Sunday, November 29, 2020
Home रिपोर्ट राष्ट्रीय सुरक्षा 26/11 पर एक और दहशतगर्दी: J&K में एक ही दिन में 2 धमाके -...

26/11 पर एक और दहशतगर्दी: J&K में एक ही दिन में 2 धमाके – दो की मौत, 7 घायल

हज़रतबल धमाका केंद्र-शासित प्रदेश की राजधानी श्रीनगर में स्थित कश्मीर यूनिवर्सिटी के परिसर में हुआ। यह मुस्लिमों के पवित्र स्थल हज़रतबल दरगाह से महज़ 10 मिनट की दूरी पर स्थित है।

कश्मीर में जिहादियों के आतंक का नंगा नाच रोके नहीं रुक रहा है। दो हफ्ते पहले एक बेकसूर दुकानदार मेहराजुद्दीन की सरेआम बेरहमी से हत्या करने के बाद आज (मंगलवार, 26 नवंबर, 2019 को) उन्होंने घाटी में दो धमाके कर दो लोगों की हत्या कर दी है। साथ ही धमाकों में कई लोग घायल भी हुए हैं। दोनों ही धमाके सुरक्षा के लिहाज से संवेदनशील इलाकों अनंतनाग और राजधानी श्रीनगर में हुए हैं।

अनंतनाग के हाकुरा में हुए धमाके का स्रोत इलाके के ‘बैक टू विलेज’ में फेंका गया ग्रेनेड (हथगोला) बताया जा रहा है। दोनों मौतें इसी धमाके में हुई हैं। मरने वालों में एक सरकारी अधिकारी और एक किसी गाँव का सरपंच बताया जा रहा है। दोनों की पहचान अभी तक जारी नहीं की गई है। इसके अलावा इस धमाके में 4 लोग घायल भी बताए जा रहे हैं

मीडिया रिपोर्टों के अनुसार धमाके के बाद वहाँ अफ़रा-तफ़री मच गई और पुलिस को आनन-फानन में स्थिति के नियंत्रण के लिए एक टीम वहाँ भेजनी पड़ी। यह धमाका श्रीनगर के हज़रतबल धमाके के बाद हुआ था।

हज़रतबल धमाका केंद्र-शासित प्रदेश की राजधानी श्रीनगर में स्थित कश्मीर यूनिवर्सिटी के परिसर में हुआ था। यह मुस्लिमों के पवित्र स्थल हज़रतबल दरगाह से महज़ 10 मिनट की दूरी पर स्थित है। धमाका हालाँकि कुछ मीडिया रिपोर्टों में ‘कम तीव्रता का’ बताया जा रहा है, लेकिन इसमें भी कई लोग घायल हुए हैं।

इन सभी (और इनके पहले की भी) जिहादी वारदातों में एक समान बात यह है कि इनका मकसद कश्मीर में हालात सामान्य होने न देना है। अनुच्छेद 370 को मोदी सरकार द्वारा निष्प्रभावी कर दिए जाने के बाद से जिहादी और उनके पाकिस्तानी आका इस कोशिश में लगे हैं कि ज़मीनी तौर ओर इसका कोई प्रभाव न पड़े- न जनजीवन सामान्य हो, न व्यापार और अन्य दैनिक गतिविधियाँ चालू हों, और न ही इस हिंसा के डर से बाकी के भारत से लोग वहाँ पर आ पाएँ। इसके पहले मेहराजुद्दीन की हत्या के समय भी सुरक्षा एजेंसियों ने अंदेशा जताया था कि यह हत्या जिहादियों की हड़ताल को अनसुना करने वालों को धमकी के रूप में की गई है।

  सहयोग करें  

एनडीटीवी हो या 'द वायर', इन्हें कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

प्रदर्शनकारी किसानों से बातचीत के लिए गृहमंत्री अमित शाह ने संभाला मोर्चा, कहा- पहले हाईवे खाली कर तय मैदान में जाएँ

“मैं प्रदर्शनकारी किसानों से अपील करता हूँ कि भारत सरकार बातचीत करने के लिए तैयार है। कृषि मंत्री ने उन्हें 3 दिसंबर को चर्चा के लिए आमंत्रित किया है। सरकार किसानों की हर समस्या और माँग पर विचार करने के लिए तैयार है।”

ओवैसी के गढ़ में रोड शो कर CM योगी आदित्‍यनाथ ने दी चुनौती, गूँजा- आया आया शेर आया… देखें वीडियो

सीएम योगी के रोड शो के में- ‘आया आया शेर आया.... राम लक्ष्मण जानकी, जय बोलो हनुमान की’, योगी-योगी, जय श्री राम, भारत माता की जय और वंदे मातरम के भी गगनभेदी नारे लगाए गए।

प्रदर्शन करने वाले किसानों को $1 मिलियन का ऑफर, खालिस्तान के समर्थन में खुलेआम नारेबाजी: क्या है SFJ का मास्टरप्लान

