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आतंकी को पनाह देने वाला अजमेर का तौसीफ चिश्ती गिरफ्तार, अब्बा हैं दरगाह के खादिम: कन्हैया लाल के हत्यारे के तार भी यहाँ से जुड़े थे

चरत सिंह की निशानदेही पर पाकिस्तान से मँगाए गए हथियार भी बड़ी संख्या में बरामद हुए थे। 9 मई को चलती कार से मोहाली में हमला किया गया था।

नूपुर शर्मा का समर्थन करने पर राजस्थान के उदयपुर में कन्हैया लाल तेली का गला रेत दिया गया था। इस मामले में हत्यारों के तार अजमेर स्थित ख्वाजा मोईनुद्दीन चिश्ती दरगाह से जुड़े थे। अब एक और आतंकवादी घटना के तार अजमेर से जुड़े हैं। पंजाब पुलिस की स्पेशल टीम ने शुक्रवार (21 अक्टूबर, 2022) को कार्रवाई करते हुए स्थानीय ‘अंजुमन कमिटी’ के जॉइंट सेक्रेटरी के बेटे तौसीफ चिश्ती को गिरफ्तार किया है।

उस पर आतंकवादी को पनाह देने के आरोप लगे हैं। ये मामला मोहाली के CID मुख्यालय पर गोलीबारी से जुड़ा हुआ है। हमलावरों को अजमेर में पनाह मिली थी। क्लॉक टॉवर थाना पुलिस की मदद से डिग्गी बाजार स्थित एक कैफे में तलाशी के बाद पंजाब पुलिस ने तौसीफ चिश्ती को गिरफ्तार करने में कामयाबी पाई। उसने 5 महीने पहले हुई घटना के हमलावर चरत सिंह को छिपाया था। उसने ही गिरफ़्तारी के बाद तौसीफ चिश्ती का नाम कबूला था।

पंजाब पुलिस तौसीफ चिश्ती को लेकर पंजाब गई है, जहाँ उससे पूछताछ की जा रही है। उसका अब्बा अजमेर दरगाह के खादिमों में से एक है। चरत सिंह को हाल ही में मुंबई से गिरफ्तार किया गया था। चिश्ती को अदालत में पेश करने के बाद पुलिस ने 5 दिन के रिमांड पर लिया है। चरत सिंह की निशानदेही पर पाकिस्तान से मँगाए गए हथियार भी बड़ी संख्या में बरामद हुए थे। 9 मई को चलती कार से मोहाली में हमला किया गया था।

इससे पहले पंजाबी सिंगर सिद्धू मूसेवाला की हत्‍या में आरोपित दीपक टीनू राजस्थान के अजमेर से ही दोबारा गिरफ्तार कर लिया गया था। दिल्ली पुलिस ने ये कार्रवाई की थी। वो मनसा से पुलिस की हिरासत से भाग निकला था। 1 अक्टूबर को सीआईए इंचार्ज टीनू को उसकी गर्लफ्रेंड से मिलाने के लिए सरकारी आवास पर लेकर गए थे। यहीं वह मौका देख फरार हो गया। पुलिस ने उसकी बहुत तलाश की। एयरपोर्ट पर आने-जाने वाले यात्रियों का पता लगवाया। लेकिन कुछ पता नहीं चला। राजस्थान में उसके छिपे होने की खबर आने पर पुलिस ने ये कार्रवाई की।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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