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बंगाल के संघी पाकिस्तानी, कोरोना में उन पर हमले महत्वपूर्ण खबर नहीं: पत्रकार की बदजुबानी, Asianet न्यूज ने माँगी माफी

“हम जानबूझ कर बंगाल कवर नहीं कर रहे। बंगाल के संघियों पर हो रहे हमले को दिखाने का कोई मतलब नहीं है... बंगाली संघी भारतीय नहीं... वह पाकिस्तानी हैं।”

केरल की एशियानेट न्यूज की पत्रकार और एक दर्शक के बीच की बातचीत सोशल मीडिया पर वायरल हो रही है। इसमें पत्रकार ने ‘संघियों’ और बंगालियों के लिए आपत्तिजनक शब्दों का उपयोग किया है। बातचीत वायरल होने के बाद इस पर एशियानेट न्यूज ने माफी माँगी है। पत्रकार पीआर प्रवीणा केरल के वरिष्ठ कॉन्ग्रेस नेता पी रमानी की बेटी कही जा रही है। 

जानकारी के मुताबिक एक दर्शक ने एशियानेट की पत्रकार से यह पूछने के लिए संपर्क किया कि आखिर वह लोग बंगाल में हो रही हिंसा को क्यों नहीं दिखा रहे। इस पर पत्रकार ने वाजिब जवाब देने की बजाय दर्शक को कहा कि बंगाल के संघी पाकिस्तानी हैं और कोरोना समय में उनकी पिटाई इतनी महत्वपूर्ण खबर नहीं है।

पत्रकार को ऑडियो में तंज भरी आवाज में कहते सुना जा सकता है, “हम जानबूझकर बंगाल कवर नहीं कर रहे। कोविड ही एक मात्र चीज है, जिसे हम दिखा रहे हैं। हमारे परिजन, हमारे दोस्त, हमारे पड़ोसी कोविड के कारण मर रहे हैं और हमारे पास लोगों को दफनाने के लिए जगह तक नहीं है। ऐसे में बंगाल के संघियों पर हो रहे हमले को दिखाने का कोई मतलब नहीं है।” पत्रकार की बात सुनकर दर्शक कहती है कि क्या बंगाली भारतीय नहीं है। इस पर पत्रकार कहती हैं, “नहीं-नहीं वह पाकिस्तानी हैं।”

पत्रकार की ऐसी आपत्तिजनक बातें वायरल होने के बाद एशियानेट न्यूज ने सार्वजिनक तौर पर इस मुद्दे पर माफी माँगी। मीडिया संस्थान ने कहा है कि ऐसी हरकत बिलकुल स्वीकार्य नहीं है। चैनल ने इस मामले में एक्शन लेने की बात भी कही है।

बता दें कि बंगाल में ममता सरकार की वापसी के साथ टीएमसी ने राज्य में खूब उपद्रव मचाया। तमाम भाजपा कार्यकर्ताओं के घरों पर हमला बोला गया और कइयों ने अपनी जान भी गवा दी। वरिष्ठ टीएमसी नेता पहले तो इन घटनाओं से मना करते रहे। लेकिन बाद में ममता बनर्जी ने खुद ऐलान किया कि नतीजों के बाद बंगाल में जो हिंसा हुई है, उसके पीड़ितों को वह मुआवजा देंगी।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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