पुलिस ने बताया कि भवानिपुर पुलिस स्टेशन में पीड़िता का बयान दर्ज किया गया है। आरोपित कहता है कि वह शंभूनाथ पंडित अस्पताल का पूर्व ग्रुप डी स्टाफ है। आगे की जाँच जारी है।
स्वास्थ्य मंत्री इरफ़ान अंसारी ने इसे बाद दावा किया कि रोक कानून व्यवस्था को देखते हुए लगाई गई है। उन्होंने कहा कि छात्र हॉस्टल में ही सरस्वती पूजा मनाएँगे।
एस मारुथुपंडियन ने आरोप लगाया था कि उनकी बेटी की मर्जी के बिना कॉपर टी लगा दिया गया। महिला के पिता का यह भी दावा था कि कॉपर टी लगाने के दौरान उनकी बेटी को काफी ब्लीडिंग हुई।