Thursday, January 28, 2021
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आफ़ताब दोस्तों के साथ सोने के लिए बनाता था दबाव, भगवान भी आलमारी में रखने पड़ते थे: प्रताड़ना से तंग आकर हिंदू महिला ने माँगा तलाक

19 अगस्त को पुलिस ने उनके घर पर छापेमारी के बाद उनके पति आफ़ताब को गिरफ्तार किया था। इसके बाद से जब से वह छूट कर आया तो हिन्दू महिला के साथ रोजाना मारपीट करने लगा। उसके ससुराल वाले भी उसे और उसके बच्चों को धमकी भी देने लगे। पीड़िता और बच्चों से कहा कि घर छोड़ कर निकल जाओ वरना सभी को हलाल करके लाश लापता कर देंगे।

बिहार के बेगूसराय में रहने वाली एक हिंदू महिला ने बजरंग दल से मदद की गुहार लगाई है। महिला का कहना है कि अब उसे अपने पति आफ़ताब आलम से डर लगने लगा है। उसका पति आफ़ताब उसको रोज शराब पीकर मारता था और उसे सड़क पर ही भद्दी-भद्दी गालियाँ देता था। इसके अलावा उसके अन्य महिलाओं से भी शारीरिक संबंध हैं। कुछ दिन पहले महिला ने अपनी जान को खतरा देखते हुए उससे अलग होने की ठानी लेकिन आफ़ताब उसे नर्क से मुक्ति देने को तैयार नहीं है। वह बार-बार डायवोर्स से मना कर देता है और घर आकर धमकी भी देता है।

अब पूजा नामक ( पीड़िता का बदला हुआ नाम) महिला ने बेगूसराय में बजरंग दल के प्रदेश सह संयोजक शुभम भारद्वाज से मदद माँगी है। उन्होंने बजरंग दल को लिखे पत्र में बताया है कि शादी से पहले उन्हें नहीं पता था कि उनके पति आफ़ताब को शराब की लत है, लेकिन धीरे-धीरे जब वह साथ रहने लगीं तो उन्हें यह सब पता चला। महिला ने बताया कि इसके बाद से उनका पति नशे में धुत होकर उन्हें मारता और गाली गलौच करता। पीड़िता ने बजरंग दल को ऐसे सबूत भी पेश किए हैं जिनमें आरोपित के संबंध दूसरी औरतों से साफ देखे जा सकते हैं।

बजरंग दल से महिला ने माँगी मदद

अपने ऊपर हो रहे अत्याचारों की बाबत हिंदू महिला ने 14 सितंबर 2020 को पुलिस में एफआईआर भी करवाई। अपनी एफआईआर में उन्होंने बताया कि साल 2006 में आफ़ताब ने उन्हें बहला-फुसला कर फँसाया था। इसके बाद उनका शारीरिक शोषण हुआ। हालाँकि तब उन्होंने आफ़ताब पर दबाव बनाकर 24 मार्च 2006 को कोर्ट मैरिज कर ली। इसके बाद उनकी दो बेटियाँ हुईं। आज उनमें एक की उम्र 8 साल है और दूसरी की 6 साल है।

महिला ने एफआईआर में बताया कि जब शादी के बाद वह अपने ससुराल गईं, तो वहाँ उनके साथ गाली गलौच हुई और उन्हें प्रताड़िता भी किया गया। काफी समय तक उन्होंने वहाँ गुजर बसर किया। फिर, साल 2008 में परेशान होकर दूसरे इलाके में किराए पर रहने लगी, लेकिन वहाँ भी आफ़ताब के घर वाले पहुँच जाते और बोलते कि हिंदू की औलाद हरामी होती है। 

पीड़िता ने शिकायत में कहा कि इसके बाद उनके पति में उग्रता आने लगी। धीरे-धीरे उनके साथ व उनके बच्चों के साथ जानवरों की तरह मारपीट भी आम हो गई। इस बीच आरोपित के नाजायज संबंध दूसरी महिलाओं से हो चुके थे। वे कहती हैं कि शुरुआत में तो आफ़ताब बाहर जाकर महिला से संबंध बनाता था, लेकिन कुछ समय बाद वह पड़ोस की महिला को रात में घर ही बुलाने लगा।

