TMC नेता मदन मित्रा अपने गृहक्षेत्र भोवनीपुर में न केवल पूजा-पाठ करवाएँगे, बल्कि दुर्गा पूजा के दौरान देवी दुर्गा के साथ भगवान श्री राम और देवी सीता की मूर्ति भी स्थापित करवाएँगे। मित्रा का कहना है कि वो यह सब किसी राजनेता के तौर पर नहीं, बल्कि एक भारतीय नागरिक होने के नाते करवा रहे हैं।
सरकार घुसपैठियों को बाहर निकालने के लिए बहुआयामी तरीकों पर काम कर रही है। सीमा पर फेंसिंग कराने, फ्लड लाइट्स लगवाने, सीमा पर अच्छी सड़कें बनवाने और आउटपोस्ट्स स्थापित करने सम्बन्धी कई निर्णय लिए गए हैं।
पटना विशेष शाखा के एसपी ने बीते साल मई में सभी डीएसपी को पत्र भेज कर एक सप्ताह के भीतर संघ और उससे जुड़े संगठनों के पदाधिकारियों का ब्यौरा उपलब्ध कराने को कहा था। हालॉंकि सरकार के इस फैसले की वजह क्या थी यह अब तक स्पष्ट नहीं हो पाया है।
अंतरजातीय विवाह पर रोक का समर्थन करने वाली जेनीबेन ने पहली बार विवादित बयान नहीं दिया है। पिछले साल किसानों को संबोधित करते हुए उन्होंने उनकी दुर्दशा के लिए भाजपा नेताओं की हत्या की बात कही थी।
225 सदस्यीय विधानसभा में कॉन्ग्रेस के 79, जदएस के 37, बीजेपी के 105, दो निर्दलीय, एक बीएसपी का विधायक है। इनमें से कॉन्ग्रेस के 13 और जदएस के तीन विधायक इस्तीफा दे चुके हैं।
संजय राउत ने रिसर्चर्स के हवाले से कहा कि वो मुर्गियाँ सिर्फ़ आयुर्वेदिक अंडे ही देती हैं, जिन्हें केवल आयुर्वेदिक खाद्य पदार्थ खाने को दिए जाएँ। उन्होंने कहा कि लोग अपने शरीर में प्रोटीन की ज़रूरतों को पूरा करने के लिए उन आयुर्वेदिक अण्डों को खा सकते हैं।
कॉलेज का कहना है कि कारगिल युद्ध पर आधारित अच्छे लेखकों की पुस्तकें नहीं हैं, जिस कारण इससे जुड़े चैप्टर को हटाना पड़ा। भाजपा ने इसका कड़ा विरोध किया है। भाजपा का कहना है कि इस युद्ध के वक़्त अटल बिहारी वाजपेयी प्रधानमंत्री थे, इसलिए कॉन्ग्रेस इस युद्ध के बारे में छात्रों को शिक्षा नहीं देना चाहती है।
नीरज शेखर 2 बार लोकसभा के सदस्य रह चुके हैं। उन्होंने अपने पिता और पूर्व प्रधानमंत्री चंद्रशेखर के निधन के बाद 2007 में बलिया सीट से पहली बार जीत हासिल की थी और बाद में वो 2009 में फिर से सांसद निर्वाचित हुए थे। 2014 में हार का मुँह देखने के बाद समाजवादी पार्टी ने उन्हें राज्यसभा के लिए नामित किया।
"इस्तीफा और अयोग्यता दो अलग-अलग मसले हैं। स्पीकर पहले विधयकों के इस्तीफे स्वीकार कर लें, उसके बाद उनकी योग्यता के बारे में जो निर्णय लेना हो वह ले सकते हैं।"
“मुझे लगता है कि मुस्लिमों की आबादी के अनुपात के हिसाब से अल्पसंख्यक समुदाय को उचित प्रतिनिधित्व नहीं मिलता है। पार्टी की रणनीतिक समिति में सिर्फ एक ही व्यक्ति रहता है। मेरे जैसे व्यक्ति को भी कमिटी में होना चाहिए।”