उनका यह बयान पूर्व प्रधानमंत्री डॉक्टर मनमोहन सिंह के बयान के परिपेक्ष्य में था जिन्होंने अपने कार्यकाल में देश की संपत्ति पर पहला हक़ मुस्लिमों का बताया था।
"आयुष्मान भारत विश्व की सबसे बड़ी हेल्थकेयर योजना। 14 एम्स पहली ही शुरू किए जा चुके हैं, 21 नए एम्स विकसित किए जा रहे हैं। ग़रीबों के 3000 करोड़ रूपए बचे।"
"पहले सिर्फ छोटे बिजनेसमैन पर कर्ज़ चुकाने का दबाव रहता था। अब बड़े कारोबारियों को भी कर्ज़ लौटाने की चिंता रहती है। तीन लाख करोड़ रुपए का कर्ज़ रिकवर हो चुका है।"
आवास और शहरी मामलों के मंत्रालय ने शहरी गरीबों के लाभ के लिए प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) के अंतर्गत 4,78,670 अन्य किफायती मकानों के निर्माण को मंजूरी प्रदान की है।