किसान आंदोलन पर खालिस्तान समर्थक ताकतों ने कब्ज़ा कर लिया है। SFJ पहले ही इस बात का ऐलान कर चुका है कि वह खालिस्तान का समर्थन करने वाले पंजाब और हरियाणा के किसानों को 10 लाख रूपए की आर्थिक मदद करेगा।

शादी में पैसा, फ्री कार, मस्जिद-दरगाहों का विकास: तेलंगाना में ‘अल्पसंख्यकों’ पर 6 साल में ₹5600 करोड़ खर्च

तेलंगाना में अल्पसंख्यक तुष्टिकरण के लिए सरकारी खजाने का नायाब उपयोग सामने आया है। तेलंगाना सरकार ने पिछले 6 वर्षों में राज्य में अल्पसंख्यक केंद्रित योजनाओं पर 5,639.44 करोड़ रुपए खर्च किए हैं।

ना MSP ख़त्म होगी, न APMC पर कोई फर्क पड़ेगा: जानिए मोदी सरकार के कृषि कानूनों को लेकर फैलाई जा रही अफवाहों का सच

MSP हट जाएगा? APMC की शक्तियाँ ख़त्म हो जाएँगी? किसानों को फसल का नुकसान होगा? व्यापारियों की चाँदी होगी? कॉन्ट्रैक्ट कर के किसान फँस जाएँगे? जानिए सारी सच्चाई।

कैसे बन रही कोरोना वैक्सीन? अहमदाबाद और हैदराबाद में PM मोदी ने लिया जायजा, पुणे भी जाएँगे

कोरोना महामारी संकट के बीच शनिवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी देश में कोरोना वैक्सीन की तैयारियों का जायजा ले रहे हैं। इसके तहत पीएम मोदी देश के तीन शहरों के दौरे पर हैं।

प्रचलित ख़बरें

‘कबीर असली अल्लाह, रामपाल अंतिम पैगंबर और मुस्लिम असल इस्लाम से अनजान’: फॉलोवरों के अजीब दावों से पटा सोशल मीडिया

साल 2006 में रामपाल के भक्तों और पुलिसकर्मियों के बीच हिंसक झड़प हुई थी जिसमें 5 महिलाओं और 1 बच्चे की मृत्यु हुई थी और लगभग 200 लोग घायल हुए थे। इसके बाद नवंबर 2014 में उसे गिरफ्तार किया गया था।

दिल्ली दंगों के दौरान मुस्लिमों को भड़काने वाला संगठन ‘किसान’ प्रदर्शनकारियों को पहुँचा रहा भोजन: 25 मस्जिद काम में लगे

UAH के मुखिया नदीम खान ने कहा कि मोदी सरकार के खिलाफ आंदोलन कर रहे लोगों को मदद पहुँचाने के लिए हरसंभव प्रयास किया जा रहा है।

दिवंगत वाजिद खान की पत्नी ने अंतर-धार्मिक विवाह की अपनी पीड़ा पर लिखा पोस्ट, कहा- धर्मांतरण विरोधी कानून का राष्ट्रीयकरण होना चाहिए

कमलरुख ने खुलासा किया कि कैसे इस्लाम में परिवर्तित होने के उनके प्रतिरोध ने उनके और उनके दिवंगत पति के बीच की खाई को बढ़ा दिया।

भोपाल स्टेशन के सालों पुराने ‘ईरानी डेरे’ पर चला शिवराज सरकार का बुलडोजर, हाल ही में हुआ था पुलिस पर पथराव

साल 2017 के एक आदेश में अदालत ने इस ज़मीन को सरकारी बताया था लेकिन अदालत के आदेश के बावजूद ईरानी यहाँ से कब्ज़ा नहीं हटा रहे थे।

31 का कामिर खान, 11 साल की बच्ची: 3 महीने में 4000 मैसेज भेजे, यौन शोषण किया; निकाह करना चाहता था

कामिर खान ने स्वीकार किया है कि उसने दो बार 11 वर्षीय बच्ची का यौन शोषण किया। उसे गलत तरीके से छुआ, यौन सम्बन्ध बनाने के लिए उकसाया और अश्लील मैसेज भेजे।

ना MSP ख़त्म होगी, न APMC पर कोई फर्क पड़ेगा: जानिए मोदी सरकार के कृषि कानूनों को लेकर फैलाई जा रही अफवाहों का सच

MSP हट जाएगा? APMC की शक्तियाँ ख़त्म हो जाएँगी? किसानों को फसल का नुकसान होगा? व्यापारियों की चाँदी होगी? कॉन्ट्रैक्ट कर के किसान फँस जाएँगे? जानिए सारी सच्चाई।

दिवंगत वाजिद खान की पत्नी ने अंतर-धार्मिक विवाह की अपनी पीड़ा पर लिखा पोस्ट, कहा- धर्मांतरण विरोधी कानून का राष्ट्रीयकरण होना चाहिए

