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जागरुकता कार्यक्रम के पोस्टर में निर्भया गैंगरेप के दोषी की फोटो, मंत्री ने दिए जाँच के आदेश

दिल्ली हाईकोर्ट ने मुकेश समेत चार आरोपितों को फाँसी की सज़ा सुनाई थी। इसके बाद कोर्ट के फ़ैसले को चुनौती देते हुए मुकेश मे सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की थी, जिसे सुप्रीम कोर्ट ने ख़ारिज कर दिया था।

पंजाब चुनाव आयोग ने होशियारपुर ज़िले में अपने चुनाव जागरूकता अभियान में जिस पोस्टर का इस्तेमाल किया उससे अच्छा-ख़ासा बवाल मच गया है। दरअसल, विवाद इस पोस्टर लगी तस्वीर को लेकर है जिसमें तीन लोगों के साथ निर्भया सामूहिक बलात्कार के दोषी मुकेश सिंह की भी फोटो को जगह दी गई है।

निर्भया बलात्कार मामले में मुकेश ने ख़ुद को यह कहकर निर्दोष बताया था कि वारदात के समय वो बस चला रहा था। हालाँकि, दिल्ली हाईकोर्ट ने मुकेश समेत चार आरोपितों को फाँसी की सज़ा सुनाई थी। इसके बाद कोर्ट के फ़ैसले को चुनौती देते हुए मुकेश मे सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की थी, जिसे सुप्रीम कोर्ट ने ख़ारिज कर दिया था।      

वहीं, इस पोस्टर पर पंजाब के मंत्री का कहना है कि यह मामला ग़लत पहचान का है। श्याम अरोड़ा ने मीडिया से बातचीत करते हुए बताया कि इस मामले की जाँच कराई जाएगी। उन्होंने यह तर्क भी दिया कि जिस शख़्स की फोटो पर विवाद हो रहा है, उस पर भी संशय बना हुआ है कि वो उसी आरोपित की है भी कि नहीं! इस संदर्भ में जाँच करके पता लगाया जाएगा कि आख़िर ऐसा हुआ कैसे।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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