तेलुगू अभिनेता बालाकृष्णा ने TDP कार्यकर्ता को खदेड़-खदेड़ कर पीटा, देखें Video

बालाकृष्णा द्वारा इस तरह टपोरियों जैसी हरकत करना उनके फैंस को पसंद नहीं आया। सोशल मीडिया पर लोगों ने कहा कि बालाकृष्णा भूल गए थे कि ये एक चुनावी रैली है, किसी फ़िल्म के एक्शन सीक्वेंस की शूटिंग नहीं।

तेलुगू सिनेमा के प्रसिद्द अभिनेता नंदमुरी बालाकृष्णा ने अपने ही समर्थक को खदेड़-खदेड़ कर मारा है। बता दें कि बालाकृष्णा अभी आंध्र के हिंदूपुर से विधायक हैं। हिंदूपुर आंध्र प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री व करिश्माई अभिनेता एनटीआर के परिवार की पारम्परिक सीट है। यहाँ से एनटीआर, उनके बेटे नंदामुरी हरिकृष्णा और अब नंदामुरी बालाकृष्णा जीत चुके हैं। वीडियो में साफ़-साफ़ देखा जा सकता है कि गुस्साए बालाकृष्णा ने तेलुगूदेशम पार्टी के कार्यकर्ता को खदेड़-खदेड़ कर पिटाई कर रहे हैं। बालाकृष्णा को तेलुगू सिनेमा का ‘सीरियल ऑफेंडर’ भी कहा जाता है क्योंकि वो सिर्फ़ फ़िल्म में ही नहीं बल्कि फ़िल्मों के सेट पर भी वास्तविकता में लोगों को पीट डालते हैं।

तेलुगू फ़िल्मों में गुंडों को उड़-उड़ कर मारने वाले बालाकृष्णा का एक वीडियो सोशल मीडिया पर ख़ूब वायरल हो रहा है। विजयनगरम के चीपुरुपल्ली शहर में बीच सड़क पर हज़ारों पार्टी कार्यकर्ताओं की मौजूदगी में बालाकृष्णा ने एक कार्यकर्ता को कॉलर पकड़ के धर लिया और फिर उसकी पिटाई की। बता दें कि बालाकृष्णा ख़ुद टीडीपी के ही विधायक हैं। उनके पिता एनटीआर द्वारा स्थापित पार्टी अभी आंध्र की सत्ताधारी पार्टी है और एनटीआर के दामाद चंद्रबाबू नायडू पार्टी के अध्यक्ष हैं। अभी हाल ही में आई सुपरहिट फ़िल्म और एनटीआर की बायोपिक में बालाकृष्णा अपने पिता के किरदार में दिखे थे।

बालाकृष्णा की 2017 में आई भारत के प्राचीन इतिहास पर आधारित फ़िल्म ‘गौतमीपुत्र शतकर्णी’ ने बॉक्स ऑफिस पर 80 करोड़ रुपए बटोरे थे। इस फ़िल्म के हिंदी डब्ड वर्जन को यूट्यूब पर एक करोड़ से भी अधिक लोग देख चुके हैं। ऐसे में, बालाकृष्णा द्वारा इस तरह टपोरियों जैसी हरकत करना उनके फैंस को पसंद नहीं आया। सोशल मीडिया पर लोगों ने कहा कि बालाकृष्णा भूल गए थे कि ये एक चुनावी रैली है, किसी फ़िल्म के एक्शन सीक्वेंस की शूटिंग नहीं।

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बालाकृष्णा ने टीडीपी कार्यकर्ता का फोन भी छीन कर फेंक दिया। अभी 10 दिन भी नहीं हुए जब उन्होंने एक और व्यक्ति की पिटाई की थी। वो अपनी फ़िल्म के सेट पर अपने सेक्रेटरी की भी पिटाई कर चुके हैं। फ़िल्मों में दमदार डायलॉग के लिए जाने जाने वाले बालाकृष्णा असल ज़िन्दगी में जल्दी अपना आपा खोने के लिए कुख्यात हैं। 2011 में आई एक फिल्म ‘राम राज्यम’ में वो भगवान राम का किरदार भी निभा चुके हैं। कुछ दिनों पहले उन्होंने एक पत्रकार को झापड़ मारा था।

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