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कोरोना: मजहब की आड़ में जाहिलपना करते ‘धरती के सबसे बड़े मूर्खों’ के वीडियो

एक वीडियो में एक व्यक्ति कहता है कि वो नमाज पढ़ने तो जाएगा ही क्योंकि एक अच्छा काम करते समय अगर प्राण निकल भी जाएँ तो इससे अच्छी क्या बात होगी?

सावधान: सोशल मीडिया पर कोरोना संबंधी अफवाह फैलाया तो… 6 महीने के लिए जाएँगे जेल

एडवाइजरी में साफ-साफ कहा गया है कि कोई भी व्यक्ति, संस्था या संगठन कोरोना वायरस से संबंधित कोई भी जानकारी बिना तथ्य का पता लगाए या फिर DMET, DPH, DHS या कलेक्टर की पूर्व मंजूरी के बिना प्रिंट, इलेक्ट्रॉनिक या सोशल मीडिया पर नहीं डालेगा। अगर कोई इसका उल्लंघन करता है, तो उसे दंडनीय अपराध माना जाएगा और...

भाभी के साथ ट्रेन पर थाली-ताली बजाओ… बहुत पैसे मिलेंगे’ – कैफ ने मानी PM मोदी की बात, कट्टरपंथी दे रहे गाली

"वाह कैफ जी वाह, बहुत खूब आप में और गैर इमान वालों में क्या फर्क है बता सकते हैं? अरे आपको चाहिए अपने परिवार को बोलते अल्लाह के सामने सजदा करो, दुआ माँगो, रो-रोकर दुआ माँगो और सुन्नत पे चलो। अल्लाह की बात छोड़ बजाय फेकू साहब की मान रहे हो, वाह।"

जनता कर्फ्यू: जब एक घंटे के लिए पूरा देश मंदिर में तब्दील हो गया

22 मार्च की सुबह से ही जनता कर्फ्यू के सन्नाटे के बावजूद भी कुछ लोगों ने आरती और शंख ध्वनियाँ शुरू कर दी थीं लेकिन शाम पाँच बजते ही मानो पूरा भारत एक मंदिर में तब्दील हो गया। यह पल इतना भावुक कर देने वाला था कि जिन लोगों ने यह पल महसूस किया है वो शायद ही कभी इसे भूल पाएँगे।

शशि थरूर की इस तस्वीर में लोगों ने एक ख़ास बात पकड़ ली, जानिए क्या है वो बात

"मैं जनता कर्फ्यू के समर्थन में दिल्ली स्थित अपने आवास पर हूँ। इस बहाने आधे घंटे तक ट्रेडमिल पर पसीना बहाने का अवसर मिला। खुद को स्वस्थ रखकर और कभी न थकने वाले हमारे स्वास्थ्यकर्मियों का बोझ न बढ़ाकर हम उन्हें धन्यवाद दे सकते हैं!"

‘मौत के डर से मजहब छोड़ दोगे? हाथ और गले दोनों मिलाओ’ – Tik-Tok के खतरनाक वीडियो

"हाथ मिलाने से मोहब्बत बढ़ती है यार, इससे बीमारी नहीं फैलती।" - Video में इस सीन के बाद सभी हाथ मिलाकर गले से भी लिपटते हैं। मकसद साफ है - मजहब के नाम पर बीमारी से बचाव के उपायों का मखौल उड़ाया जा रहा है।

पाकिस्तान: एक आदमी कबूतर के विष्ठा से भगा रहा कोरोना, दूसरा बता रहा सपने में आया वायरस

"कोरोना वायरस का इलाज अल्लाह ताला ने दिमाग में डाल दिया है। ये इलाज एकदम परफेक्ट है। बस कबूतर के विष्ठा को पानी में मिलाकर तीन बार पीना है। चूँकि कबूतर अल्लाह-अल्लाह करता है इसलिए ये इलाज सही है।"

‘हम देखेंगे’ की जगह ‘गायंत्री मंत्र’ सुनकर बिलबिला उठे वामपंथी, NDTV ने तो डिलीट ही कर दिया वीडियो, लोगों ने लगाई लताड़

लिबरल-सेकुलरों ने तुरंत कहना शुरू किया कि इटली में लॉकडाउन था, गुरुग्राम में नहीं हैं। इसलिए लाउड स्पीकर लगाकर हिंदू मंत्रो का उच्चारण केवल एक स्टंट हैं। जबकि कुछ ने ये शिकायत की कि ये लोग सिर्फ़ हिंदू मंत्रों को लाउड स्पीकर पर बोलकर लोगों को तंग कर रहे हैं।

कोरोना से बचने के लिए अत्यधिक गोमूत्र पीकर बीमार हुए बाबा रामदेव? कट्टरपंथियों के दावे का फैक्ट-चेक

आध्यात्मिक नेता अक्सर फेक न्यूज के निशाने पर रहे हैं। इससे पहले, हाल ही में एक एक्टिविस्ट डॉक्टर ने किसी शख्स की गोपनीय मेडिकल रिपोर्ट को पोस्ट करते झूठा दावा किया था कि बाबा रामदेव का सहयोगी गाँजा पीता है।

टेलीग्राफ है? बकवास ही करेगा: हिन्दू-घृणा से बजबजाते अखबार ने दलितों को वायरस कहा

बंगाल से छपने वाला अखबार होने के बावजूद ममता के शासन में यह पेपर भाजपा कार्यकर्ताओं की हत्या, हर जिले में हो रहे मजहबी दंगों और तमाम अपराधों से जलते बंगाल पर चुप्पी साध लेता है। ऐसे तमाम मौकों पर इनकी बुद्धि घास चरने चली जाती है और बेहूदे हेडलाइन सुझाने वाले एडिटरों की रीढ़ की हड्डी गायब हो जाती है। इनका सारा ज्ञान हेडलाइन में अपनी जातिवादी घृणा, हिन्दुओं से धार्मिक घृणा आदि में ही बहता रहता है।

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