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टिकट कैंसिलेशन से रेलवे ने कमाए ₹1,536 करोड़ से ज़्यादा: RTI से ख़ुलासा

आरटीआई कार्यकर्ता चंद्रशेखर गौड़ को रेल मंत्रालय के रेलवे सूचना प्रणाली केंद्र (सीआरआईएस) से अलग-अलग अर्जियों पर यह जानकारी मिली है। शुल्क काम करने पर अब तक रेलवे ने नहीं दिया जवाब।

क्या आप जानते हैं कि टिकट कैंसिलेशन से इंडियन रेलवे हर साल सैकड़ों करोड़ रुपए कमाता है? वित्त वर्ष 2018-19 में टिकट कैंसल किए जाने के बदले यात्रियों से वसूले गए प्रभार से रेलवे के खजाने में लगभग 1,536.85 करोड़ रुपए जमा हुए। यह खुलासा सूचना के अधिकार (RTI) के तहत हासिल जवाब से हुआ है।

ख़बर के अनुसार, मध्य प्रदेश के नीमच निवासी RTI कार्यकर्ता चंद्रशेखर गौड़ ने शुक्रवार (12 जुलाई) को बताया कि उन्हें रेल मंत्रालय के रेलवे सूचना प्रणाली केंद्र (CRIS) से अलग-अलग अर्जियों पर यह जानकारी मिली है। RTI आवेदन में पूछे गए सवालों के जवाब के अनुसार, रेलवे ने रिज़र्व टिकटों के कैंसिलेशन से 1,518.62 करोड़ रुपए कमाए हैं।

वहीं, अनारक्षित टिकटिंग प्रणाली (UTS) के तहत बुक यात्री टिकटों को रद्द कराए जाने से रेलवे ने 18.23 करोड़ रुपए का राजस्व अर्जित किया।

इसके अलावा RTI कार्यकर्ता गौड़ ने अपने आवेदन में यह भी पूछा था कि क्या टिकट कैंसल करने के बदले यात्रियों से वसूले जाने वाले शुल्क को घटाने के किसी प्रस्ताव पर विचार-विमर्श किया जा रहा है? उन्होंने बताया, “इस सवाल के जवाब का मुझे अब तक इंतज़ार है। रेल टिकट रद्द करने के बदले यात्रियों से वसूले जाने वाले शुल्क को व्यापक जनहित में जल्द घटाया जाना चाहिए।”

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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