यूपी में बसपा के 15 नेता हुए BJP में शामिल

जिन बसपा नेताओं ने दल बदला है, उनमें एक राज्य मंत्री और 12 मार्च को भाजपा में शामिल होने वाले विजय प्रकाश जायसवाल सहित पार्टी में प्रमुख संगठनात्मक भूमिका निभाने वाले लोग भी शामिल हैं।

लोकसभा चुनाव की तारीख़ों का ऐलान हो चुका है। तारीख़ों के ऐलान के साथ ही सियासी हलचल और भी अधिक तेज हो गई है। एक तरफ जहाँ बहुजन समाज पार्टी और समाजवादी पार्टी गठबंधन अधिक से अधिक वोट हासिल करने के लिए गणित लगा रहे हैं। वहीं दूसरी तरफ, शुरुआत में ही पार्टी को एक बड़ा झटका लगा है। उत्तर प्रदेश में बहुजन समाज पार्टी (बसपा) के कम से कम 15 प्रमुख नेता भारतीय जनता पार्टी में शामिल हो गए हैं। खास ख़बर ये है कि इन 15 में से 11 ऐसे नेता हैं, जिन्होंने बसपा के टिकट पर विधानसभा और आम चुनाव भी लड़ा है।

मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, यूपी में सपा, रालोद और कॉन्ग्रेस सहित विभिन्न विपक्षी दलों के 28 नेता पिछले महीने सत्ताधारी पार्टी में शामिल हो गए हैं। जनवरी में गठबंधन की घोषणा करने वाली सपा और बसपा आगामी चुनाव में क्रमश: 37 और 38 सीटों पर चुनाव लड़ेंगी। आरएलडी, जो कि गठबंधन का भी हिस्सा है, वो भी तीन सीटों पर चुनाव लड़ेगी।

बता दें कि जिन बसपा नेताओं ने दल बदला है, उनमें एक राज्य मंत्री और 12 मार्च को भाजपा में शामिल होने वाले विजय प्रकाश जायसवाल सहित पार्टी में प्रमुख संगठनात्मक भूमिका निभाने वाले लोग भी शामिल हैं। 2014 के लोकसभा चुनाव में वाराणसी में बसपा के उम्मीदवार के रूप में जायसवाल ने भाजपा के प्रधानमंत्री पद के उम्मीदवार नरेंद्र मोदी के खिलाफ 60,579 वोट हासिल किए थे।

- विज्ञापन - - लेख आगे पढ़ें -

बसपा के एक और नेता गुटियारी लाल दुवेश ने भी उसी दिन दल बदला था, जिस दिन जायसवाल ने दल बदला था। ये साल 2012 में आगरा छावनी से बसपा के टिकट पर विधायक भी चुने गए थे, लेकिन 2017 में दूसरे स्थान पर रहे। प्रतापगढ़ जिले के रामपुर खास से 2007 का विधानसभा चुनाव हारने वाले बसपा के पूर्व राष्ट्रीय प्रवक्ता उम्मेद प्रताप सिंह भी भाजपा में शामिल हो गए हैं।

बीजेपी में शामिल हुए एक और नेता हैं वेदराम भाटी। जिन्होंने 2012 में गौतमबुद्ध नगर के जेवर से विधानसभा चुनाव जीता था, लेकिन 2017 में हार गए थे। पिछली मायावती सरकार में मंत्री और सीतापुर जिले के एक दलित नेता रामहेत भारती भी बीजेपी में शामिल हुए। भारती ने 2007 और 2012 में हरगांव से विधानसभा चुनाव जीता लेकिन 2017 में हार गए। तीन बार विधायक रह चुके छोटेलाल वर्मा, जिन्होंने 2012 के विधानसभा चुनाव में फतेहाबाद से सपा के उम्मीदवार को हराया था, 23 फरवरी को भारती के 11 दिन बाद भाजपा में शामिल हो गए। मायावती के सरकार में छोटेलाल वर्मा मंत्री के पद पर आसीन थे।

भाजपा में शामिल होने वाले बसपा के संगठनात्मक संगठन के नेताओं में मथुरा के उदयन शर्मा भी शामिल हैं। जिन्होंने पहले आगरा मंडल में पार्टी के चुनाव प्रभारी का पद संभाला था। इसके अलावा ऋषभ तिवारी, जो पयागपुर विधानसभा क्षेत्र के प्रभारी थे और ध्रुव पाराशर, जो आगरा में पार्टी के जोनल को ऑर्डिनेटर थे।

बता दें कि आम चुनाव 11 अप्रैल से शुरू हो रहा है और यह 19 मई तक चलेगा। राज्य की 80 सीटों पर सात चरणों में मतदान होगा।


शेयर करें, मदद करें:
Support OpIndia by paying for content

ज़्यादा पढ़ी गईं ख़बरें

कॉन्ग्रेस

राहुल गाँधी की सुस्त रणनीति से चिंतित मीडिया, ‘इन्वेस्टमेंट’ खतरे में

मीडिया के एक धड़े में कॉन्ग्रेस की संभावित हार को लेकर अफरा-तफरी का माहौल है। शायद इतना ‘दाँव’ पर लगा है कि अब खुलकर भाजपा को हराने की हिमायत उनकी मजबूरी है।
आरफा खानम

