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इंजीनियरों को सैलरी के नाम पर ‘चूरन’, करोड़ों में CEO का पैकेज: जो IT कंपनी कुछ महीने पहले तक थी मीम मेटेरियल, वहाँ 13000 पुराने कर्मचारी वापस लौटे

कंपनी के सीईओ रवि कुमार कहते हैं, "हमारी आस-पास चर्चा बहुत अधिक है… आप लिंक्डइन ट्रैफिक भी देख सकते हैं जो कंपनी के बारे में बात कर रहे हैं। कंपनी का जादू वापस चल गया है। जो पहले कॉग्निजेंट में काम कर चुके हैं और अब वापस आना चाहते हैं, हम अगले साल से बड़े पैमाने पर कैंपस में भी जा रहे हैं।"

ज्यादा पुरानी बात नहीं है जब आईटी कंपनी कॉग्निजेंट (Cognizant) सोशल मीडिया में मीम मेटेरियल बनी हुई थी। कैंपस हायरिंग में इंजीनियरों को महज 2.5 लाख सालाना पैकेज ऑफर करने के बाद उस पर चुटकुले बन रहे थे। वहीं कंपनी के सीईओ करोड़ों का पैकेज ले रहे थे। लेकिन अब लगता है कि इस कंपनी के दिन बदल चुके हैं।

13000 पुराने कर्मचारियों ने पिछले कुछ महीनों में कॉग्निजेंट में वापसी की है। सीईओ रवि कुमार की प्रशंसा हो रही है। कंपनी में ग्रोथ देखने को मिल रही है। ऐसा लगता है कि चुनौतियों से पार पाकर वह स्थिरता की ओर लौट गई है। 3800 कर्मचारियों को तो कंपनी ने तीसरी तिमाही में ही जोड़ा है।

कंपनी के तीसरी तिमाही में बेहतर होते परिणामों को देख रवि कहते हैं, “हमारी आस-पास चर्चा बहुत अधिक है… आप लिंक्डइन ट्रैफिक भी देख सकते हैं जो कंपनी के बारे में बात कर रहे हैं। कंपनी का जादू वापस चल गया है। जो पहले कॉग्निजेंट में काम कर चुके हैं और अब वापस आना चाहते हैं, हम अगले साल से बड़े पैमाने पर कैंपस में भी जा रहे हैं।”

कंपनी के मुख्य वित्तीय अधिकारी जतिन दलाल ने कहा कि कंपनी अपनी भर्ती जारी रखने की योजना बना रही है। उन्होंने कहा, ‘अगर आप इस तिमाही में वॉल्यूम वृद्धि को देखें तो यह निरंतर वृद्धि में 3.5 फीसदी है। अगर हम हर तिमाही में रेवेन्यू में वृद्धि दर्ज कर रहे हैं तो हमें बाजार से शीर्ष प्रतिभाओं तक पहुंचने और उन्हें नियुक्त करने की आवश्यकता है।

गौरतलब है कि कंपनी आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस की मदद लेकर खुद को बेहतर बनाने में प्रयासरत है। जब कंपनी के सीईओ से पूछा गया कि एआई कैसे उनके बिजनेस प्रोसेस मैनेजमेंट परअसर डालता है तो उन्होंने बताया कि चूँकि एआई एक अनूठी प्रोद्योगिकी है इसलिए ये अलग-अलग सेगमेंट में कार्यों को प्रभावित करती है।

जानकारी के अनुसार कॉग्निजेंट में प्रतिवर्ष 2 मिलियन लाइन का कोड एआई एल्गोरिदम और प्लेटफॉर्म द्वारा लिखा जाता है। कुमार ने यह बताते हुए माना कि भविष्य एआई का असर कुछ नौकरियों पर पड़ सकता है, लेकिन उनके अनुसार इससे और अवसर पैदा होंगे क्योंकि हर प्रक्रिया में एआई एजेंट होंगे, और जब वे एजेंट मानवीय प्रयासों को स्वचालित करेंगे, तो नौकरियाँ पैदा होंगी।

बता दें कि कंपनी ने पिछले साल के अंत में AI और GenAI में बिलियन डॉलर से अधिक निवेश की घोषण की थी और उसके बाद पता चला था कि उनके पास 225 प्रोजेक्ट काम करने को थे। अब कंपनी ने तीसरी तिमाही में 5 बिलियन डॉलर का राजस्व दर्ज किया जो कि पिछले साल की तुलना में 3% ज्यादा है।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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