Wednesday, March 3, 2021
Home रिपोर्ट मीडिया 'बिहार विधानसभा में आजादी के बाद पहली बार सत्ताधारी गठबंधन में एक भी मुस्लिम...

‘बिहार विधानसभा में आजादी के बाद पहली बार सत्ताधारी गठबंधन में एक भी मुस्लिम MLA नहीं’: जानें इस ‘वामपंथी प्रोपेगेंडा’ की वजह

सच्चाई यह है कि एनडीए गठबंधन के सबसे बड़े गठबंधन सहयोगियों में से एक, जदयू ने हाल ही में संपन्न बिहार विधानसभा चुनावों के लिए 11 मुस्लिम उम्मीदवारों को मैदान में उतारा था। हालाँकि, इनमें से एक भी मुस्लिम उम्मीदवारों को जीत हासिल नहीं हो सकी।

बिहार विधानसभा चुनाव में एनडीए ने एक बार फिर से जबरदस्त जीत हासिल की तो वहीं महागठबंधन को करारी हार मिली। चुनाव नतीजों से असंतुष्ट प्रोपेगेंडाबाज फर्जी नैरेटिव से जदयू, बीजेपी और एनडीए में शामिल अन्य दलों द्वारा कड़ी मेहनत से हासिल की गई जीत को मटियामेट करने की कोशिश में जुटे हैं।

कॉन्ग्रेस, राजद और अन्य पार्टी के महागठबंधन के जीतने की कामना करने वाले तथाकथित बुद्धिजीवियों में से कई ऐसे बुद्धिजीवी हैं जिनके लिए इस जीत को पचा पाना काफी मुश्किल हो रहा है। बिहार चुनावों में जदयू और बीजेपी के खिलाफ ध्रुवीकरण अभियान चलाने के बाद अब ये लोग नया प्रोपेगेंडा लेकर आए हैं। इस बार उनका इरादा  पीएम मोदी, बीजेपी और जेडीयू को मुस्लिम विरोधी के रूप में दिखाने का है। उन्होंने कहा कि एनडीए से एक भी मुस्लिम विधायक नहीं बना।

वामपंथी ऑनलाइन वेबसाइट ‘द वायर’ की पत्रकार ने ‘द टेलीग्राफ’ की एक रिपोर्ट शेयर करते हुए बिहार विधानसभा में एक भी मुस्लिम विधायक नहीं बनने के लिए एनडीए गठबंधन को ‘मुस्लिम विरोधी’ बताने का प्रयास किया। आरफा ने ट्वीट किया, “आजादी के बाद बिहार में पहली बार ऐसा हुआ है जब अपने सबसे बड़े अल्पसंख्यक समुदाय के एक भी विधायक के बिना सत्ताधारी गठबंधन बना।”

कई अन्य वामपंथी ‘बुद्धिजीवी’ और मीडिया पोर्टलों ने भी बीजेपी और उसके सहयोगी दलों को मुस्लिम विरोधी साबित करने के लिए इसी लाइन को आगे बढ़ाया है। उनका यह प्रयास ये दिखाने के लिए था कि भाजपा देश के समुदाय विशेष को असंतुष्ट करने का काम कर रही है।

उनका यह प्रयास स्वाभाविक रूप से देश के समुदाय विशेष के बीच के फैले छद्म भय को ट्रिगर करने के लिए किया जाता है ताकि उन्हें भाजपा और उसके सहयोगियों के खिलाफ वोट करने के लिए जुटाया जा सके। इसी तरह का पैंतरा उस समय भी आजमाया गया था जब बीजेपी ने जम्मू-कश्मीर से आर्टिकल 370 को निरस्त कर दिया और नागरिकता संशोधन अधिनियम को पारित किया था। वामपंथियों द्वारा भाजपा को एक ऐसी पार्टी के रूप में चित्रित करने का प्रयास किया गया, जो मुस्लिमों की विरोधी है। ऐसा करके, वे अपने पसंदीदा दलों- कॉन्ग्रेस और अन्य वामपंथी दलों को उबारने की कोशिश कर रहे हैं, जो भारतीय राजनीतिक परिदृश्य के भितरघात के कारण पतन की ओर अग्रसर हैं।

हालाँकि, जब मीडिया संगठनों और वामपंथी विचारकों ने बिहार विधानसभा चुनावों में जदयू-भाजपा गठबंधन पर शून्य मुस्लिम प्रतिनिधित्व का दोष लगाया, तो यहाँ पर ध्यान देने वाली बात है कि उन्होंने जो दोष लगाया है, उसके पीछे कोई तर्क भी है या फिर वो सिर्फ सच्चाई को छुपाने के लिए ऐसा कर रहे हैं।

सच्चाई यह है कि एनडीए गठबंधन के सबसे बड़े गठबंधन सहयोगियों में से एक, जदयू ने हाल ही में संपन्न बिहार विधानसभा चुनावों के लिए 11 मुस्लिम उम्मीदवारों को मैदान में उतारा था। हालाँकि, इनमें से एक भी मुस्लिम उम्मीदवारों को जीत हासिल नहीं हो सकी।

