तबीयत बिगड़ने के बाद अली हसन को अस्पताल लाया गया, वहाँ 14 लीटकर ऑक्सीजन दी गई। लेकिन हालत में कोई सुधार नहीं हुआ। 23 अप्रैल को उपचार के दौरान उनकी मृत्यु हो गई।
बाबा रामदेव ने कहा कि कोरोना वायरस संक्रमितों के विषय में जो बताया गया ऐसे सभी दावे अफवाह मात्र हैं। उन्होंने कहा कि वह रोजाना सुबह 5 से 10 बजे तक स्वास्थ्य और योग से जुड़े लाइव कार्यक्रम करते हैं।
अब इसी क्रम में सिद्धार्थ वरदाराजन ने फिर से फेक न्यूज फैलाई है। हालाँकि इसी फेक न्यूज के लिए एक दिन पहले ही द लॉजिकल इंडियन सार्वजनिक रूप से माफी माँग चुका है।