दूसरी महिला के साथ आफ़ताब की तस्वीर

जब उन्होंने ने इसकी शिकायत अपने ससुराल वालों से की तो सबने उन्हें जवाब दिया, “मर्द है मुँह मारेगा, तुम खाओ पड़ी रहो।” इसके बाद उनके ससुराल वालों ने महिला पर उन्हीं के इलाके में जमीन लेने का दबाव बनाया। बार-बार उन्हें सुनाया जाता रहा, “तुम्हारे बाप ने कुछ नहीं दिया कहो…. में जमीन बिक रही है, उसे खरीदने के लिए पैसा दें।”

एफआईआऱ

पीड़िता के पिता ने जब अपनी बेटी की हालत जानी, तो उन्होंने उसकी खुशी के लिए 1 5,00,000 रुपए आफ़ताब को दिया और जमीन खरीदी गई। आज पूजा उसी जमीन पर घर बनवाकर रहती हैं। मगर, उनकी शिकायत है कि उन्हें अब भी आफ़ताब और उसके घरवाले तंग करते हैं।

पूजा के अनुसार, उन्होंने काफी समय तक अपने बच्चों के लिए काफी कुछ झेला है। उनके पति आफ़ताब ने न केवल उनको प्रताड़ित करते हुए उन्हें मानसिक तौर पर परेशान किया बल्कि उनके घर को शराबखाने में बदल  दिया। साथ ही कई दोस्तों को घर पर लाने लगा। ये सब उनके सामने और उनके बच्चों के सामने अश्लील हरकत करते थे।

महिला का कहना है कि आफ़ताब के दोस्तों की बुरी निगाह से उन्होंने हमेशा अपनी दोनों बेटियों को बचाया। मगर, कई बार ऐसा भी वक्त आया जब आफ़ताब ने अपनी बीवी को ही अपने दोस्तों के साथ हमबिस्तर होने को बोल दिया।

जी हाँ। महिला अपनी एफआईआर में इस बात का जिक्र किया है। उन्होंने अपने बयान में लिखा, “कई बार मेरे पति आफ़ताब के द्वारा मुझपर अपने दोस्तों के साथ हमबिस्तर होने का दबाव बनाया गया लेकिन मैं अडिग रहीं। हर रोज मेरे साथ मारपीट हुई। मैं अपना नाम तक भूल गई थी। मेरा नाम तो हरामी और कुतिया पड़ गया था।”

दूसरी महिला के साथ आफ्ताब आलम

पूजा की मानें तो 19 अगस्त को पुलिस ने उनके घर पर छापेमारी के बाद उनके पति आफ़ताब को गिरफ्तार किया था। इसके बाद से जब से वह छूट कर आया तो महिला के साथ रोजाना मारपीट करने लगा। इस बीच उसके ससुराल वाले उसे और उसके बच्चों को धमकी भी देने लगे। उन्होंने पीड़िता और बच्चों से कहा कि घर छोड़ कर निकल जाओ वरना सभी को हलाल करके लाश लापता कर देंगे।

ऑपइंडिया से पीड़िता की बातचीत और आफ़ताब का सच

गौरतलब है कि पूजा का मामला जब ऑपइंडिया के संज्ञान में आया तो हमने उनकी आपबीती जानने के लिए उनसे संपर्क किया। पूजा ने हमसे बात करते हुए कई ऐसी बातें बताईं जिनका उल्लेख एफआईआर में बहुत हद तक सीमित नजर आता है मगर पीड़िता से पता चलता है कि साल 2006 से साल 2020 तक में उसने क्या-क्या झेला।

पीएम मोदी से घृणा के चलते आफ़ताब करता था पूजा को प्रताड़ित

पूजा के अनुसार, उसकी शादी 14 साल पहले हुई थी। उसके बाद से ही उसे प्रताड़ित किया जाने लगा। अभी जब एनआरसी और सीएए का मुद्दा उठा, तो उसे लेकर भी आफ़ताब ने पूजा को ही उलटा सीधा बोलना शुरू कर दिया।