बिहार विधानसभा चुनाव में जदयू द्वारा मैदान में उतारे गए मुस्लिम उम्मीदवारों का प्रदर्शन

सबा जफर ने जदयू के लिए अमौर विधानसभा सीट से चुनाव लड़ा और 22.72 प्रतिशत वोट हासिल किए। हालाँकि, वह एआईएमआईएम उम्मीदवार अख्तरुल ईमान से हार गईं, जिन्होंने 51 प्रतिशत वोट शेयर हासिल किया।

Source: Election Commission

अररिया में, कॉन्ग्रेस पार्टी के उम्मीदवार अबिदुर रहमान ने जेडीयू उम्मीदवार शगुफ्ता अजीम पर व्यापक जीत दर्ज की।

Source: Election Commission

ठाकुरगंज में जदयू के मोहम्मद नौशाद आलम ने 11.46 प्रतिशत वोट हासिल किए, जबकि राजद उम्मीदवार ने 41.48 प्रतिशत वोट हासिल कर विधानसभा चुनाव जीत लिया।

Source: Election Commission

जदयू द्वारा मुस्लिम उम्मीदवार के लिए कोचाधामन की कहानी भी निराशाजनक थी। जदयू के मुजाहिद आलम एआईएमआईएम उम्मीदवार मुहम्मद इज़हार असफी से हार गए, जिन्होंने लगभग 50 प्रतिशत वोट शेयर हासिल किए।

Source: Election Commission

बिहार के कांति में राजद के उम्मीदवार मुहम्मद इजरायल मंसूरी ने जदयू के उम्मीदवार मोहम्मद जमाल को पटखनी दी।

Source: Election Commission

सिकटा विधान सभा क्षेत्र से जदयू के खुर्शीद फिरोज अहमद को सीपीआई (एमएलएल) के उम्मीदवार बीरेंद्र प्रसाद गुप्ता को लगभग 14,000 वोटों के अंतर से हराया।

Source: Election Commission

जदयू के एक और मुस्लिम उम्मीदवार मोहम्मद शरफुद्दीन राजद उम्मीदवार चेतन आनंद से शेहर निर्वाचन क्षेत्र में हार गए।

Source: Election Commission

दरभंगा ग्रामीण निर्वाचन क्षेत्र में राजद प्रत्याशी ललित कुमार यादव और जदयू के फारुकी फातमी के बीच घनिष्ठ चुनावी रस्साकशी देखने को मिली। हालाँकि, अंत में यादव विजयी होकर उभरे।

Source: Election Commission

मरौरा जिले में, राजद के जितेंद्र कुमार रे ने जदयू के अल्ताफ आलम को काफी अंतर से हराया।

Source: Election Commission

महुआ में चुनाव परिणाम मारहरा से अलग नहीं था। यहाँ भी मुकेश कुमार रौशन ने जदयू के मुस्लिम उम्मीदवार अश्मा परवीन को करारी हार दी।

Source: Election Commission

बिहार के डुमरांव में, सीपीआई (एमएलएल) के उम्मीदवार अजीत कुमार सिंह ने चुनाव जीता, जदयू की अंजुम आरा को बढ़िया अंतर से हराया।

Source: Election Commission

राजनीतिक दल उम्मीदवारों की जीत को प्राथमिकता देते हैं

इस तरह से उपरोक्त परिणामों से स्पष्ट है, एनडीए गठबंधन के सहयोगियों द्वारा मैदान में उतारे गए मुस्लिम उम्मीदवारों में से कोई भी विधानसभा चुनाव जीतने में कामयाब नहीं हुआ। जदयू ने 43 सदस्यों को विधानसभा भेजा। अगर जदयू के सभी 11 मुस्लिम उम्मीदवार चुनाव जीत जाते, तो उनके पास विधानसभा की 54 सीटें होतीं, और उनमें से 20 प्रतिशत मुस्लिम होते।

राजनीतिक दल उन उम्मीदवारों का चयन करते हैं जो चुनाव जीतने की सबसे अधिक संभावना रखते हैं। बड़ी संख्या में मुस्लिम उम्मीदवारों का चयन करना, लेकिन उनमें से एक को भी विधानसभा में नहीं लाना कहीं से भी समझदारी की रणनीति नहीं है। इसलिए, बिहार विधानसभा में एनडीए में मुस्लिम विधायकों के न होने को लेकर गुमराह किया जा रहा है। क्योंकि ऐसा उम्मीदवारों की कमी की वजह से नहीं बल्कि उनके न जीतने की वजह से हैं।

  सहयोग करें  

एनडीटीवी हो या 'द वायर', इन्हें कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

Jinit Jain
Engineer. Writer. Learner.