कमलरुख ने खुलासा किया कि कैसे इस्लाम में परिवर्तित होने के उनके प्रतिरोध ने उनके और उनके दिवंगत पति के बीच की खाई को बढ़ा दिया।

प्रदर्शनकारी किसानों से बातचीत के लिए गृहमंत्री अमित शाह ने संभाला मोर्चा, कहा- पहले हाईवे खाली कर तय मैदान में जाएँ

“मैं प्रदर्शनकारी किसानों से अपील करता हूँ कि भारत सरकार बातचीत करने के लिए तैयार है। कृषि मंत्री ने उन्हें 3 दिसंबर को चर्चा के लिए आमंत्रित किया है। सरकार किसानों की हर समस्या और माँग पर विचार करने के लिए तैयार है।”

खालिस्तानियों के बाद कट्टरपंथी PFI भी उतरा ‘किसान विरोध’ के समर्थन में, अलापा संविधान बचाने का पुराना राग

पॉपुलर फ्रंट ऑफ इंडिया के अध्यक्ष ओएमए सलाम ने भी घोषणा किया कि उनका इस्लामी संगठन ‘दिल्ली चलो’ मार्च का समर्थन करेगा। वह किसानों की माँगों के साथ खड़े हैं।

ओवैसी के गढ़ में रोड शो कर CM योगी आदित्‍यनाथ ने दी चुनौती, गूँजा- आया आया शेर आया… देखें वीडियो

सीएम योगी के रोड शो के में- ‘आया आया शेर आया.... राम लक्ष्मण जानकी, जय बोलो हनुमान की’, योगी-योगी, जय श्री राम, भारत माता की जय और वंदे मातरम के भी गगनभेदी नारे लगाए गए।

भोपाल स्टेशन के सालों पुराने ‘ईरानी डेरे’ पर चला शिवराज सरकार का बुलडोजर, हाल ही में हुआ था पुलिस पर पथराव

साल 2017 के एक आदेश में अदालत ने इस ज़मीन को सरकारी बताया था लेकिन अदालत के आदेश के बावजूद ईरानी यहाँ से कब्ज़ा नहीं हटा रहे थे।

मुंबई मेयर के ‘दो टके के लोग’ वाले बयान पर कंगना रनौत ने किया पलटवार, महाराष्ट्र सरकार पर कसा तंज

“जितने लीगल केस, गालियाँ और बेइज्जती मुझे महाराष्ट्र सरकार से मिली है, उसे देखते हुए तो अब मुझे ये बॉलीवुड माफिया और ऋतिक-आदित्य जैसे एक्टर भी भले लोग लगने लगे हैं।”

प्रदर्शन करने वाले किसानों को $1 मिलियन का ऑफर, खालिस्तान के समर्थन में खुलेआम नारेबाजी: क्या है SFJ का मास्टरप्लान

किसान आंदोलन पर खालिस्तान समर्थक ताकतों ने कब्ज़ा कर लिया है। SFJ पहले ही इस बात का ऐलान कर चुका है कि वह खालिस्तान का समर्थन करने वाले पंजाब और हरियाणा के किसानों को 10 लाख रूपए की आर्थिक मदद करेगा।

SEBI ने NDTV के प्रमोटरों प्रणय रॉय, राधिका रॉय और विक्रम चंद्रा समेत 2 अन्य को किया ट्रेडिंग से प्रतिबंधित, जानिए क्या है मामला

भारत के पूँजी बाजार नियामक भारतीय प्रतिभूति और विनिमय बोर्ड (SEBI) ने विवादास्पद मीडिया नेटवर्क NDTV के प्रवर्तकों प्रणय रॉय और राधिका रॉय को इनसाइडर ट्रेडिंग से अनुचित लाभ उठाने का दोषी पाया है।

शादी में पैसा, फ्री कार, मस्जिद-दरगाहों का विकास: तेलंगाना में ‘अल्पसंख्यकों’ पर 6 साल में ₹5600 करोड़ खर्च

तेलंगाना में अल्पसंख्यक तुष्टिकरण के लिए सरकारी खजाने का नायाब उपयोग सामने आया है। तेलंगाना सरकार ने पिछले 6 वर्षों में राज्य में अल्पसंख्यक केंद्रित योजनाओं पर 5,639.44 करोड़ रुपए खर्च किए हैं।

ना MSP ख़त्म होगी, न APMC पर कोई फर्क पड़ेगा: जानिए मोदी सरकार के कृषि कानूनों को लेकर फैलाई जा रही अफवाहों का सच

MSP हट जाएगा? APMC की शक्तियाँ ख़त्म हो जाएँगी? किसानों को फसल का नुकसान होगा? व्यापारियों की चाँदी होगी? कॉन्ट्रैक्ट कर के किसान फँस जाएँगे? जानिए सारी सच्चाई।

हमसे जुड़ें

272,571FansLike
80,443FollowersFollow
358,000SubscribersSubscribe