‘अंसार इंटेरिम’ नाम से बना संगठन, उमर नबी के गुर्गे आमिर-मुजम्मलि-मौलवी ने देशभर में धमाके की रची थी साजिश: दिल्ली ब्लास्ट केस में NIA का खुलासा

दिल्ली में लाल किला के पास ब्लास्ट मामले की जाँच में जम्मू-कश्मीर पुलिस द्वारा पकड़े गए ISIS से जुड़े मॉड्यूल की जाँच अब NIA कर रही है। जाँच में सामने आया है कि आरोपित 2016 से कट्टरपंथ की राह पर थे और उन्होंने ‘अंसार इंटेरिम’ नाम से अपना आतंकी संगठन बना लिया था।

बता दें कि 10 नवंबर 2025 को हुए इस धमाके में 13 लोगों की मौत हुई और दो दर्जन से ज्यादा घायल हुए। इस हमले का फिदायीन 28 साल का डॉक्टर उमर-उन-नबी था, जो पुलवामा का रहने वाला था। वह पहले भी आतंकी संगठनों से जुड़ने की कोशिश कर चुका था।

जाँच में पता चला कि अप्रैल 2022 में श्रीनगर के ईदगाह इलाके में कई लोग मिले और ‘अंसार इंटेरिम’ नाम का नया गैंग बनाया। आदिल राठौर को ‘आमिर’ नाम देकर गैंग का मुखिया बनाया गया। इसके अलावा गैंग में मौलवी इरफान डिप्टी बना और मुजम्मिल गनई फंड संभाल रहा था। हरियाणा के फरीदाबाद से केमिकल खरीदकर TATP जैसे खतरनाक विस्फोटक तैयार किए गए।

19 अक्टूबर को नौगाम में जैश-ए-मोहम्मद के पोस्टर मिलने के बाद जाँच तेज हुई। गिरफ्तारियों के बाद नेटवर्क का खुलासा हुआ। इस मॉड्यूल में डॉक्टर और मजहबी पदों पर बैठे लोग शामिल थे। NIA को शक है कि यह ‘व्हाइट कॉलर’ आतंकी नेटवर्क कई राज्यों में फैला था और आगे और खुलासे हो सकते हैं।