वरुण गाँधी ने जनता से नरेंद्र मोदी को दोबारा प्रधानमंत्री बनाने के लिए भाजपा को जिताने का संकल्प लेने की बात कही। इसके साथ ही उन्होंने मुस्लिम और एससी-एसटी मतदाताओं से भी भाजपा को वोट देने का आह्वान किया।
राहुल गाँधी ने जहाँ हर गरीब परिवार को ₹72,000 सालाना देने का वादा किया है, वहीं अगर चंद्रबाबू नायडू की पार्टी सत्ता में आती है, तो हर साल प्रत्येक परिवार को ₹2 लाख दिए जाएँगे। इसके साथ ही टीडीपी ने 12वीं पास कर चुके छात्रों को बेरोजगारी भत्ता देने की बात कही है।
इस साल उन्होंने अस्का और बेरहामपुर लोकसभा सीटों से अपना नामांकन दाखिल किया। एक प्रमाणित होमियोपैथ, श्री सुबुद्धि कहते हैं कि वह राज्य में तीन खाली राज्यसभा सीटों पर भी चुनाव लड़ेंगे, जिसके लिए चुनाव 11 जून को होंगे।
ख़ुद के साथ हुए इस अन्याय के ख़िलाफ़ विरोध प्रदर्शन के लिए सभी महिलाएँ एकजुट हुईं और अपनी आवाज़ बुलंद करने का निर्णय लिया। कार्ति के आगमन पर एक महिला ने पूछा कि जब वह वादा किए हुए ₹500 भी नहीं दे सकते, तो भला वो ₹6,000 कैसे देंगे।
चुनाव आयोग ने कॉन्ग्रेस के कैंपेन सॉन्ग के कुछ लाइनों को आपत्तिजनक बताते हुए उसमें बदलाव के लिए कहा था। इन लाइनों में मोदी सरकार द्वारा नफरत फैलाने और समुदायों को एक-दूसरे के खिलाफ भड़काने का आरोप लगाया गया था।
क्षेत्राधिकारी राम मोहन शर्मा ने बताया कि आईपीसी की विभिन्न धाराओं और आदर्श आचार संहिता के उल्लंघन में जमील और उनके बेटे नईम अहमद समेत 34 लोगों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया गया है। घटना के संबंध में अभी तक नौ लोगों की गिरफ्तारी हो चुकी है।
फ़िलहाल, फोटो जर्नलिस्ट आरएम माथुर ने पुलिस में शिक़ायत कर मामला दर्ज करा दिया है। उधर, पुलिस ने मामले का संज्ञान में लिया और विरुधुनगर के सरकारी अस्पताल में दौरा भी किया।
सेना में अपने 39 साल के करियर में सक्रिय कॉम्बैट लीडर के तौर पर कई भूमिकाएँ निभाने वाले जनरल चंद ने मोदी सरकार की तारीफ करते हुए कहा कि जितना भाजपा की सरकार ने सेना के लिए काम किया है उतना किसी और सरकार ने नहीं किया।
एक प्राइवेट मीडिया चैनल में जारी बहस के दौरान भाजपा और कॉन्ग्रेस दोनों पक्षों के बीच बहस शुरु हो गई और कॉन्ग्रेस प्रवक्ता आलोक शर्मा ने भाजपा प्रवक्ता केके शर्मा के ऊपर पानी फेंक दिया।
कुछ लोगों ने राहुल गाँधी के बयान पर आपत्ति जताते हुए कहा कि अभी-अभी हिन्दू बने राहुल गाँधी को अपनी धोती संभालनी ही सीखनी चाहिए, लोकतंत्र और प्यार मोहब्बत की बातें तो उसके बाद भी की जा सकती हैं।