेएलएफ की ब्रिटिश शाखा की तरफ से बयान जारी किया गया है।

कोर्बिन को लिखे अपने पत्र में JKLF ने कहा कि यूके में कश्मीरी प्रवासी और विशेष रूप से जम्मू-कश्मीर लिबरेशन फ्रंट (JKLF) के हजारों सदस्यों की ओर से उन्होंने अपना समर्थन लेबर पार्टी को देने का निर्णय किया है। पत्र में JKLF ने कश्मीर पर लेबर पार्टी और कोर्बिन की प्रशंसा की है। लेबर पार्टी और कोर्बिन ने कश्मीर पर तीसरे पक्ष की मध्यस्थता की वकालत की थी।

कोर्बिन के भारत विरोधी रुख के वाबजूद कॉन्ग्रेस पार्टी के प्रतिनिधि उनसे मिले थे। इस दौरान कश्मीर में मानवाधिकारों के मुद्दों पर चर्चा भी की थी। हालाँकि जब यह बात उजागर हो गई तो कॉन्ग्रेस ने सफाई देते हुए कहा था कि बैठक में लेबर पार्टी के भारत विरोधी प्रस्ताव की निंदा की गई। मानवाधिकारों पर चर्चा नहीं हुई।

उल्लेखनीय है कि अभी हाल ही में कश्मीर मुद्दे पर भारत का रुख जानने के बाद भी लेबर पार्टी ने कोर्बिन से भारत और पाकिस्तान दोनों के उच्चायुक्तों से मिलने के लिए कहा था। इतना ही नहीं 25 सितंबर को इस मसले पर पार्टी ने एक रेज्यूलेशन भी पास किया था, जिसमें ‘कश्मीर में अंतर्राष्ट्रीय हस्तक्षेप और संयुक्त राष्ट्र के नेतृत्व-जनमत संग्रह के आह्वान’ का समर्थन किया गया था। हालाँकि, भारी विरोध और भारतीय मूल के लोगों की नाराजगी के कारण इस प्रस्ताव को वापस ले लिया और बाद में पार्टी अध्यक्ष ने कश्मीर को द्विपक्षीय मुद्दा बताया।

Article 370: ब्रिटिश MP ने लेबर पार्टी के मुस्लिम सांसदों को बताया हिन्दू-विरोधी

J&K पर जिसने उगला जहर, उसी से मिलने पहुँचा कॉन्ग्रेस प्रतिनिधिमंडल: आखिर पार्टी की मजबूरी क्या है?

कश्मीर पर पाक प्रायोजित कार्यक्रम में शामिल हुईं NDTV की निधि राजदान, आतंकी संगठन ने कहा- शाबाश

 

  सहयोग करें  

एनडीटीवी हो या 'द वायर', इन्हें कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

निहंगों ने की दलित युवक की हत्या, शव और हाथ काट कर लटका दिए: ‘द टेलीग्राफ’ सहित कई अंग्रेजी अख़बारों के लिए ये ‘सामान्य...

उन्होंने (निहंगों ) दलित युवक की नृशंस हत्या करने के बाद दलित युवक के शव, कटे हुए दाहिने हाथ को किसानों के मंच से थोड़ी ही दूर लटका दिया गया।

मुस्लिम भीड़ ने पार्थ दास के शरीर से नोचे अंग, हिंदू परिवार में माँ-बेटी-भतीजी सब से रेप: नमाज के बाद बांग्लादेश में इस्लामी आतंक

इस्‍कॉन से जुड़े राधारमण दास ने ट्वीट कर बताया कि पार्थ को बुरी तरह से पीटा गया था कि जब उनका शव मिला तो शरीर के अंदर के हिस्से गायब थे। 

प्रचलित ख़बरें

- विज्ञापन -

हमसे जुड़ें

295,307FansLike
128,877FollowersFollow
411,000SubscribersSubscribe