पूजा के अनुसार, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के किसी भी फैसले पर आफ़ताब उसको उलटा- सीधा सुनाता था। राम मंदिर के फैसले पर भी उन्हें आहत करने का प्रयास आफ़ताब ने किया था। इतने के बावजूद उन्होंने कोशिश की कि रिश्ते को निभा लें मगर अभी हाल की घटना है कि उसने रोड पर ही शराब पीकर उन्हें ‘रं%’ कहना शुरू कर दिया। साथ ही पीड़िता के भूमिहार होने के कारण उस पर जातिसूचक टिप्पणी की।

महिला के मुताबिक वो बहुत बार डॉयवोर्स की बात कह चुकी है लेकिन आफ़ताब उसे छोड़ने को तैयार नहीं है और कहता है, “तुम कैसे ले लोगी डायवोर्स, हम नहीं देंगे।” पूजा बताती हैं कि आफ़ताब ने कई बार उन पर पिस्तौल तानी है। इसलिए अब उन्हें अपनी जान का खतरा सताता है। वह कहती हैं कि उन्हें अब किसी भी कीमत पर अपने पति के साथ नहीं रहना बस वह तलाक चाहती हैं।

पीड़िता बताती हैं कि जब पिछली बार आफ़ताब जेल से छूट कर आया तो उसने अपनी उनके ऊपर झूठा इल्जाम लगा दिया। जेल से छूटकर आफ़ताब ने पूजा से कहा, “तुमने सब करवाया है। तुम्हारी वजह से ही सब हुआ है। तुमको जान से मार देंगे।” तब जाकर पीड़िता ने कहा कि अब उसे और उसके बच्चों को आफ़ताब के साथ नहीं रहना है। उन्हें उससे डर लगने लगा है।

कोर्ट मैरिज से पहले आफ़ताब करता था शोषण

शादी से पहले की घटना साझा करते हुए हुए पूजा कहती हैं कि उनकी मर्जी के बिना भी उनसे संबंध बनाए गए। इसके लिए आफ़ताब पूजा को अपने दोस्त के घर भी लेकर गया। महिला कहती है कि इतना सब होने के बावजूद जब आफ़ताब ने शादी को लेकर टाल मटोल शुरू की, तो उन्होंने इसे लेकर उस पर दबाव बनाया। कोर्ट मैरिज के बाद आफ्ताब ने घर पर पीना शुरू कर दिया। बाद में बच्चियों को परेशान करने लगा। वह जानबूझकर पीने के बाद उनसे राजनीति और धर्म आदि पर बात करता था ताकि उन्हें परेशानी हो।

ईंट पत्थर, पिस्तौल सबसे किया गया पीड़िता पर हमला

अपनी हालिया एफआईआर के बारे में बताते हुए पूजा कहती हैं कि एक दिन जब सड़क पर पीने के बाद उसने बहुत हल्ला शुरू कर दिया, गाली देकर उन्हें मारनेलगा और घर से निकालने की धमकी देने लगा, तब पूजा ने बच्चों को घर में अंदर करके गेट किसी तरह बंद कर लिया। जिसके बाद वह ईंट पत्थर घर में फेंकने लगा, जब उनसे भी कुछ नहीं हुआ तो बालकनी में चढ़ने की कोशिश भी की।

पूजा को यही सब देखकर एहसास हुआ कि वह सच में उन्हें मार डालेगा। इसी को सोचते हुए उन्होंने इस पूरे केस पर कानूनी कार्रवाई के लिए आवाज उठाई। अब वह सोच चुकी हैं कि किसी कीमत पर आफ़ताब को दूसरा मौका नहीं देना है।

नाजायज संबंधों को बरकरार रखने के लिए पूजा को भेजा देहरादून, विरोध पर चप्पल से भी मारा गया

पूजा के अनुसार, जब उनकी छोटी बेटी हुई, तब भी उनके पति ने पड़ोस की महिला से संबंध बनाए हुए थे। जब महिला ने विरोध किया तो उसे कहा गया कि वह अपने मायके चली जाए सब ठीक हो जाएगा। महिला ने ऐसा करने से मना कर दिया। फिर उसने पूजा को व उसकी बेटियों को देहरादून भेज दिया। साथ ही खरीददारी के लिए 1 लाख रुपए तक दे दिए।