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

अनुराग कश्यप और तापसी पन्नू समेत कई दिग्गजों के 22 ठिकानों पर इनकम टैक्स की रेड, फैंटम फिल्म्स से जुड़ा है मामला

मुंबई में बॉलीवुड की कुछ बड़ी हस्तियों के घर बुधवार को इनकम टैक्स (IT) डिपार्टमेंट का छापा पड़ा है। इनमें एक्ट्रेस तापसी पन्नू, निर्माता अनुराग कश्यप, विकास बहल और मधु मंटेना शामिल हैं।

तिरंगा यात्रा निकालने और हिन्दुओं के घर के सामने बीफ फेंकने के विरोध पर मारी गोली: RSS कार्यकर्ता ने याद किया वो मंजर

दिसंबर 2019 की वो घटना याद होगी, जब बीर बहादुर सिंह नामक RSS कार्यकर्ता को कोलकाता के मेटियाब्रुज में गोली मारी गई थी। सुनिए क्या कहते हैं वो।

जिस दरगाह को CM ममता ने दिए ₹2.60 करोड़, उस मौलाना के कार्यकर्ता के घर से मिले बम-बंदूक: ISF का जियारुल फरार

पश्चिम बंगाल के विवादित मौलाना अब्बास सिद्दीकी की पार्टी 'इंडियन सेक्युलर फ्रंट (ISF)' के एक कार्यकर्ता के यहाँ से बम मिले हैं।

‘तुम पंजाब के खिलाफ हो, रोटी कैसे पचती है?’: राजदीप ने अजय देवगन की कार रोक बकी गालियाँ, गिरफ्तारी के बाद मुंबई में बेल

मुंबई में एक व्यक्ति ने अजय देवगन की कार रोकी और उनके खिलाफ टिप्पणी करने लगा, जिसके बाद मुंबई पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया। मिली जमानत।

‘चार्टर्ड प्लेन में घूमने वाले, चुनाव के समय साइकल से आते हैं’ – प्रियंका के भाषण पर लोग शेयर कर रहे राहुल का वीडियो

एक ट्विटर यूजर ने लिखा कि प्रियंका गाँधी उनके बारे में ही बात कर रही हैं, जो पोगो कार्टून चैनल देखते हैं और फिर ट्वीट करते हैं।

BBC के शो में PM नरेंद्र मोदी को माँ की गंदी गाली, अश्लील भाषा का प्रयोग: किसान आंदोलन पर हो रहा था ‘Big Debate’

दिल्ली में चल रहे 'किसान आंदोलन' को लेकर 'BBC एशियन नेटवर्क' के शो में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर आपत्तिजनक टिप्पणी (माँ की गाली) की गई।

प्रचलित ख़बरें

‘प्राइवेट पार्ट में हाथ घुसाया, कहा पेड़ रोप रही हूँ… 6 घंटे तक बंधक बना कर रेप’: LGBTQ एक्टिविस्ट महिला पर आरोप

LGBTQ+ एक्टिविस्ट और TEDx स्पीकर दिव्या दुरेजा पर पर होटल में यौन शोषण के आरोप लगे हैं। एक योग शिक्षिका Elodie ने उनके ऊपर ये आरोप लगाए।

‘बिके हुए आदमी हो तुम’ – हाथरस मामले में पत्रकार ने पूछे सवाल तो भड़के अखिलेश यादव

हाथरस मामले में सवाल पूछने पर पत्रकार पर अखिलेश यादव ने आपत्तिजनक टिप्पणी की। सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल होने के बाद उनकी किरकिरी हुई।

आगरा से बुर्के में अगवा हुई लड़की दिल्ली के पीजी में मिली: खुद ही रचा ड्रामा, जानिए कौन थे साझेदार

आगरा के एक अस्पताल से हुई अपहरण की यह घटना सीसीटीवी फुटेज वायरल होने के बाद सामने आई थी।

‘बीवी के सामने गर्लफ्रेंड को वीडियो कॉल करता था शौहर, गर्भ में ही मर गया था बच्चा’: आयशा की आत्महत्या के पीछे की कहानी

राजस्थान की ही एक लड़की से आयशा के शौहर आरिफ का अफेयर था और आयशा के सामने ही वो वीडियो कॉल पर उससे बातें करता था। आयशा ने कर ली आत्महत्या।

सपा नेता छेड़खानी भी करता है, हत्या भी… और अखिलेश घेर रहे योगी सरकार को! आरोपित के खिलाफ लगेगा NSA

मृतक ने गौरव शर्मा नाम के आरोपित (जो सपा नेता भी है) के खिलाफ अपनी बेटी के साथ छेड़छाड़ की शिकायत पुलिस थाने में दर्ज कराई थी।

BBC के शो में PM नरेंद्र मोदी को माँ की गंदी गाली, अश्लील भाषा का प्रयोग: किसान आंदोलन पर हो रहा था ‘Big Debate’

दिल्ली में चल रहे 'किसान आंदोलन' को लेकर 'BBC एशियन नेटवर्क' के शो में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर आपत्तिजनक टिप्पणी (माँ की गाली) की गई।
- विज्ञापन -

 

हमसे जुड़ें

292,216FansLike
81,880FollowersFollow
392,000SubscribersSubscribe