आरोपितों और तिवारी के बीच किसी मुस्लिम लड़की की हिन्दू लड़के से शादी की कोई बात चल रही थी। इसके बाद उन गुंडों ने नौकर सतेंद्र को 100 रुपए का नोट दिया और गोल्ड फ्लैक्स पाँच सिगरेट लाने को कहा। वो पैसे लेकर बगल की दुकान से सिगरेट लेने चला गया, शायद वो लोग मौक़ा ढूँढ़ रहे थे।
पूरी घटना में कहीं भी करवा चौथ का जिक्र न होने के बावजूद हेडलाइन में करवा चौथ लिखकर ये दिखाने का प्रयास किया गया कि जरूर किसी हिन्दू पति ने ही अपनी पत्नी के साथ ये घृणित अत्याचार किया होगा। जबकि सच्चाई ये है कि मोहम्मद शफीक की दो बीबियाँ थी, जिसके बीच लड़ाई हुई और इस बीच शफीक ने अपनी दूसरी बीबी मीना खातून की जीभ काट दी।
एडीजी ने बताया, "यह जोड़ी दूसरे देशों से अपने बैंक खातों में पैसा ट्रान्सफर करती थी और बाद में इसे वापस ले लेती थी। फ़हीम इस पैसे को आतंकी गतिविधियों के लिए दिल्ली ले गया था।"
केरल सरकार में तो ऐसे लोगों के 'कल्याण' के लिए पूरा एक विभाग है जिन्होंने हिंदू धर्म त्यागकर ईसाई पंथ अपनाया। सरकार ने हिन्दू से ईसाई बनने वाले लोगों लिए एक पूरी कंपनी खोल रखी है। हिन्दू धर्म छोड़ कर ईसाई बनने वालों के लिए विशेष तौर पर सुरक्षित किए गए इन पदों का वेतन ₹45,800 से ₹89000 तक है।
मुस्लिम पक्षकारों के वकील एजाज मकबूल ने अयोध्या मामले में मध्यस्थता पैनल द्वारा की गई रिपोर्ट की सिफारिशों को अस्वीकार करते हुए सुप्रीम कोर्ट में एक याचिका दायर की है।
हिन्दू महासभा के अध्यक्ष रहे कमलेश तिवारी को पैगंबर मोहम्मद के ख़िलाफ़ टिप्पणी करने के एक मामले में रासुका के तहत गिरफ़्तार कर जेल भेजा गया था। इसके बाद साल 2017 में उन्होंने विधानसभा चुनाव से पहले हिन्दू समाज पार्टी का गठन किया था।
जिन हिंदुओं ने भारत की ओर देखकर जीवन की आस लगाई, भाग कर आए और शरणार्थी बने, आज उन्हीं का भविष्य खतरे में है। एनजीटी ने दिल्ली में यमुना के किनारे बनी झुग्गियों और अर्ध स्थायी संरचनाओं पर कड़ी आपत्ति जताते हुए मामले में कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।
ED की चार्जशीट में उल्लेख किया गया है कि रतुल पुरी, जो मध्य प्रदेश के सीएम कमलनाथ के भांजे हैं, और उनके सहयोगियों ने लगभग 30 बैंकों और वित्तीय संस्थानों से व्यवसाय के लिए 8000 करोड़ रुपए की धनराशि ली और उनका दुरुपयोग किया।
“कॉन्ग्रेस ने गोमाता को वोट प्राप्ति का साधन बना लिया है। ये गोमाता की रक्षा की बजाय अपने हितों को साधने का काम कर रहे हैं। मैं आग्रह करता हूँ कि गोमाता पर ऐसे खेल बंद होना चाहिए। सरकार तत्काल गौशालाएँ खोलें, उसमें गायों को भेजें, ताकि ये अकाल मृत्यु का शिकार न हों।”