पूजा वहाँ जाकर कुछ दिन रही, जब मन नहीं माना तो उसने वापस लौटने की इच्छा जताई। इस पर उससे कहा गया, “उत्तराखंड में सुंदर-सुंदर लड़के होते हैं, तुम्हें कोई अच्छा नहीं लगा क्या?” इसके बाद आफ़ताब ने अपने कंपनी स्टाफ जिसके साथ पूजा को देहरादून भेजा था उससे कहा कि उसे दूसरे लड़कों से मिलवा दो।

पूजा बताती हैं कि घर लौटने के बाद उन्हें उसके अवैध संबंधों के बारे में कई बातें पता चलीं और उन्होंने उसका फोन चेक करना शुरू कर दिया। एक दिन ऐसे में जब नशे में धुत होकर उसने अपना फोन का लॉक खुला छोड़ा, तो गूगल ड्राइव में दूसरी महिलाओं के साथ आपत्तिजनक तस्वीरें उन्हें दिख गईं। जब महिला ने इनका विरोध किया और सवाल पूछे तो आफ़ताब ने अपनी गलती मानने की बजाय लड़की के भाई के सामने उसे चप्पल से मारा और घर से भागने को बोला। 

कुछ दिन बाद महिला उसे बिन बताए अपने घर चली गईं। लेकिन इसने दोबारा उन्हें वापस बुलवा लिया और घर लाकर फिर पीटा। महिला का कहना है कि कुछ दिन पहले आफ़ताब ने एक 16 साल की लड़की को फँसाने के लिए 1500 रुपए मदद के नाम पर भी भिजवाए थे ताकि वह उसके जाल में फँस जाए। मगर, लड़की के माँ-बाप ने इसे बहुत डाँटा और बात बहुत ज्यादा बढ़ गई।

पीड़िता के करीब आने की करता था कोशिश

पीड़िता के अनुसार, आरोपित पति उसे अक्सर कहता था कि तुम्हारा समय खत्म हो गया और फिर खुद ही आकर छूने लगता था। इसका वह विरोध भी करती थी, लेकिन आफ़ताब पास आता था, साथ ही ये भी कहता था, “ऐसा मत समझना तुम में कुछ खास बात हैं, मेरे पास बहुत हैं।”

पूजा की माँग बस यही है कि वो तलाक लेना चाहती है। इसके लिए वह वकील से बात भी कर रही है, लेकिन, आफ़ताब तलाक से मना कर रहा है और जोर देकर कहता है कि तलाक नहीं देगा। वहीं पीड़िता का कहना है कि वह किसी कीमत पर साथ नहीं रह सकती। इन सबसे बड़ी वाली बेटी पर असर पड़ रहा, वह डिप्रेशन में जा रही है।

अलमारी में छिपाकर रखने पड़ते थे भगवान

पूजा की मानें तो जब उसकी कोर्ट मैरिज हुई थी तब आफ़ताब ने उसे निकाह का जिक्र किया था। हालाँकि, तब महिला ने कह दिया कि बात सिर्फ़ कोर्ट मैरिज की हुई थी, इसलिए वह धर्म परिवर्तन नहीं करेगी। लेकिन बाद में धीरे-धीरे यह सारी बातें होनी शुरू हो गई। आफ़ताब ने घर में भगवान रखने से मना कर दिया मगर अपनी आस्था के चलते महिला अलमारी में भगवान को रख कर पूजा करती थी। वह कहती हैं कि अब अलग होने के बाद वह विचार कर रही हैं कि भगवान के लिए मंदिर बनवाएँ।

बजरंग दल से क्या सोचकर माँगी मदद?

बजरंग दल के प्रदेश सह संयोजक शुभम भारद्वारज से संपर्क करने की वजह पूछने पर उन्होंने कहा कि उन्हें यह पूरा मामला अपने हाथ से जाता दिख रहा था। वह लगातार गेट पर आता था, उनसे गाली गलौच करता था, उनकी जाति धर्म को उल्टा बोलता है। इसलिए किसी परिचित ने ही इस नारकीय जीवन से निकलने के लिए उन्हें शुभम से मदद लेने की सलाह दी। उसके बाद उन्होंने संपर्क किया और अब उन्हें विश्वास है कि उनकी मदद की जाएगी। बता दें, पूजा ने इस संबंध में महिला आयोग में अपनी शिकायत करवाई थी। उन्हें यह भी डर है कि उनके नाम से कई फेसबुक आईडी चलाई जा रही हैं।

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