Sunday, April 14, 2024
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‘कुरान प्रगतिशील, हिंदू धर्म हद से ज्यादा दकियानूसी’ – स्क्रीनशॉट से हुआ इरा त्रिवेदी के झूठ का पर्दाफ़ाश

एक नई मनगढ़ंत कहानी गढ़ते हुए इरा त्रिवेदी ने अपने ख़ुद के उस ट्वीट को झुठला दिया, जिसमें उन्होंने लिखा था, “कुरान एक प्रगतिशील पाठ है, जबकि आधुनिक हिंदू धर्म प्रतिगामी (पीछे ढकेलने वाला) है।”

इन दिनों योग प्रशिक्षक इरा त्रिवेदी अपने सबसे बुरे दिनों से गुज़र रही हैं। दरअसल, उन्होंने एक झूठे आँकड़े को आधार बनाकर बताया था कि गाय का माँस प्रोटीन का सबसे बेहतर स्रोत होता है। इरा के गौ माँस के प्रचार के बाद सोशल मीडिया पर लोगों ने उनका काफ़ी विरोध किया था, जिसके चलते दूरदर्शन ने अपने योग कार्यक्रम ‘योग विद इरा त्रिवेदी’ से उनकी छुट्टी कर दी। हालाँकि, दूरदर्शन ने अपने इस योग कार्यक्रम में इरा की जगह यामिनी मुथाना को जगह दी है। ऑपइंडिया ने पहले अपनी एक ख़बर के ज़रिए इस मामले पर जानकारी दी थी।

काफ़ी हो-हल्ला के बाद, इरा त्रिवेदी ने माफ़ी माँगते हुए ट्वीट किया कि वो शुद्ध शाकाहारी हैं और हिंदू धर्म का सम्मान करती हैं। इरा के इस ट्वीट के बाद भी जब लोगों का ग़ुस्सा शांत नहीं हुआ, तो उन्होंने झूठ का सहारा लिया।

एक नई मनगढंत कहानी गढ़ते हुए इरा त्रिवेदी ने अपने ख़ुद के उस ट्वीट को अस्वीकार कर दिया, जिसमें उन्होंने लिखा था, “कुरान प्रगतिशील है, जबकि आधुनिक हिंदू धर्म प्रतिगामी (पीछे ढकेलने वाला) है।”

अपने ट्विटर अकाउंट को पाक-साफ़ साबित करने के बाद, इरा त्रिवेदी अब लोगों को यह समझाने की कोशिश कर रही हैं कि जिस ट्वीट में उन्होंने क़ुरान को प्रगतिशील और आधुनिक हिंदू धर्म को प्रतिगामी बताया, वह एक फ़ेक ट्वीट है। हालाँकि, जैसा कि कहा जाता है, इंटरनेट कभी कुछ नहीं भूलता। ऐसा ही कुछ इरा त्रिवेदी के साथ भी हुआ जिससे उनके दावे की पोल खुल गई।

बता दें कि इरा त्रिवेदी ने ख़ुद को पाक-साफ़ घोषित करने के लिए जिस ट्वीट का इस्तेमाल किया, उसकी सच्चाई से यूज़र्स ने ही उन्हें अवगत करा दिया। दरअसल, वो ट्वीट 2017 का था, जिस पर समय और तारीख़ दोनों स्पष्ट हैं।

इसके अलावा, कई लोगों ने इरा त्रिवेदी को बताया कि मूल ट्वीट लिंक भी मौजूद है। इससे यह बात साफ़ हो गई कि इरा त्रिवेदी ने अपनी टाइमलाइन से उस ट्वीट को ख़ुद ही डिलीट किया था।

इरा त्रिवेदी द्वारा हटाए गए ट्वीट के इतर सोशल मीडिया पर लोगों ने उन्हें इस बात का का भी सबूत दे डाला, जिसमें वो (इरा त्रिवेदी) हिन्दू धर्म को कोसती नज़र आईं।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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