Friday, October 22, 2021
HomeराजनीतिSC के फ़ैसले से आहत मायावती ने कहा, 'मीडिया और BJP कटी पतंग ना...

SC के फ़ैसले से आहत मायावती ने कहा, ‘मीडिया और BJP कटी पतंग ना बनें तो बेहतर’

"सदियों से तिरस्कृत दलित व पिछड़े वर्ग में जन्में महान संतों, गुरुओं व महापुरुषों के आदर-सम्मान में निर्मित भव्य स्थल, स्मारक, पार्क आदि सरकारों द्वारा बनाई गई। इनसे उत्तर प्रदेश व्यस्त पर्यटन स्थल बन गया।"

उत्तर प्रदेश की मुख्यमंत्री रहते हुए मायावती ने राज्य में कई जगहों पर हाथी की मूर्तियों को लगवाया था। इन मुर्तियों को लगाने के लिए मायावती ने सरकारी खज़ाने को ग़लत तरह से ख़र्च किया।

सुप्रीम कोर्ट ने मायावती के द्वारा सरकारी पैसा ख़र्च करके प्रतिमा लगाए जाने को ग़लत बताते हुए अपने फ़ैसले में मूर्तियों पर किए गए ख़र्च को लौटाने की बात कही। सुप्रीम कोर्ट द्वारा फ़ैसला सुनाए जाने के बाद अब इस मामले में मायावती की प्रतिक्रिया आई है।

मायावती ने इस मामले पर ट्वीट करते हुए कहा, “मीडिया कृपया कर माननीय सुप्रीम कोर्ट की टिप्पणी को तोड़-मरोड़ कर पेश न करें। हमारी पार्टी माननीय न्यायालय में अपना पक्ष पूरी मज़बूती के साथ आगे रखेगी। हमें पूरा भरोसा है कि इस मामले में भी न्यायालय से पूरा इंसाफ़ मिलेगा। मीडिया व बीजेपी के लोग कटी पतंग ना बनें तो बेहतर है।”

मायावती ने इस मामले में एक और ट्वीट करते हुए कहा कि सदियों से तिरस्कृत दलित व पिछड़े वर्ग में जन्मे महान संतों, गुरुओं व महापुरुषों के आदर-सम्मान में निर्मित भव्य स्थल, स्मारक, पार्क आदि सरकारों द्वारा बनाई गई। इनसे उत्तर प्रदेश की नई शान, पहचान मिला और यह जगह व्यस्त पर्यटन स्थल बन गया। इन आकर्षक जगहों से सरकार को नियमित आय भी होती है।

इस ट्वीट को पढ़ने के बाद ऐसा लग रहा है मानों वो अपनी सरकार द्वारा बनाए गए स्मारक और पार्क आदि पर सुप्रीम कोर्ट के फ़ैसले के बाद ख़ुद का बचाव कर रही हों।

दरअसल, सुप्रीम कोर्ट ने शुक्रवार (फ़रवरी 8, 2019) को आदेश दिया कि बसपा अध्यक्ष मायावती को जनता का वो सारा धन लौटाना होगा जिसे उन्होंने अपने स्मारकों को बनाने में ख़र्च किया था।

यह आदेश न्यायलय ने एक वकील द्वारा दाखिल की गई याचिका पर सुनवाई करते हुए दिया। जिसमें शिक़ायत थी कि कोई भी राजनैतिक पार्टी जनता के पैसों का इस्तेमाल अपनी मूर्तियाँ बनवाने के लिए या फिर प्रचार-प्रसार के लिए ख़र्च नहीं कर सकती।

 

  सहयोग करें  

एनडीटीवी हो या 'द वायर', इन्हें कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

‘जमानत के लिए भगवान भरोसे हैं आर्यन खान’: जेल में रोज हो रहे आरती में शामिल, कैदियों से मिलती है दिलासा

आर्यन खान ड्रग केस में इस समय जेल में हैं। वो रोज आरती में शामिल होते हैं और अपनी रिहाई के इंतजार में चुप बैठे रहते हैं।

कैप्टन अमरिंदर की पाकिस्तानी दोस्त अरूसा आलम के ISI लिंक की होगी जाँच: बीजेपी से जुड़ने की खबरों के बीच चन्नी सरकार का ऐलान

"चूँकि कैप्टन का दावा है कि पंजाब को आईएसआई से खतरा है, इसलिए हम उनकी दोस्त अरूसा आलम के आईएसआई के साथ संबंधों की जाँच करेंगे।"

प्रचलित ख़बरें

- विज्ञापन -

हमसे जुड़ें

295,307FansLike
130,824FollowersFollow
411,000SubscribersSubscribe