मुंद्रा पोर्ट पर ड्रग्स की बरामदगी को लेकर कॉन्ग्रेस पार्टी ने जो दुष्प्रचार किया, वह लगभग ढाई दशक से गुजरात के विरुद्ध चल रहे दुष्प्रचार का सबसे नया संस्करण है।
केरल के एक कॉलेज में मलयालम पढ़ाने वाले प्रोफेसर पर साल 2010 में ईशनिंदा का आरोप मढ़ कर कट्टरपंथियों ने हमला किया था। उस दौरान उनका हाथ काट दिया गया था।
केरल की यूनिवर्सिटी में पीजी छात्रों को सेमेस्टर 3 में RSS के नेता एम एस गोलवलकर और हिंदू महासभा के नेता वी डी सावरकर की किताबों के कुछ अंशों को नहीं पढ़ाया जाएगा।
निमिषा ने अपनी गलती स्वीकारते हुए कहा कि वह परंपराओं के खिलाफ नहीं हैं। उन्हें इसके बारे में कोई जानकारी नहीं थी कि धार्मिक स्थल में पल्लियोडम नौका पर चढ़ना गलत है।