वीसी ने हिंसा के कारणों की पड़ताल करने और छात्रों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए उपाय सुझाने को लेकर समिति गठित की है। लेकिन, JNUTA ने इसमें शामिल सदस्यों की निष्पक्षता पर सवाल उठाए हैं। JNUTA वैचारिक रूप से JNUTF का विरोधी माना जाता है।
देश में बलात्कार की कुल 33,356 घटनाएँ दर्ज की गई। इनमें से करीब 16 फीसदी मध्य प्रदेश में हुई। राज्य में बलात्कार का शिकार होने वाली लड़कियों में 2,841 की उम्र 18 साल से कम थी।
जेएनयू छात्रों के एक धड़े के प्रदर्शन के दौरान एक हैरान करने वाला वाकया हुआ। एक प्रदर्शनकारी युवती ने विजय चौक पर आईपीएस अधिकारी इंगित प्रताप सिंह के अँगूठे पर दाँत से काट लिया। दॉंत काटने वाली युवती की पहचान नहीं हो पाई है।
ये JNUSU छात्र बिना किसी विरोध के उन मासूम आम छात्रों के साथ ये सब करने में कामयाब रहे, क्योंकि उस दौरान आसपास एक भी AVBP के छात्र नहीं थे। नकाबपोश चेहरे वाले वहाँ कई छात्र खड़े थे। हम में से कई लोग संदेह कर रहे थे कि उनमें से कुछ हमारे छात्र नहीं हो सकते हैं और कुछ जामिया मिलिया के हो सकते हैं।
सबा नकवी का कहना है कि लोगों को सुप्रीम कोर्ट से कोई उम्मीद रखनी चाहिए। यदि शीर्ष अदालत CAA के हक में फैसला सुनाती है तो भी इसके खिलाफ राजनीतिक और नैतिक लड़ाई जारी रखनी चाहिए।
बालिका गृह से गायब दाे किशोरियॉं आखिर कहॉं गईं? जिन दो बच्चियों की हत्या की बात उनके साथियों ने कही थी, उनके शव ब्रजेश ठाकुर एंड कंपनी ने कहॉं ठिकाने लगाया? दो बड़े सवाल जिनका सीबीआई नहीं दे पाई जवाब।
"यहाँ विचारधारा थोपने का काम होता है, हेल्दी डिबेट की कोई बात ही नहीं बची है। सभी को वामपंथी विचार को ही अपना विचार बनाने के लिए दबाव बनाया जाता है। आप उनसे अलग रहेंगे तो वामपंथी छात्र और यहाँ के कई वामपंथी प्रोफ़ेसर आपका यहाँ रहना मुश्किल कर देंगे।"
दर्दनाक दास्तानों की फेहरिस्त लंबी है। सिलसिला टूट नहीं रहा। इसलिए छपाक देखना या नहीं देखना आपकी मर्जी है। पर ऐसी घटनाओं से लड़ना समाज के तौर पर हमारे लिए मर्जी का सवाल नहीं। हमें लड़ना ही होगा।
दीपिका पादुकोण ने फ़िल्म में एसिड अटैक सर्वाइवर का महज़ किरदार निभाया जबकि रंगोली चंदेल पर हक़ीक़त में तेज़ाब से हमला हुआ था। उन्होंने वास्तव में उस दर्दनाक पीड़ा को सहा है। लेकिन वामपंथी गिरोह के अतुल खत्री को मतलब सिर्फ दक्षिणपंथी घृणा से है। तभी तो वो फिल्म को सराहते हैं जबकि चंदेल को चांडाल बोल कर...
पुलवामा के फिदायीन हमलावर आदिल डार ने अपने आखिरी वीडियो में कहा था, "गौमूत्र पीने वाले भद्दे लोग उनके आक्रमणों का सामना नहीं कर पाएँगे।" लेकिन गाय या गौमूत्र से घृणा करने वालों में लेटेस्ट नाम है महिला IPS अधिकारी - असलम खान का।