Homeसोशल ट्रेंडरामायण धारावाहिक की सफलता से बौखलाए वामपंथी व्हाट्सएप ग्रुप एडमिन ने किया खबर देने...

रामायण धारावाहिक की सफलता से बौखलाए वामपंथी व्हाट्सएप ग्रुप एडमिन ने किया खबर देने वाले मेम्बर को ग्रुप से बाहर

अनिल बिस्वाल ने लिखा है - "अगर आप यह कहते हैं कि रामायण सबसे ज्यादा देखा जाने वाला धारावाहिक बन गया है तो वामपंथी आपको साम्प्रदायिक कहकर आपको व्हाट्सएप ग्रुप से निकाल देते हैं।"

कोरोना वायरस की महामारी के दौरान देशभर में कुछ ऐसी घटनाएँ भी जारी हैं, जिनसे देश का वामपंथी समाज घर पर बैठे-बैठे आहत हो रहा है। वामपंथियों को सबसे ताजा दर्द दूरदर्शन पर फिरसे प्रसारित हो रहे रामायण धारावाहिक से हो रहा है। इस धारावाहिक ने एक बार फिरसे लोकप्रियता के नए मुकाम हासिल कर लिए हैं और इसी कारण सोशल मीडिया से लेकर व्हाट्सएप ग्रुप्स तक में कुछ लोग इसकी चर्चा से भी घबरा कर लोगों से ‘डिस्टेंस’ बना रहे हैं।

ऐसे ही एक घटना के शिकार अनिल बिस्वाल ने ट्विटर पर अपनी आपबीती बताते हुए लिखा है कि किस तरह से उन्हें व्हाट्सएप समूह से एक वामपंथी ने सिर्फ इसलिए बाहर कर दिया क्योंकि उन्होंने वहाँ रामायण धारावाहिक की सफलता की चर्चा की।

अनिल बिस्वाल ने लिखा है – “अगर आप यह कहते हैं कि रामायण सबसे ज्यादा देखा जाने वाला धारावाहिक बन गया है तो वामपंथी आपको साम्प्रदायिक कहकर आपको व्हाट्सएप ग्रुप से निकाल देते हैं।”

अपने ट्वीट में व्हाट्सएप समूह के एडमिन की जानकारी देते हुए उन्होंने लिखा है- “ओडिसा के भालाचंद्रन सारंगी जो कि एक कट्टर CPIM लीडर हैं, ने यह काम किया है। स्क्रीनशॉट संलग्न है।”

उल्लेखनीय है कि रामायण सीरियल पिछले पाँच सालों में यानी 2015 से लेकर अब तक जनरल एंटरटेनमेंट केटेगरी (जीईसी) में बेस्ट सीरियल बन गया है। इस बात की जानकारी प्रेस इन्फॉर्मेशन ब्‍यूरो ने ट्वीट कर दी है। BARC रेटिंग में रामायण के रिपीट शो ने बाजी मारी है। इसे 4 शोज में ही 170 मिलियन व्यूज यानी 17 करोड़ दर्शक मिले।

सोशल मीडिया पर भी एक वर्ग-विशेष द्वारा निरंतर रामायण धारावाहिक के प्रसारण पर आपत्ति जताते हुए देखा जा सकता है।

Join OpIndia's official WhatsApp channel

  सहयोग करें  

'द वायर' जैसे राष्ट्रवादी विचारधारा के विरोधी वेबसाइट्स को कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

कब्रें बेचीं, हिंदुओं की संपत्ति वक्फ की और डिलीट कर दीं फाइल्स: UP के शिया वक्फ बोर्ड में ₹1000 करोड़ के घोटाले का दावा,...

शिया वक्फ बोर्ड के पूर्व चेयरमैन के मुताबिक, पूरा घोटाला 1000 करोड रुपए का है। इसमें कुछ हिंदू और कथित बेनामी संपत्तियों को भी वक्फ संपत्ति के तौर पर दर्ज करने का मामला भी शामिल है।

जंतर-मंतर पर ‘बेटी चुप कराओ’, झारखंड में बेटियों का जिक्र तक नहीं: दो प्रदर्शनों में ‘द वायर’ का दो एजेंडा, केंद्र पर सवाल तो...

'द वायर' का एजेंडा साफ है। जंतर-मंतर प्रदर्शन में मोदी सरकार ने महिलाओं को टारेगट किया और झारखंड मसले पर अत्याचारों का जिक्र तक नहीं किया।
- विज्ञापन -