Homeसोशल ट्रेंडशशि थरूर की इस तस्वीर में लोगों ने एक ख़ास बात पकड़ ली, जानिए...

शशि थरूर की इस तस्वीर में लोगों ने एक ख़ास बात पकड़ ली, जानिए क्या है वो बात

दरअसल, सोशल मीडिया पर युवाओं के बीच शशि थरूर की तस्वीरों को लेकर खासा दिलचस्पी रहती है। अक्सर उनकी महिलाओं के साथ खिंची गई तस्वीरों को लोग शेयर करचुटकुले बनाते हुए देखे जाते हैं। ऐसे में आज जनता कर्फ्यू के दौरान उनके अकेले की तस्वीर देख लोगों ने उन्हें धर लिया।

देशभर में जारी जनता कर्फ्यू के दौरान सभी लोग सोशल मीडिया पर सक्रिय रूप से अपने-अपने शहर का हाल बयाँ कर रहे हैं। तस्वीरें पोस्ट कर रहे हैं। इन्हीं में से एक हैं कॉन्ग्रेस सांसद शशि थरूर। उन्होंने भी सोशल मीडिया पर अपनी एक तस्वीर डाली है। लेकिन पोस्ट करते ही सोशल मीडिया यूजर्स ने तुरंत उनकी तस्वीर में एक कमी तलाश ली!

शशि थरूर ने ट्विटर पर अपनी तस्वीर पोस्ट करते हुए लिखा, “मैं जनता कर्फ्यू के समर्थन में दिल्ली स्थित अपने आवास पर हूँ। इस बहाने आधे घंटे तक ट्रेडमिल पर पसीना बहाने का अवसर मिला। खुद को स्वस्थ रखकर और कभी न थकने वाले हमारे स्वास्थ्यकर्मियों का बोझ न बढ़ाकर हम उन्हें धन्यवाद दे सकते हैं!”

शशि थरूर के इस ट्वीट को भाजपा नेता तजिंदर पाल सिंह बग्गा ने रिट्वीट करते हुए लिखा, “सर आज पहली बार आपको अकेले देखा।”

@YadavAnja ने शशि थरूर की तस्वीर पर कमेंट करते हुए लिखा, “#JantaCurfew के चलते आज अकेला मंडरा रहा है भंवरा।”

@FunMauji ने लिखा, “आज कोई मिली नहीं सेल्फी के लिए?”

दरअसल, सोशल मीडिया पर युवाओं के बीच शशि थरूर की तस्वीरों को लेकर खासा दिलचस्पी रहती है। अक्सर उनकी महिलाओं के साथ खिंची गई तस्वीरों को लोग शेयर करचुटकुले बनाते हुए देखे जाते हैं। ऐसे में आज जनता कर्फ्यू के दौरान उनके अकेले की तस्वीर देख लोगों ने उन्हें धर लिया।

गौरतलब है कि कोरोना वायरस के संक्रमण का प्रसार रोकने के लिए पूरे देश में आज पीएम नरेंद्र मोदी की अपील पर जनता कर्फ्यू है। सड़कों पर सन्नाटा पसरा है और लोग अपने घरों में हैं। इस बीच, कई राज्यों ने 31 मार्च तक पूरी तरह लॉकडाउन का फैसला किया है।

Join OpIndia's official WhatsApp channel

  सहयोग करें  

'द वायर' जैसे राष्ट्रवादी विचारधारा के विरोधी वेबसाइट्स को कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

क्या भारत की राजनीति पहली बार पूरी तरह ‘हिन्दू-केंद्रित’ हो गई है?

क्या भारत की राजनीति का सबसे बड़ा बदलाव चुनावी नतीजों में नहीं, बल्कि राजनीतिक बहस के केंद्र में हुआ है? PM मोदी मजबूत हों या कमजोर, सत्ता में BJP रहे या विपक्ष आए, क्या हिन्दू पहचान और हिन्दू समाज से जुड़े सवाल अब भारतीय राजनीति के केंद्रीय विमर्श का हिस्सा बन चुके हैं?

कुएँ में कूदने की जगह नहीं बची तो रोने लगीं हिंदू महिलाएँ: जानिए- 1947 में रावलपिंडी के तोहा खालसा में 90 हिंदू-सिख महिलाओं ने...

जानिए 1947 के रावलपिंडी दंगों में तोहा खालसा की 93 हिंदू महिलाओं के कुएँ में एक साथ कूदकर जान देने की दर्दनाक कहानी।
- विज्ञापन -