शब्बीर बरखा को भेजता है अश्लील फोटो, आरफ़ा को ‘होली बिस्मिल्ला’ पर अशरफ़ी कहता है ‘डर्टी लेडी’

एक तरफ बरखा दत्त को अश्लील तस्वीर भेजने वाला शब्बीर है, वहीं दूसरी ओर 'द वायर' की पत्रकार आरफ़ा खानम हैं जिन्होंने होली मुबारक कहते हुए 'बिस्मिल्ला' शब्द लिखा तो 'सच्चे' मुसलमान भड़क उठे।
नीरव मोदी

नीरव मोदी की गिरफ़्तारी से दुःखी और अवसादग्रस्त कॉन्ग्रेस पेट पर मूसल न मार ले

कॉन्ग्रेस की यही समस्या है कि वो इतना नकारा तो चौवालीस सीट पाने के बाद भी नहीं महसूस कर पाया जितना विपक्ष में कि इतने नेताओं के महागठबंधन के बाद भी मोदी को घेरने के लिए उसके पास सिवाय अहंकार और अभिजात्य घमंड के और कुछ भी नहीं है।

स्वामी असीमानंद और कर्नल पुरोहित के बहाने: ‘सैफ्रन टेरर’ की याद में

कल दो घटनाएँ हुईं, और दोनों ही पर मीडिया का एक गिरोह चुप है। अगर यही बात उल्टी हो जाती तो अभी तक चुनावों के मौसम में होली की पूर्व संध्या पर देश को बताया जा रहा होता कि भगवा आतंकवाद कैसे काम करता है। चैनलों पर एनिमेशन और नाट्य रूपांतरण के ज़रिए बताया जाता कि कैसे एक हिन्दू ने ट्रेन में बम रखे और मुसलमानों को अपनी घृणा का शिकार बनाया।
रणजीत सिंह

कोहिनूर धारण करने वाला सिख सम्राट जिसकी होली से लाहौर में आते थे रंगीन तूफ़ान, अंग्रेज भी थे कायल

कहते हैं कि हवा में गुलाल और गुलाबजल का ऐसा सम्मिश्रण घुला होता था कि उस समय रंगीन तूफ़ान आया करते थे। ये सिख सम्राट का ही वैभव था कि उन्होंने सिर्फ़ अंग्रेज अधिकारियों को ही नहीं रंगा बल्कि प्रकृति के हर एक आयाम को भी रंगीन बना देते थे।

मोदी बनाम गडकरी, भाजपा का सीक्रेट ‘ग्रुप 220’, और पत्रकारिता का समुदाय विशेष

ये वही लम्पटों का समूह है जो मोदी को घेरने के लिए एक हाथ पर यह कहता है कि विकास नहीं हुआ है, रोजगार कहाँ हैं, और दूसरे हाथ पर, फिर से मोदी को ही घेरने के लिए ही, यह कहता है कि गडकरी ने सही काम किया है, उसका काम दिखता है।
मस्जिद

न्यूजीलैंड के बाद अब इंग्लैंड की 5 मस्जिदों पर हमला: आतंकवाद-रोधी पुलिस कर रही जाँच

हमलों के पीछे का मकसद अज्ञात है लेकिन वेस्ट मिडलैंड्स पुलिस ऐसा मान रही है कि सारे हमले एक-दूसरे से जुड़े हुए हैं। यही कारण है कि आतंकवाद-रोधी पुलिस मामले की जाँच कर रही है।
PM Modi मूवी ट्रेलर

PM NARENDRA MODI: जान डाल दिया है विवेक ओबेरॉय ने – दर्द, गुस्सा, प्रेम सब कुछ है ट्रेलर में

विवेक ओबेरॉय के अलावा बोमन इरानी, बरखा बिष्ट, मनोज जोशी, प्रशांत नारायण, राजेंद्र गुप्ता, जरीना वहाब और अंजन श्रीवास्तव मुख्य भूमिकाओं में होंगे। फिल्म का डायरेक्शन उमंग कुमार ने किया है।
ताशकंद फाइल्स

The Tashkent Files: मीडिया गिरोह वालों… यह प्रोपेगेंडा नहीं, अपने ‘लाल’ का सच जानने का हक है

यह फिल्म तो 'सच जानने का नागरिक अधिकार' है। यह उस महान नेता की बहुत बड़ी सेवा है, जिसकी रहस्यमय मौत की पिछले 53 वर्षों में कभी जाँच नहीं की गई।

‘अश्लील वीडियो बनाकर सेवादारों ने किया था ब्लैकमेल’, पुलिस ने पेश किया 366 पन्नों का चालान

ब्लैकमेलिंग से परेशान होकर वह मानसिक रूप से बीमार हो गए थे। जाँच के आधार पर पुलिस का दावा है कि सुसाइड नोट को सेवादारों ने षड्यंत्र के तहत आत्महत्या करने से पहले लिखवाया था।

ताज़ा ख़बरें

हमसे जुड़ें

24,263फैंसलाइक करें
6,161फॉलोवर्सफॉलो करें
30,697सब्सक्राइबर्ससब्सक्राइब करें

ज़रूर पढ़ें


शेयर करें, मदद करें: