समुदाय के लोगों का आरोप है कि मस्जिद तोड़ने वाले अपराधियों के खिलाफ प्रशासन कोई कार्रवाई नहीं कर रहा। उल्टे उनके एक साथी को हिरासत में ले लिया। इस व्यक्ति ने मस्जिद तोड़े जाने की घटना की रिकॉर्डिंग कर ली थी।
बगदादी के बाद आतंकी संगठन इस्लामिक स्टेट की कमान अब्दुल्लाह कार्दश संभालने वाला था। लेकिन अमेरिकी फ़ौज की कार्रवाई में किए गए हमले के दौरान बगदादी के साथ वह भी मारा गया है।
राष्टपति कोविंद विज्ञान भवन में आयोजित एक अवॉर्ड समारोह में हिस्सा ले रहे थे। इस दौरान मंच के सामने एक महिला सुरक्षाकर्मी का पैर मुड़ने की वजह से संतुलन बिगड़ गया और वो नीचे गिर पड़ीं। जब ऐसा हुआ, तब राष्ट्रगान चल रहा था। जैसे ही राष्ट्रगान खत्म हुआ तो...
IS की कैद में रहने के दौरान मुलर ने अपने परिजनों ने एक पत्र भी लिखा था, जिसमें उन्होंने लिखा था, "मैं नहीं चाहती कि मुझे छुड़ाने के लिए आप लोग कोई समझौता करें।" म्यूलर ने लिखा था, "मैं जानती हूँ कि आप चाहेंगे की मैं स्ट्रॉन्ग बनू। मैं एकदम वही कर रही हूँ।"
इस विरोध प्रदर्शन के बहाने भारत और हिन्दुओं के प्रति नफरत फैलाने की इस हरकत के पीछे लंदन के कई पाकिस्तानी समर्थन वाले ग्रुप और जेकेेएलएफ यानि जम्मू कश्मीर लिबरेशन फ्रंट की युनाइटेड किंगडम वाली ब्रांच का हाथ है।
"आज मैंने खबर पढ़ी कि कोर्ट ने संघीय और प्रांतीय सरकारों से पूछा है कि क्या वे कल नवाज शरीफ की जिंदगी की गारंटी ले सकते हैं। मैं तो कल तक के लिए अपनी ही जिंदगी की गारंटी नहीं ले सकता, तो मैं किसी अन्य की जिंदगी की गारंटी कैसे दे सकता हूॅं?"
'बगदादी फुटबॉल के स्टार थे' से लेकर 'बगदादी अंतर्मुखी थे' तक, बीबीसी ने ISIS के सरगना को ऐसे सम्मान दिया, जैसे उसने उसकी रूह की शांति के लिए तर्पण की जिम्मेदारी ली हो। आतंकी बगदादी की मौत से शोकग्रस्त बीबीसी के प्रोपेगेंडा का काला चिट्ठा पढ़ें उसके ही शब्दों में।
पाकिस्तान ने एक बार फिर भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सऊदी अरब की यात्रा के लिए विमान को अपने हवाई क्षेत्र उपलब्ध कराने से इनकार कर दिया है। इस बार भारत ने अंतरराष्ट्रीय सिविल एविएशन ऑर्गनाइजेशन (ICAO) के समक्ष यह मुद्दा उठाया है।
"प्रिय मुख्यमंत्री सर, मैंने आपके लिए कान के स्पेशलिस्ट की अपॉइंटमेंट बुक की है। सर, हम दोनों भले ही अलग पार्टियों से हैं, लेकिन आप हमारे मुख्यमंत्री हैं, हमें आपकी फिक्र है। कृपा कल अस्पताल में जाइए और अपना चेकअप कराइए।"
"यदि बैरिकेड्स और अन्य व्यवधानों के साथ हमारे मार्ग पर बाधाएँ उत्पन्न करने का प्रयास किया गया, तो इससे टकराव की स्थिति पैदा हो सकती है। चाहे एक महीने के लिए ही राष्ट्रीय राजमार्गो को बंद क्यों ना कर दिया जाए, इससे कोई फ़र्क़ नहीं पड़ता, हम इस्लामाबाद जाएँगे।"